सावन का तीसरा सोमवार और नाग पंचमी: यूपी में बम-बम लहरी की गूंज, हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा; PHOTOS
सावन के तीसरे सोमवार और नाग पंचमी के दुर्लभ संयोग पर यूपी के शिवालयों में भक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा। ...और पढ़ें

सावन का सोमवार।
HighLights
सावन के तीसरे सोमवार, नाग पंचमी का दुर्लभ संयोग
यूपी के शिवालयों में भक्तों का भारी सैलाब
अयोध्या में नागेश्वरनाथ मंदिर में जलाभिषेक, जयकारों से गूंजी
डिजिटल डेस्क, लखनऊ। सावन के तीसरे सोमवार को नाग पंचमी के दुर्लभ संयोग के बीच यूपी का कोना-कोना शिवभक्ति में रमा-रचा नजर आ रहा है। आगरा से लेकर अयोध्या, काशी-प्रयागराज और बनारस सभी स्थानों के शिवालयों में भगवान भोले की आराधना की जा रही है। श्री काशी विश्वनाथ मंदिर का मंगल आरती के बाद पट खुलते ही बाबा विश्वनाथ के दर्शन और जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं का तांता लग गया। वहीं आगरा के कैलाश महादेव मंदिर में रात तीन बजे से शिव का अभिषेक होने के बाद दर्शन शुरू हो गए। रामनगरी भी शिव की आराधना में डूबी है। देखिए यूपी के प्रमुख शिव मंदिरों से जुड़ी आस्था की अद्भुत तस्वीरें...
तेज बरसात के बावजूद श्रद्धालुओं की आस्था नहीं डिगी और भीगते हुए बड़ी संख्या में भक्त जलाभिषेक के लिए नागेश्वरनाथ मंदिर पहुंचे।

सावन के तीसरे सोमवार और नाग पंचमी के पर्व पर सोमवार को रामनगरी शिवमय हो उठी। तड़के से ही शिवालयों में श्रद्धालुओं का ज्वार उमड़ पड़ा। जय श्रीराम संग हर-हर महादेव और बम-बम भोले के जयकारों से रामनगरी गूंजती रही।

श्रद्धालुओं ने सबसे पहले पुण्य सलिला सरयू में आस्था की डुबकी लगाई। स्नान के बाद भक्त प्राचीन नागेश्वरनाथ मंदिर पहुंचे और भगवान शिव का जलाभिषेक कर पूजा-अर्चना की।

मान्यता है कि भगवान श्रीराम के पुत्र कुश ने नागेश्वरनाथ मंदिर की स्थापना की थी। पर्व के चलते मंदिर में सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतार लगी रहीं। भीड़ को देखते हुए श्रद्धालुओं को चरणबद्ध तरीके से मंदिर में प्रवेश दिया गया। नागेश्वरनाथ के बाद श्रद्धालुओ का प्रवाह हनुमागढ़ी व राम मंदिर की ओर उन्मुख हुआ।

सावन के तीसरे सोमवार पर कई शहरों में बारिश होने से मौसम सुहाना हो गया।
-1786940244347.webp)
नाग पंचमी का संयोग पड़ने से लोगों ने महादेव मंदिर के बाहर नाग देवता की पूजा की।

रामनगरी के साथ ही गोंडा, बहराइच, बस्ती, सुलतानपुर समेत आसपास के जिलों और देश के विभिन्न हिस्सों से श्रद्धालु अयोध्या पहुंचे।

मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में पुलिस बल की तैनाती के साथ बैरिकेडिंग और निगरानी की विशेष व्यवस्था की गई। यातायात को सुचारु रखने के लिए भी व्यापक इंतजाम किए गए।

श्रद्धालुओं ने भगवान शिव का जलाभिषेक कर सुख-समृद्धि, अच्छे स्वास्थ्य की कामना की। नाग पंचमी और सावन का सोमवार एक साथ पड़ने से सुबह से भक्ति और आस्था का माहौल बना है।

सावन माह के तीसरे सोमवार को बाबा श्री औघड़नाथ मंदिर में जलाभिषेक करने के लिए बड़ी संख्या में शिव भक्त पहुंचे।
यह भी पढ़ें- सावन के तीसरे सोमवार और नाग पंचमी के दुर्लभ संयोग से शिवमय हुआ 'काशी', बाबा धाम में भक्तों का सैलाब
सावन के तीसरे सोमवार को भोले पर आस्था भारी, बारिश में भी लोधेश्वर में उमड़ा जनसैलाब

बाराबंकी सावन के तीसरे सोमवार को सुबह से हो रही झमाझम बारिश के बावजूद श्रद्धालुओं की आस्था में कोई कमी नहीं दिखी। उत्तर भारत के प्रमुख शिव तीर्थों में शामिल लोधेश्वर महादेव धाम में रात से ही कावड़ियों का तांता लगा हुआ है। बड़ी संख्या में कांवरिया रात में ही पहुंचकर जलाभिषेक कर रहे हैं।
सुबह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रतिनिधि के रूप में राज्य मंत्री खाद एवं रसद सतीश चंद्र शर्मा ने हेलीकॉप्टर से कावड़ियों पर फूल बरसाकर उनका स्वागत किया। मंत्री ने लोधेश्वर महादेव के साथ कल्याणी नदी के तट पर स्थित रामसनेहीघाट के ताशीपुर गांव में बुढ़वा बाबा शिव मंदिर और गोमती नदी के तट पर स्थित औसानेश्वर महादेव मंदिर पर आए श्रद्धालुओं पर भी पुष्प वर्षा की।

भगवान शिव के मंदिर में जलाभिषेक करते भक्त।
हर-हर महादेव की गूंज
रामपुर: सावन के तीसरे सोमवार पर मंदिरों में श्रद्धालुओं और कांवड़ियों ने हर-हर महादेव के जयघोष के बीच जलाभिषेक किया। गांव से लेकर शहर तक शिवालयों में जलाभिषेक के लिए सुबह से ही भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी। जलाभिषेक के बाद स्वजन की सुख- समृद्धि की कामना की। सुबह चार बजे से ही शिव मंदिरों में शिवभक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी। ब्रह्म मुहूर्त से ही शिवालयों में शिव भक्तों की कतारें लगनी शुरू हो गईं। श्रद्धालुओं और कांवड़ियों ने हर- हर महादेव के जयघोष के बीच जलाभिषेक कर परिजनों की सुख समृद्धि की कामना की।

कांवड़ और डाक कांवड़ लेकर पहुंचे शिवभक्त।
संभल में सावन के तीसरे सोमवार को शिवालयों में उमड़ा आस्था का सैलाब
संभल। सावन के तीसरे सोमवार को सुबह से ही जिलेभर के शिवालय हर-हर महादेव और बम-बम भोले के जयघोष से गूंजते रहे। मंदिरों में जलाभिषेक के लिए श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। कांवड़ और डाक कांवड़ लेकर पहुंचे शिवभक्तों को जलाभिषेक में प्राथमिकता दी जा रही है। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव को गंगाजल अर्पित कर बेलपत्र, भांग, धतूरा, पुष्प और मिठाई चढ़ाई तथा सुख-शांति और समृद्धि की मनौती मांगी।
