आगरा नगर परिक्रमा: 43 KM नंगे पैर चलकर चारों शिवालयों का आशीर्वाद लेंगे शिवभक्त, मिलेगी अमरनाथ जैसी सेवा
आगरा में श्रावण मास के दूसरे रविवार से 43 किमी की ऐतिहासिक नगर परिक्रमा शुरू होगी, जिसमें लाखों शिवभक्त नंगे पैर चारों प्राचीन शिवालयों के दर्शन करेंग ...और पढ़ें

फाइल फोटो।
HighLights
43 किमी नंगे पैर नगर परिक्रमा, लाखों शिवभक्तों का उत्साह
अमरनाथ यात्रा जैसी सेवा, भंडारे व चिकित्सा शिविर उपलब्ध
चार प्राचीन शिवालयों के दर्शन, सुख-समृद्धि हेतु परिक्रमा
जागरण संवाददाता, आगरा। श्रावण मास के दूसरे रविवार की शाम से शहर की सड़कों पर शिवभक्ति के विभिन्न रंग में बरसेंगे। महादेव और बम-बम भोले के जयघोष के बीच लाखों शिवभक्त नंगे पैर करीब 43 किमी लंबी ऐतिहासिक नगर परिक्रमा पर निकलेंगे। शहर की चारों सीमाओं पर विराजमान चारों प्राचीन शिवालयों के दर्शन और परिक्रमा के साथ इस बार श्रद्धालुओं को अमरनाथ यात्रा जैसी सेवा और समर्पण का अनूठा अनुभव प्राप्त होगा। परिक्रमा मार्ग पर जगह-जगह सेवा शिविर और भंडारे सज गए हैं। शनिवार से ही पंडाल लगाने का क्रम आरंभ हो गया।
43 किमी नंगे पैर चलकर चारों शिवालयों का लेंगे आशीर्वाद
इस वर्ष परिक्रमार्थियों की सेवा में लगे रहे भंडारों में श्रद्धालुओं के लिए भोजन और नाश्ते के साथ विभिन्न प्रकार के मिष्ठान और पकवानों की व्यवस्था की जा रही है। परिक्रमार्थियों को कहीं पूड़ी-सब्जी, कचौड़ी और पकौड़े मिलेंगे तो कहीं बड़ापाव, पोहा, जलेबी, छोले-चावल, राजमा-चावल और ढोकला परोसा जाएगा। कुल्फी, आइसक्रीम, ठंडाई, दूध, शर्बत और नींबू पानी के साथ चाय-काफी की भी व्यवस्था होगी। कई स्थानों पर चिकित्सा शिविर और प्राथमिक उपचार केंद्र बनाए जा रहे हैं।
सेवा शिविरों में पैरों की मसाज, विश्राम और बैठने व लेटने की व्यवस्था होगी। उमस और गर्मी से राहत के लिए कुछ स्थानों पर बड़े पंखों से केवड़ा जल का छिड़काव किया जाएगा। यह सारी तैयारियां परिक्रमा मार्ग को अमरनाथ यात्रा जैसी सेवा भावना से सराबोर कर रही हैं।
शहर कोतवालों के दर्शन को उमड़ेगा आस्था का ज्वार
मान्यता है कि शहर की चारों दिशाओं में स्थित राजेश्वर महादेव, बल्केश्वरनाथ महादेव, कैलाशनाथ महादेव और पृथ्वीनाथ महादेव आगरा के कोतवाल हैं। इन चारों शिवालयों की परिक्रमा करने से नगर पर आने वाली विपत्तियां टलती हैं और सुख-समृद्धि बनी रहती है। इसी आस्था के साथ शिवभक्त पूरी रात नंगे पैर इन चारों शिवालयों की परिक्रमा करेंगे।
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परिक्रमा के दौरान रावतपाड़ा स्थित श्रीमन:कामेश्वर महादेव, कलेक्ट्रेट स्थित रावली और सिकंदरा स्थित वनखंडी महादेव समेत अन्य शिवालयों में भी परिक्रमार्थी दर्शन-पूजन करेंगे। सोमवार को बल्केश्वरनाथ महादेव मंदिर पर लगने वाले विशाल मेले के साथ परिक्रमा का समापन होगा।
