लखनऊ को मिलेगी नई सौगात, गोमती रिवर फ्रंट पर बनेगी 700 मीटर लंबी 'नेचर ट्रेल'; अक्टूबर से चलेगा टूरिस्ट क्रूज
लखनऊ विकास प्राधिकरण गोमती रिवर फ्रंट पर 700 मीटर लंबी नेचर ट्रेल विकसित कर रहा है, जो जंगल वॉक का अनुभव देगी। इसके साथ ही नदी में दो टूरिस्ट क्रूज और बच्चों के लिए आधुनिक झूले भी लगाए जा रहे हैं।

इस फोटो को AI के माध्यम से तैयार किया गया है।
HighLights
गोमती रिवर फ्रंट पर 700 मीटर लंबी नेचर ट्रेल।
नदी में दो आलीशान टूरिस्ट क्रूज का संचालन होगा।
बच्चों के लिए आधुनिक झूले, सेल्फी प्वाइंट भी बनेंगे।
जागरण संवाददाता, लखनऊ। एलडीए गोमती रिवर फ्रंट पर लक्ष्मण मेला मैदान के पास 700 मीटर लंबी नेचर ट्रेल विकसित करेगा। यह योजना न सिर्फ लोगों को जंगल वाक का अनुभव कराएगी, बल्कि उन्हें सीधे तौर से प्रकृति के नजदीक लाने में मददगार होगी। लखनऊ विकास प्राधिकरण ने पांच करोड़ रुपये की लागत से योजना का कार्य शुरू करा दिया है।
एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने पिछले दिनों स्थल निरीक्षण करके निर्देश दिया कि नेचर ट्रेल में आने वाले लोगों को घने वन के बीच से होकर गुजरने का अनुभव मिल सके। नेचर ट्रेल में बड़े पेड़ों के आसपास बांस के झुरमुट विकसित होंगे। लैंड स्केपिंग के कार्य के साथ-साथ जिग-जैग स्लोप बनाए जाएंगे। जिससे यहां घूमने वाले लोगों को भ्रमण के दौरान जंगल वाक का आनंद मिलेगा।
उपाध्यक्ष ने निर्देश दिया कि कुछ जगहों पर सेल्फी व स्टैंडिंग प्वाइंट विकसित किए जाएं, जहां लोग खड़े होकर प्राकृतिक नजारे का लुत्फ उठा सकें। गोमती नदी जल्द ही पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र होगी। इसकी वजह नदी पर चलने वाले दो आलीशान टूरिस्ट क्रूज होंगे। उपाध्यक्ष ने बताया कि एक क्रूज एडीसीपी आफिस से गोमती बैराज के मध्य संचालित होगा।
संचालित करने के निर्देश
60 मीटर लंबे और 14 मीटर चैड़े इस क्रूज पर एक साथ 250 लोग सफर कर सकेंगे। इसका कार्य 50 प्रतिशत तक पूरा हो गया है, जिसे दिसंबर तक पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं, दूसरा क्रूज गोमती बैराज से हनुमान सेतु के मध्य संचालित होगा। 45 मीटर लंबे व 10 मीटर चैड़े इस क्रूज में एक बार में 200 लोग सफर कर सकेंगे। इसे अक्टूबर तक पूर्ण कराकर संचालित करने के निर्देश दिए गए हैं।
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गोमती रिवर फ्रंट पर एडीसीपी कार्यालय के पास दो करोड़ रुपये की लागत से लैंडस्केप, पाथ-वे, इंट्री गेट, टायलेट व रेलिंग आदि का कार्य कराया जा रहा। उपाध्यक्ष ने स्थल निरीक्षण करके कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिया है। इसके अलावा रिवर फ्रंट पर लगभग 86 लाख रुपये की लागत से बच्चों के लिए आधुनिक झूले लगवाए जा रहे इन झूलों को संचालित करने से पहले सेफ्टी टेस्ट कराने का आदेश दिया है।

