पश्चिमी यूपी को मिली नई रेल कनेक्टिविटी, गाजियाबाद से सीतापुर तक बिछेगा नया ट्रैक; हापुड़ को बड़ा फायदा
गाजियाबाद से सीतापुर तक 406 किमी लंबी नई रेल लाइन का फाइनल सर्वे जारी है, जिसकी अनुमानित लागत 14,926 करोड़ रुपये है। यह परियोजना हापुड़ से होकर गुजरेगी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में रेल कनेक्टिविटी को बढ़ावा देगी।

गाजियाबाद से सीतापुर तक बिछेगा नया रेलवे ट्रैक। फोटो: आर्काइव
HighLights
गाजियाबाद-सीतापुर 406 किमी नई रेल लाइन का प्रस्ताव
14,926 करोड़ रुपये की परियोजना का फाइनल सर्वे जारी
हापुड़ समेत पश्चिमी यूपी की कनेक्टिविटी बढ़ेगी
जागरण संवाददाता, हापुड़। जिले के लिए रेल कनेक्टिविटी के विस्तार की उम्मीदों को एक बार फिर पंख लगे हैं। गाजियाबाद से सीतापुर के बीच करीब 406 किलोमीटर लंबी नई रेल लाइन हापुड़ से होकर बिछाने की प्रस्तावित योजना अब सर्वे के चरण में पहुंच गई है।
करीब 14,926 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत वाली इस महत्वाकांक्षी परियोजना का फाइनल सर्वे कार्य प्रगति पर है। रेलवे की ओर से आरटीआइ के जवाब में दी गई जानकारी से पश्चिमी उत्तर प्रदेश, खासकर हापुड़ और आसपास के क्षेत्रों में नई रेल कनेक्टिविटी की उम्मीद जगी है।
फाइनल सर्वे में 406 किमी रेल लाइन की योजना
नई रेल लाइन की योजना आकार लेती है तो हापुड़ होकर गाजियाबाद से सीतापुर के बीच एक नया रेल गलियारा तैयार हो जाएगा। इसका असर केवल यात्रियों की सुविधा तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि व्यापार, उद्योग, रोजगार और माल परिवहन के लिहाज से भी क्षेत्र को नई गति मिलने की उम्मीद है।
हापुड़ की भौगोलिक स्थिति और प्रमुख रेल मार्गों से जुड़ाव को देखते हुए इस परियोजना को जिले के लिए कनेक्टिविटी के विस्तार की बड़ी संभावना के रूप में देखा जा रहा है।
आरटीआई के जवाब से सामने आई परियोजना की तस्वीर
हापुड़ के श्रीनगर निवासी सुमित अग्रवाल की ओर से मांगी गई सूचना के जवाब में उत्तर रेलवे मुरादाबाद के उप मुख्य अभियंता (निर्माण) कार्यालय ने परियोजना से जुड़ी जानकारी उपलब्ध कराई है।
10 अगस्त 2026 को जारी पत्र में प्रस्तावित रेल लाइन की लंबाई लगभग 406 किलोमीटर और अनुमानित लागत करीब 14,926 करोड़ रुपये बताई गई है। रेलवे के अनुसार इस समय फाइनल सर्वे का काम चल रहा है।
अभी निर्माण एजेंसी का चयन नहीं
परियोजना को लेकर अभी कई औपचारिक चरण बाकी हैं। आरटीआई के जवाब में रेलवे ने स्पष्ट किया है कि निर्माण कार्य कराने वाली कंपनी अथवा एजेंसी का चयन अभी अंतिम रूप से नहीं हुआ है।
ऐसे में फाइनल सर्वे पूरा होने और परियोजना के अगले चरणों की प्रक्रिया आगे बढ़ने के बाद ही निर्माण की तस्वीर पूरी तरह साफ होगी।
हापुड़ के लिए क्यों अहम है यह रेल कड़ी
नई रेल लाइन का प्रस्ताव हापुड़ के लिए इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि यह जिला पश्चिमी उत्तर प्रदेश के प्रमुख सड़क और रेल संपर्क क्षेत्रों में शामिल है।
नई रेल कड़ी बनने से नए गंतव्यों तक सीधी और बेहतर रेल पहुंच, यात्रियों के लिए अतिरिक्त विकल्प और व्यापारिक गतिविधियों के विस्तार की संभावनाएं बढ़ सकती हैं।
इसके साथ ही औद्योगिक और कृषि उत्पादों के परिवहन को भी बेहतर रेल नेटवर्क का लाभ मिलने की उम्मीद है।
परियोजना पर एक नजर
406 किमी — प्रस्तावित नई रेल लाइन की लंबाई
14,926 करोड़ रुपये — अनुमानित परियोजना लागत
गाजियाबाद से सीतापुर — प्रस्तावित रेल संपर्क
फाइनल सर्वे — वर्तमान में जारी
10 अगस्त 2026 — आरटीआई जवाब जारी होने की तारीख
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