सोमवार को बल्केश्वरनाथ मंदिर पर लगेगा मेला
श्रावण मास के दूसरे सोमवार पर बल्केश्वर स्थित बल्केश्वर नाथ महादेव मंदिर पर भव्य मेला लगेगा। इससे पूर्व नगर परिक्रमा आरंभ होने के साथ ही रविवार शाम से परिक्रमार्थियों और श्रद्धालुओं का मंदिर पहुंचना आरंभ हो जाएगा। बल्केश्वर महादेव मंदिर के प्रमुख सेवक अर्चित पंड्या ने बताया कि नगर परिक्रमा को लेकर मंदिर में विशेष व्यवस्थाएं की जा रही हैं। रविवार शाम से मंदिर के पट परिक्रमार्थियों और श्रद्धालुओं के लिए खोल दिया जाएगा। सोमवार को मेले के दौरान पूरे दिन भी मंदिर के पट खुले रहेंगे।
पुष्पवर्षा से स्वागत करेगा नगर निगम
नगर निगम इस वर्ष परिक्रमार्थियों का स्वागत पुष्पवर्षा से करेगा। नगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य ने परिक्रमा मार्ग पर विशेष व्यवस्थाएं करने के निर्देश दिए हैं। परिक्रमा शुरू होने से पूर्व ही मार्ग पर विशेष सफाई कराई जा रही है। शीतल पेयजल, मोबाइल शौचालय, अस्थायी पंडाल समेत अन्य नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। मंदिरों के आसपास घाटों पर सुरक्षा के लिए बैरीकेडिंग की जा रही है। सफाई टीमें पूरी रात सक्रिय रहेंगी।
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परिक्रमार्थियों के पैरों में चुभेंगे शूल
- नगर परिक्रमा रविवार शाम पांच बजे से आरंभ हो जाएगी और सोमवार दोपहर तक परिक्रमार्थियों को 43 किमी लंबा मार्ग करीब 20 से 22 घंटे में पूरा करना होगा।
- परिक्रमा मार्ग श्रद्धालुओं की कठिन परीक्षा लेगा।
- सबसे अधिक समस्या श्रद्धालुओं को एमजी रोड पर होगा क्योंकि यहां मेट्रो का निर्माण कार्य चल रहा है
- इस कारण सबसे अधिक समस्या यहीं है
- मॉल रोड पर तो सड़क की स्थिति फिर भी ठीक है लेकिन प्रतापपुरा चौराहा से लेकर कलेक्ट्रेट तक का मार्ग परिक्रमार्थियों की सबसे अधिक परीक्षा लेगा
- यहां सड़क की गिट्टियां निकल रही हैं, मार्ग में गड्ढे है और यह ऊबड-खाबड़ है
- शाहगंज में भोगीपुरा से होकर और रामनगर पुलिया से लेकर अलबतिया होकर पृथ्वीनाथ मंदिर तक का मार्ग भी खराब है
- वनखंडी महादेव तक जाने वाला मार्ग कच्चा ही है, अन्य मार्गों में भी जगह-जगह समस्या है।
यह है परिक्रमा रूट
राजपुर चुंगी से फूल सैयद, माल रोड होते हुए डाकघर चौराहा से प्रतापपुरा, साई का तकिया, रावली महादेव मंदिर, कलक्ट्रेट, शाहगंज, रूई की मंडी, भोगीपुरा, पृथ्वीनाथ मंदिर, अलबतिया, रामनगर पुलिया, बोदला, सिकंदरा तिराहा, वनखंडी महादेव, बल्केश्वर महादेव मंदिर, वाटर वर्क्स चौराहा, यमुना किनारा होते हुए हाथीघाट से रावतपाड़ा स्थित श्रीमन:कामेश्वर महादेव मंदिर, दरेसी, जामा मस्जिद होते हुए मंटोला, सदर भट्टी, से रावली महादेव।