इस्कॉन मंदिरों में कितने बजे होंगे दर्शन? सुबह से रात तक का देखें पूरा शेड्यूल
दिल्ली-NCR में जन्माष्टमी (Krishna Janmashtami) की तैयारियां की गई हैं, इस्कॉन मंदिरों में विशेष आयोजन किए जा रहे हैं। जानिए ...और पढ़ें

ईस्ट ऑफ कैलाश स्थित इस्कॉन मंदिर को भगवान श्रीकृष्ण के प्रिय मयूर (मोर पंख) थीम, फूलों और रंग-बिरंगी रोशनी से सजाया जा रहा है।
HighLights
दिल्ली इस्कॉन में मयूर थीम पर भव्य सजावट।
भगवान कृष्ण को 1008 प्रकार के व्यंजनों का भोग।
नोएडा इस्कॉन में 251+ पकवानों का महाभोग।
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। देशभर में जन्माष्टमी की तैयारियां तेज हो गई हैं। ऐसे में दिल्ली-एनसीआर में कृष्ण भक्त कहां पीछे रहने वाले हैं। हर वर्ष की तरह इस्कॉन के मंदिरों में कृष्णलला के प्राकट्य तिथि को धूमधाम से मनाने की तैयारी की गई है। यहां हम यही बताने जा रहे हैं कि एनसीआर के प्रमुख शहरों में कब, कैसे और किन जगहों पर जनमाष्टमी की क्या भव्य तैयारी की गई है।
इस्कॉन मंदिरों में भव्य तैयारियों का दौर शुरू
देशभर के साथ दिल्ली-एनसीआर में भी श्रीकृष्ण जन्माष्टमी को लेकर तैयारियां की गई हैं। ईस्ट ऑफ कैलाश और नोएडा स्थित इस्कॉन मंदिरों में कृष्णलला के जन्मोत्सव की विशेष रूप से भव्य व्यवस्था की गई है।
दिल्ली इस्कॉन: मयूर थीम और 1008 व्यंजनों का भोग
- खास सजावट: ईस्ट ऑफ कैलाश स्थित इस्कॉन मंदिर को भगवान श्रीकृष्ण के प्रिय मयूर (मोर पंख) थीम, फूलों और रंग-बिरंगी रोशनी से सजाया जा रहा है। भगवान के लिए विशेष वस्त्र और आभूषण वृंदावन से मंगवाए गए हैं।
- दर्शन व महाभिषेक: सुबह 4:00 बजे मंदिर के पट खुले और 7:30 बजे श्रृंगार दर्शन हुआ। रात 9:30 बजे महाभिषेक शुरू होगा।
- भोग व महाआरती: मध्यरात्रि 12:00 बजे भगवान को 1008 प्रकार के व्यंजनों का महाभोग लगाया गया, अब 12:30 बजे महाआरती और प्रसाद वितरण होगा।
- अन्य आयोजन: गोविंदपुरी एक्सटेंशन और मालवीय नगर के श्रीकृष्ण मंदिरों में भी भजन-कीर्तन, बच्चों के सांस्कृतिक कार्यक्रम और झांकियों का आयोजन होगा।

नोएडा इस्कॉन: 251+ व्यंजनों का भोग और विशेष कार्यक्रम
- मुख्य आयोजन: सेक्टर-33 स्थित इस्कॉन मंदिर में दर्शन सुबह 4:30 बजे से रात 12:00 बजे तक चलेंगे। इसके अलावा सेक्टर-149 स्थित गणेशावरम् होटल में भी विशेष अभिषेक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे।
- महाभोग: बाल गोपाल को देशी-विदेशी 251 से अधिक पकवानों का भोग लगाया जाएगा।
- प्रभुपाद जन्मोत्सव व राधाष्टमी: जन्माष्टमी के अगले दिन इस्कॉन के संस्थापकाचार्य श्रील प्रभुपाद जी का आविर्भाव महोत्सव मनाया जाएगा। वहीं 19 सितंबर को श्रीराधाष्टमी का विशेष आयोजन होगा।

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- मुख्य आयोजन: इस्कॉन मंदिर के अध्यक्ष रामभद्र दास, उपाध्यक्ष आराध्य गौर दास और आचार्य सुदर्शन महाराज ने बताया कि कार्यक्रम का शुभारंभ तड़के 4:30 बजे मंगल आरती के साथ हुआ।
- दिनभर के कार्यक्रम: मंगल आरती के बाद दिनभर विविध सांस्कृतिक और धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया जाएगा।
- महाअभिषेक व समापन: मध्यरात्रि 1:00 बजे भगवान श्रीकृष्ण का महाअभिषेक और महाआरती की जाएगी। इसके बाद कार्यक्रम का समापन होगा।
- सुरक्षा व यातायात व्यवस्था: श्रद्धालुओं की सुविधा और सुगम यातायात प्रबंधन के लिए नगर निगम और स्थानीय पुलिस के समन्वय से मंदिर परिसर व आसपास स्वयंसेवक तैनात रहेंगे।
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