UP OTS Scheme: पश्चिमी यूपी का 'पावर हाउस' बना मुरादाबाद! बिजली बिल वसूली में मेरठ-गाजियाबाद को छोड़ा पीछे
पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड की ओटीएस योजना में मुरादाबाद जोन ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बिजली बिल वसूली में शीर्ष स्थान प्राप्त किया है। जो ...और पढ़ें

प्रतीकात्मक चित्र
HighLights
1,35,843 उपभोक्ताओं ने योजना के तहत पंजीकरण कराकर 122.34 करोड़ का किया बिल जमा
जागरण संवाददाता, मुरादाबाद। पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड की एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जोनों का प्रदर्शन सामने आ गया है। इस योजना के तहत बकाया बिजली बिल जमा कराने में मुरादाबाद जोन पूरे वेस्ट यूपी में पहले स्थान पर रहा है। मुरादाबाद जोन से सबसे अधिक 122.34 करोड़ रुपये की वसूली दर्ज की गई है।
विद्युत विभाग की ओटीएस योजना बकायेदार उपभोक्ताओं को बड़ी राहत दी है। योजना के तहत सरचार्ज में छूट देकर बकाया बिजली बिल जमा कराने का अवसर दिया गया है। इससे जहां उपभोक्ताओं को राहत मिली है, वहीं बिजली निगम के राजस्व में भी उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुल 11 जोनों से अब तक 669.30 करोड़ रुपये की वसूली दर्ज की गई है।
पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम: ओटीएस योजना रिपोर्ट
| ज़ोन (Zone) | पंजीकरण (Registrations) | वसूली (Recovery in ₹ Crore) | रैंक (Rank) |
| मुरादाबाद (Moradabad) | 1,35,843 | 122.34 | 1 |
| सहारनपुर (Saharanpur) | 82,949 | 120.25 | 2 |
| गजरौला (Gajraula) | 1,11,319 | 107.72 | 3 |
| मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar) | 74,986 | 90.23 | 4 |
| बुलंदशहर (Bulandshahr) | 88,543 | 89.86 | 5 |
| मेरठ ज़ोन-2 (Meerut-2) | 56,852 | 58.79 | 6 |
| नोएडा (Noida) | 20,667 | 46.41 | 7 |
| गाजियाबाद ज़ोन-2 (Gzb-2) | 21,464 | 27.57 | 8 |
| मेरठ ज़ोन-1 (Meerut-1) | 3,833 | 3.82 | 9 |
| गाजियाबाद ज़ोन-1 (Gzb-1) | 1,574 | 1.37 | 10 |
| गाजियाबाद ज़ोन-3 (Gzb-3) | 1,325 | 0.94 | 11 |
इसमें मुरादाबाद जोन ने सबसे आगे रहते हुए 122.34 करोड़ रुपये जमा कर प्रथम स्थान प्राप्त किया। दूसरे स्थान पर सहारनपुर जोन रहा, जहां से 120.25 करोड़ रुपये की वसूली हुई। वहीं गजरौला जोन ने 107.72 करोड़ रुपये की वसूली कर तीसरा स्थान हासिल किया। इसके अलावा मुजफ्फरनगर जोन ने 90.23 करोड़ रुपये जमा कर चौथा स्थान प्राप्त किया।
बुलंदशहर जोन 89.86 करोड़ रुपये की वसूली के साथ पांचवें स्थान पर रहा। मेरठ जोन-2 ने 58.79 करोड़ रुपये की वसूली कर छठा स्थान प्राप्त किया, जबकि नोएडा जोन 46.41 करोड़ रुपये की वसूली के साथ सातवें स्थान पर रहा। वहीं गाजियाबाद जोन-2 ने 27.57 करोड़ रुपये की वसूली कर आठवां स्थान प्राप्त किया।
मेरठ जोन-एक को मात्र 3.82 करोड़ रुपये की वसूली के साथ नौवें स्थान पर संतोष करना पड़ा। गाजियाबाद जोन-एक से 1.37 करोड़ रुपये की वसूली दर्ज की गई। सबसे कमजोर प्रदर्शन गाजियाबाद जोन-तीन का रहा, जहां से मात्र 94 लाख रुपये जमा हो सके। अधिकारियों का कहना है कि ओटीएस योजना के प्रति उपभोक्ताओं की रुचि बढ़ी है और अंतिम चरण में वसूली के आंकड़े और बढ़ने की संभावना है।
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इस बार मुरादाबाद जोन में ओटीएस योजना के तहत अच्छा काम हुआ है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मुरादाबाद जोन में बकाया बिजली बिल सबसे अधिक जमा हुआ है।
- अशोक चौरसिया, मुख्य अभियंता मुरादाबाद
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