जन्माष्टमी पर कैसा होना चाहिए लड्डूगोपाल का श्रृंगार?
जन्माष्टमी पर भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप लड्डू गोपाल का श्रृंगार विशेष प्रेम और श्रद्धा से किया जाता है। उन्हें ...और पढ़ें
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जन्माष्टमी पर ऐसे करें लड्डू गोपाल का मनमोहक श्रृंगार

समय कम है?
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धर्म डेस्क, नई दिल्ली। जन्माष्टमी का पर्व भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है। इस दिन घरों और मंदिरों में लड्डू गोपाल का विशेष श्रृंगार किया जाता है। भक्त घर में स्थापित भगवान कृष्ण के बाल स्वरूप लड्डू गोपाल को छोटे बच्चे के रूप में सजाते हैं और उन्हें नए वस्त्र, आभूषण, मुकुट, मोरपंख और बांसुरी अर्पित करते हैं। माना जाता है कि जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल का श्रृंगार प्रेम और श्रद्धा के साथ करना चाहिए। आइए जानते हैं कि जन्माष्टमी पर बाल गोपाल का श्रृंगार किस तरह किया जा सकता है।
पीले रंग की पोशाक पहनाएं
इस दिन श्रीकृष्ण को पीतांबर धारण किए हुए स्वरूप में पूजना शुभ होता है। हालांकि, यह जरूरी नहीं है कि आप श्री कृष्ण को पीले रंग की ही पोशाक पहनाएं, मगर पीला रंग श्रीकृष्ण को अतिप्रिय है। इसलिए जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल को पीले, सुनहरे या हल्के पीले रंग की सुंदर पोशाक पहनाई जा सकती है। आप के बाल गोपाल जैसे भी आकार के हों, आप उनके लिए वैसे वस्त्र चुन सकते हैं।
मुकुट में जरूर लगाएं मोरपंख
लड्डू गोपाल के श्रृंगार में मुकुट का खास महत्व माना जाता है। जन्माष्टमी के अवसर पर उन्हें मोती, कुंदन या फूलों से सजा छोटा मुकुट पहनाएं। मुकुट में मोरपंख जरूर लगाएं। भगवान श्रीकृष्ण के स्वरूप में मोरपंख का विशेष स्थान माना जाता है, इसलिए इससे उनका श्रृंगार पूर्ण और मनमोहक लगता है।
आभूषणों से सजाएं कान्हा
बाल गोपाल को छोटे और हल्के आभूषण पहनाए जा सकते हैं। उनके लिए हार, कुंडल, कंगन, बाजूबंद और कमरबंद जैसे आभूषण चुने जा सकते हैं। पैरों में छोटी पायल पहनाने से उनका बाल स्वरूप बेहद सुंदर लगता है। हालांकि आभूषण हमेशा लड्डू गोपाल के आकार और उनके ड्रेस के कलर के अनुसार ही चुनें, ताकि उन्हें पहनाने में किसी तरह की परेशानी न हो और वो दिखने में भी सुंदर नजर आएं ।
तुलसी या वैजयंती माला पहनाएं
श्रृंगार पूरा करते समय लड्डू गोपाल को तुलसी की माला पहनाना न भूलें । आप चाहें तो भगवान को वैजयंती माला भी अर्पित कर सकते हैं। भगवान श्रीकृष्ण की पूजा में तुलसी का विशेष महत्व है। इसलिए जन्माष्टमी के दिन उनकी पूजा और श्रृंगार में तुलसी दल या तुलसी की माला शामिल जरूर करें।
माथे पर लगाएं चंदन का तिलक
लड्डू गोपाल के माथे पर चंदन, अष्टगंध या केसर से तिलक लगाएं। तिलक लगाते समय श्रद्धा और भक्ति का भाव रखना सबसे महत्वपूर्ण है। इसके साथ ही आप उनके स्वरूप के अनुसार छोटा सा रोली या अक्षत भी लगा सकते हैं।
हाथ में सजाएं छोटी बांसुरी
भगवान श्रीकृष्ण की पहचान उनकी बांसुरी से भी होती है। इसलिए जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल के हाथ में छोटी और सुंदर बांसुरी सजाएं। बांसुरी को उनके हाथ या कमर के पास भी लगाया जा सकता है। इससे बाल गोपाल का कृष्ण स्वरूप और अधिक आकर्षक दिखाई देता है।
श्रृंगार के बाद लगाएं इत्र
लड्डू गोपाल का श्रृंगार पूरा करने के बाद हल्की सुगंध वाला इत्र अर्पित किया जा सकता है। ध्यान रखें कि इत्र बहुत तेज न हो और उसे सीधे भगवान की प्रतिमा पर अधिक मात्रा में न लगाएं। पूजा में इस्तेमाल होने वाली सामग्री शुद्ध और साफ होनी चाहिए।
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