ग्राहकों की चांदी! पुराना सोना बेचने पर मिलेगा 1% ज्यादा दाम; UP के सराफा कारोबारियों का बड़ा एलान
कानपुर के सराफा कारोबारियों ने पुराने सोने पर ग्राहकों को 1% अधिक भुगतान करने का ऐलान किया है। उन्होंने सरकार से पुराने जेवरात की बिक्री पर टैक्स छूट ...और पढ़ें

बैठक में उपस्थित राज्य कर विभाग अधिकारी और सराफा कारोबारी। विभाग
HighLights
पुराना सोना लेकर आने वाले ग्राहक को एक प्रतिशत ज्यादा भुगतान
बुलियन पर लगी है रोक तो जेवरात बिक्री पर छूट की मांग
यूपी उद्योग व्यापार मंडल को सराफा बाजार ने सौंपा मांग पत्र
जागरण संवाददाता, कानपुर। पुराना सोना लेकर नया जेवर खरीदने के लिए सराफा बाजार में आने वाले ग्राहकों को अब कारोबारी एक प्रतिशत ज्यादा मूल्य भुगतान करेंगे। यह एलान उत्तर प्रदेश सराफा कमेटी ने उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष मुकुंद मिश्र के साथ हुई बैठक में किया है। सराफा कारोबारियों ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को संबोधित छह सूत्री मांगपत्र भी उन्हें सौंपा है जिसमें पुराने जेवरात के कारोबार पर टैक्स छूट की मांग की गई है।
कानपुर उद्योग व्यापार मंडल का एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल शनिवार की शाम उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष मुकुंद मिश्र के नेतृत्व में कानपुर सराफा कमेटी के कार्यालय पहुंचा। कारोबारियों के साथ बैठक में प्रधानमंत्री की अपील और आयात शुल्क बढ़ाए जाने से उत्पन्न स्थितियों पर खुलकर चर्चा हुई।
कारोबारियों ने कहा कि देश हित में ठोस सोना यानी ''बुलियन'' (बिस्कुट और ईंट) की खरीद-बिक्री को पूरी तरह बंद करने को तैयार हैं लेकिन पुराने सोने के बदले बिकने वाले जेवरात की बिक्री को प्रतिबंधों और टैक्स से मुक्त किया जाए। ताकि बाजार चलता रहे। इस व्यवसाय से देश के लाखों परिवारों और कारीगरों की रोजी-रोटी जुड़ी है। अचानक कारोबार बंद होने से उनके सामने भुखमरी का संकट खड़ा हो जाएगा।
इस तरह उठा सकते फायदा
सराफा कमेटी ने कहा कि यदि नागरिक अपने घरों में रखा अनुपयोगी (निष्प्रयोज्य) सोना लेकर उनके प्रतिष्ठानों पर आते हैं, तो व्यापारी उस सोने के तत्कालीन बाजार मूल्य से एक प्रतिशत अधिक मूल्य देकर उसे खरीदेंगे। इससे जनता को लाभ होगा और बाजार में सोने का प्रवाह भी बना रहेगा।
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देश के साथ सराफा व्यापारी खड़ा है
मुकुंद मिश्र ने कहा कि भारतीय उद्योग व्यापार मंडल पूरी तरह से देश के सराफा व्यापारियों के साथ मजबूती से खड़ा है। छह सूत्री ज्ञापन को जल्द से जल्द प्रधानमंत्री तक पहुंचाया जाएगा और इसका सकारात्मक समाधान निकालने के लिए हरसंभव प्रयास किया जाएगा। बैठक में उत्तर प्रदेश सराफा कमेटी के मुख्य संरक्षक रामकिशोर मिश्रा, रामेश्वर गुप्ता ''''लाला भैया'''', सुनील बजाज, कृपाशंकर त्रिवेदी, सुरेश गुप्ता, महेंद्र गुप्ता, राजीव भाटिया, रवि गुप्ता, अरुण गोयल, ललित बोरा, विकास उमर, श्याम अग्रहरि, राजेश गुप्ता और संतोष शर्मा उपस्थित रहे।
प्रशासन की बैठक में भी ठोस सोना न बेचने पर सहमति, मांग पत्र भी सौंपा
सोने के आयात को कम करने के लिए शनिवार को जिला प्रशासन और सराफा कारोबारियों के बीच तय हुआ कि कारोबारी अपने प्रतिष्ठानों से ठोस सोने की बिक्री ग्राहकों को नहीं करेंगे। अपर जिलाधिकारी आलोक कुमार और राज्य कर (जोन प्रथम व द्वितीय) के अधिकारियों के साथ शनिवार को बुलियन व सराफा एसोसिएशन के पदाधिकारियों की बैठक हुई। जिसमें व्यापारियों ने प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री की अपील का समर्थन करते हुए आश्वासन दिया कि वे वर्तमान में ठोस सोना (बुलियन) की खरीद-बिक्री स्थगित रखेंगे और केवल जेवर बेचेंगे।
कारोबारियों ने कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए, जिसमें पुराने जेवरों की बिक्री पर कैपिटल गेन टैक्स माफ करने, ओल्ड गोल्ड से नई ज्वेलरी निर्माण के अंतर पर ही जीएसटी चार्ज करने और बुलियन के एचएसएन कोड को बी टू सी सप्लाई के लिए एक वर्ष तक रोकने की मांग शामिल है। बैठक में सराफा एसोसिएशन के दुर्गा प्रसाद केसरवानी, अशोक बाजपेई, अमित ओमर , ललित वर्मा और गनपत वर्मा , राज्य कर विभाग की ओर से प्रशांत कुमार , देवेंद्र सिंह, रमेश कुमार सिंह बैस, केके वर्मा शामिल रहे।
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