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NSG कमांडो रहे मेजर प्रभाकर देव सिंह लौटे गांव, गोंडा स्टेशन पर हुआ स्वागत

Published: Sun, 06 Sep 2026 06:25 PM (IST)

मेजर प्रभाकर देव सिंह जिन्होंने 12 साल तक एनएसजी कमांडो के रूप में देश सेवा की, सेवानिवृत्ति के बाद गोंडा लौटे। गोंडा रेलवे स्टेशन पर उनका भव्य स्वागत किया गया।

एनएसजी कमांडो रहे मेजर प्रभाकर देव सिंह लौटे गांव।

एनएसजी कमांडो रहे मेजर प्रभाकर देव सिंह लौटे गांव।

HighLights

  1. मेजर प्रभाकर देव सिंह 12 साल बाद एनएसजी कमांडो से रिटायर हुए।

  2. गोंडा रेलवे स्टेशन पर उनका भव्य स्वागत किया गया।

  3. विधायक प्रतीक भूषण सिंह ने मेजर का सम्मान किया।

संवाद सूत्र, बाबागंज (गोंडा)। भारतीय थल सेना में 12 वर्ष तक एनएसजी कमांडो के रूप में सेवा देने के बाद रिटायर हुए मेजर प्रभाकर देव सिंह रविवार को जब लौट तो गोंडा रेलवे स्टेशन पर उनका स्वागत करने के लिए हुजूम उमड़ पड़ा। हाथों में फूल-मालाएं लिए लोगों ने देशभक्ति के गीतों के बीच उनका स्वागत किया। इस दौरान रिटायर्ड सेना के जवान भी मौजूद रहे>

पंड़रीकृपाल ब्लाक के ग्राम विशुनपुर बैरिया निवासी मेजर प्रभाकर देव सिंह ने सेना में सेवा के दौरान भारत-चीन सीमा पर तैनाती के साथ आतंकियों के खिलाफ कई अहम ऑपरेशन में हिस्सा लिया। उनकी सेवा के लिए उन्हें सेना मेडल से भी सम्मानित किया जा चुका है।

वह ‘ऑपरेशन सिंदूर’ में भी शामिल रहे। उनके सम्मान में कार्यक्रम ‘द वारियर सैनिक परिवार गोंडा’ की ओर से आयोजित किया गया था। सेवानिवृत्त मेजर के ट्रेन से उतरते ही गोंड सदर विधायक प्रतीक भूषण सिंह ने उन्हें को गोद में उठा लिया और देश सेवा की सराहना करते हुए बधाई दी। स्टेशन पर स्वागत के बाद सेवानिवृत्त मेजर खुली जीप में सवार हुए।

इसके बाद करीब 10 किलोमीटर लंबा रोड शो निकाला गया। रोड शो के जरिए वह अपने पैतृक गांव धानेपुर पहुंचे। गांव में भी लोगों ने उनका भव्य स्वागत किया और देश सेवा के लिए उनके योगदान की सराहना की। सेवानिवृत्त मेजर ने श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ ट्रस्ट के सीईओ जितेंद्र मिश्र की तैनाती को लेकर विपक्ष की ओर से उठाए जा रहे सवालों पर भी प्रतिक्रिया दी।

उन्होंने कहा कि जितेंद्र मिश्र को जो जिम्मेदारी मिली है, उसे वह पूरी क्षमता से निभाएंगे। सेना के जवानों के साथ आम जनता को भी उनके नेतृत्व और कार्यक्षमता पर भरोसा है। विधायक ने कहा कि आजकल लोग नेताओं से ज्यादा सेना के जवानों के आने पर खुश होते हैं और ऐसा होना भी चाहिए।

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