Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    वाराणसी में ट्रेनों को मिलेगी रफ्तार, नई रेल लाइन बिछाने पर रेलवे बोर्ड की सहमति

    Updated: Wed, 15 Jul 2026 07:22 AM (IST)

    रेलवे बोर्ड ने जिवनाथपुर और व्यास नगर रेलवे स्टेशन के बीच डेढ़ किमी नई रेल लाइन बिछाने को मंजूरी दे दी है। इससे ट्रेनों की गति बढ़ेगी और अधिक यात्री व ...और पढ़ें

    उत्तर मध्य रेल और नार्दन रेल के दो स्टेशनों को जोड़ेगा, मिलेगी ट्रेनों को नई रफ्तार। जागरण

    उत्तर मध्य रेल और नार्दन रेल के दो स्टेशनों को जोड़ेगा, मिलेगी ट्रेनों को नई रफ्तार। जागरण

    HighLights

    1. जिवनाथपुर-व्यास नगर के बीच नई रेल लाइन को मंजूरी।

    2. ट्रेनों की गति बढ़ेगी, भीड़भाड़ कम होगी।

    3. महानगरी, वंदे भारत जैसी ट्रेनों को लाभ।

    जागरण संवाददाता, वाराणसी। उत्तर मध्य रेल के जिवनाथपुर और नार्दन रेल के व्यास नगर रेलवे स्टेशन के बीच ट्रेनों की गति आने वाले दिनों में बढ़ेगी। रेलवे बोर्ड ने इसके लिए दोनों रेल जोन के बीच ड़ेढ़ किमी. का नया रेल ट्रैक बिछाने की याेजना पर सहमति जताते हुए फाइनल लोकेशन सर्वे के लिए की मंजूरी दे दी है। अभी एक ही रेल लाइन होने के कारण 10 किमी. का रेलवे ट्रैक अमूमन चोक रहता है।

    मुंबई की महत्वपूर्ण ट्रेन महानगरी और खुजराहो वंदे भारत एक्सप्रेस इसी रास्ते से गुजारी जाती हैं। रेलवे ट्रैक के दोहरीकरण से न सिर्फ ट्रेनों की रफ़्तार बढ़ जाएगी, बल्कि दूसरी यात्री ट्रेनें व मालगाड़ियों को भी इस रास्ते भेजे जाने का मार्ग प्रशस्त होगा।

    बंद होगा ब्लाक हट बी, व्यास नगर स्टेशन से होगा कंट्रोल
    रेल प्रशासन ने दो रेल जोन के बीच ट्रेनों का परिचालन मजबूत करने की जो रणनीति बनाई है, उस मुताबिक ब्लाक हट बी की जगह सीधा व्यास नगर रेलवे स्टेशन से ट्रेनों व मालगाड़ियों का परिचालन कंट्रोल होगा। ब्लाक हट बी से कंट्रोलिंग व्यवस्था हटेगी। फाइनल लोकेशन सर्वे में भी नई रेल लाइन को व्यासनगर से ही बिछाए जाने पर काम हो रहा है।हालांकि, अंतिम निर्णय रेलवे बोर्ड को ही लेना है।

    यह भी पढ़ें- गोरखपुर कैंट-उनौला रूट पर मेगा ब्लॉक: 16 से 21 जुलाई तक छपरा से गुजरने वाली कई ट्रेनें रद, कई के बदले रूट

    वर्तमान से इस तरह बेहतर हो जाएगी व्यवस्था
    वर्तमान में व्यासनगर और जिवनाथपुर रेलवे स्टेशन के बीच किसी स्टेशन से एक ट्रेन गुजरने पर 10 किमी. का रेल ट्रैक चोक हो जाता है।इसलिए कि पहले से चली ट्रेन के पार हो जाने पर ही दूसरी ट्रेन चलाई जाती है। इसलिए कि दोनों रेल जोन के बीच डेढ़ किमी. की सिंगल रेल लाइन से ही ट्रेनों को गुजरना होता है। दोहरीकरण होने पर से दोनों स्टेशनों से ट्रेनें चलाई जा सकेंगी। वहीं, पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर से मिर्जापुर जाने वाली ट्रेनें भी प्रभावित नहीं होंगी।

    मंजूरी के बाद फाइनल लोकेशन सर्वे शुरू किया गया है। अभी दोनों रेल जोन के बीच सिंगल लाइन होने से व्यास नगर और जिवनाथपुर के बीच ट्रेनों की रफ्तार धीमी रहती है। रेल लाइन का दोहरीकरण होने पर ट्रेनों की गति बढ़ने के साथ ही नई ट्रेनें भी इसी रास्ते रवाना की जा सकेंगी।

    -

    -वृजेश यादव, एडीआरएम।

    खबरें और भी