पाकिस्तान क्रिकेट पर फिर मैच फिक्सिंग का साया, PCB ने जब्त किए कई खिलाड़ियों के मोबाइल
पीसीबी ने इंग्लैंड दौरे के दौरान अनुशासन तोड़ने की मीडिया अटकलों के बाद आंतरिक जांच शुरू की है, जिसमें पाकिस्तानी क्रिकेटरों के फिक्सिंग में शामिल होने का संदेह है।

पाकिस्तानी टीम पर फिर मंडराया संकट

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जागरण न्यूज नेटवर्क, नई दिल्लीः पाकिस्तान क्रिकेट में नए तरीके से पुरानी फिक्सिंग वाली कहानी फिर से दोहराई जाती दिख रही है। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने सोमवार को कहा कि इंग्लैंड के मौजूदा दौरे के दौरान अनुशासन तोड़ने की बढ़ती मीडिया अटकलों के बीच उसने एक आंतरिक जांच शुरू की है।
हालांकि, इस बयान में किसी घटना या व्यक्ति का जिक्र नहीं था लेकिन मीडिया रिपोर्ट्स बता रही हैं कि पाकिस्तानी क्रिकेटरों के फिक्सिंग में शामिल होने का संदेह जताया गया है।
अनुशासनात्मक जांच शुरू
पीसीबी के मीडिया निदेशक हामिद मीर ने कहा कि अनुशासन और व्यवहार से जुड़ी मीडिया रिपोर्टों के बाद पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने एक आंतरिक अनुशासनात्मक जांच शुरू की है, जिसकी अभी आंतरिक रूप से समीक्षा की जा रही है। पीसीबी ऐसे मामलों को अपनी मानक प्रक्रिया के अनुसार संभालता है। यह प्रक्रिया पीसीबी के नियमों के तहत की जा रही है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि सभी संबंधित व्यक्तियों पर उचित ध्यान दिया जाए।
मोबाइल फोन हुए जब्त
इस मामले में चल रहीं रिपोर्टों का दावा है कि पाकिस्तानी क्रिकेटरों के मोबाइल फोन जब्त कर लिए गए हैं। बताया जा रहा है कि खिलाड़ियों के जब्त फोन अंतिम टेस्ट के बाद ही उन्हें वापस मिलेंगे हालांकि इन रिपोर्टों में खिलाड़ियों के नाम नहीं बताए गए हैं। इससे पहले, लगातार दो टेस्ट मैचों में शर्मनाक हार के बाद पाकिस्तान ने चलते दौरे से सात खिलाड़ियों को बाहर कर दिया था और इनकी जगह भेजे गए खिलाड़ियों में पांच खिलाड़ी ऐसे थे जिन्होंने अभी तक सीनियर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेली ही नहीं है।
ये सारा विवाद उसी लॉर्ड्स स्टेडियम से शुरू हुआ जहां साल 2010 में पूर्व कप्तान सलमान बट, मोहम्मद आसिफ और मोहम्मद आमिर जैसे पाकिस्तानी खिलाड़ियों ने स्पॉट फिक्सिंग की थी। इस घटना ने पाकिस्तानी क्रिकेट को सालों पीछे धकेल दिया था और एक बार फिर से उसी मैदान पर हुए मैच ने इनकी चूलें हिला दी हैं।
