कुशीनगर में नारायणी का जल स्तर घटा, खतरा अब भी बरकरार
नारायणी नदी के जलग्रहण क्षेत्रों में वर्षा कम होने से डिस्चार्ज घटा है, लेकिन कुशीनगर में नदी का जलस्तर अभी भी चेतावनी बिंदु से ऊपर है। प्रशासन पूरी त ...और पढ़ें

चेतावनी बिंदु से 66 सेमी ऊपर बह रही नदी, अलर्ट मोड में है प्रशासन। जागरण
HighLights
नारायणी नदी का डिस्चार्ज वाल्मीकिनगर बैराज से कम हुआ।
जलस्तर चेतावनी बिंदु से ऊपर, प्रशासन पूरी तरह सतर्क।
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में बचाव व राहत की तैयारी।
जागरण संवाददाता, कुशीनगर। नेपाल के जलग्रहण क्षेत्रों में वर्षा की स्थिति सामान्य होने के बाद मंगलवार शाम करीब सात बजे से वाल्मीकिनगर बैराज से छोड़े जा रहे पानी के डिस्चार्ज में कमी आने लगी है। इसके बावजूद नारायणी नदी का जलस्तर अभी भी चेतावनी बिंदु से ऊपर बना हुआ है, जिसके चलते खतरा अब भी बरकरार है। इसको लेकर प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है।
बुधवार को नदी का जलस्तर चेतावनी बिंदु से 66 सेंटीमीटर ऊपर दर्ज किया गया। हालांकि नदी अभी खतरे के निशान से 34 सेंटीमीटर नीचे बह रही है। विभाग लगातार नदी के जलस्तर और तटबंधों की निगरानी कर रहा है। छितौनी तटबंध के संवेदनशील स्थलों पर विभागीय अधिकारी और कर्मचारी 24 घंटे निगरानी में लगे हुए हैं। संभावित कटान वाले स्थानों पर विशेष नजर रखी जा रही है। बाढ़ चौकियों को भी सक्रिय रखा गया है।
खड्डा, छितौनी, तमकुहीराज के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सतर्कता बढ़ा दी गई है। बाढ़ आश्रय स्थल, राहत सामग्री, नाव, चिकित्सा टीम और अन्य आवश्यक संसाधनों को तैयार रखा गया है। प्रशासनिक अधिकारी कह रहे हैं कि, किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी संबंधित विभाग तैयार हैं। नदी किनारे रहने वाले लोगों से अपील की है कि, वे नदी के तेज बहाव वाले क्षेत्रों में जाने से बचें, बच्चों को नदी के पास न जाने दें।
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आज नदी का डिस्चार्ज
बुधवार की सुबह छह बजे डिस्चार्ज 194800 क्यूसेक, आठ बजे डिस्चार्ज 191200 क्यूसेक, दस बजे डिस्चार्ज 175000 क्यूसेक, दोपहर 12 बजे डिस्चार्ज 183900 क्यूसेक, दो बजे डिस्चार्ज 178000 क्यूसेक, चार बजे डिस्चार्ज 173800 क्यूसेक दर्ज किया गया।
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इस दौरान भैंसहा गेज पर शाम तीन बजे जलस्तर 95.66 मीटर दर्ज किया गया जो चेतावनी बिंदु से 66 सेमी ऊपर है।जल संसाधन विभाग के अनुसार नदी की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।