पीएम मोदी की 'भविष्यवाणी' सच हुई, आठ जिलों में नहीं खुला TMC का खाता; भजपा के किस 'प्लान' ने किया यह कमाल?
PM Modi's Prediction True: प्रधानमंत्री मोदी का बंगाल में 'परिवर्तन' का दावा हकीकत में बदल गया है। 4 मई के नतीजों में भाजपा की ऐसी आंधी चली कि प्रदेश ...और पढ़ें

भाजपा की आंधी में उखड़ गए तृणमूल के पैर! 8 जिलों में जीरो पर सिमटी 'दीदी', मोदी का मैजिक फिर चला। जागरण ग्राफिक्स
HighLights
पीएम मोदी की भविष्यवाणी बंगाल चुनाव में हुई सच।
आठ जिलों में तृणमूल कांग्रेस का खाता नहीं खुला।
पूर्व मेदिनीपुर, उत्तर बंगाल में भाजपा ने किया कमाल।
राजीव कुमार झा, कोलकाता। बंगाल विधानसभा चुनाव में भाजपा की प्रचंड जीत के साथ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का वह दावा भी सच साबित हुआ, जिसमें अपनी चुनावी रैलियों में उन्होंने दावा किया था कि इस बार कई जिलों में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस का खाता तक नहीं खुलेगा।
सोमवार को आए चुनावी नतीजों के अनुसार, भाजपा की आंधी में बंगाल के आठ जिलों में इस बार तृणमूल शून्य हो गई है, जहां सत्तारूढ़ दल का खाता तक नहीं खुला। लगातार 15 साल से राज्य की सत्ता पर काबिज रही तृणमूल का आठ जिलों में खाता तक नहीं खुलना चौकाने वाले हैं।

इसमें भाजपा के सबसे मजबूत गढ़ माने जाने वाले उत्तर बंगाल के ही पांच जिले- जलपाईगुड़ी, दार्जिलिंग, अलीपुरद्वार, कलिम्पोंग व कूचबिहार शामिल हैं, जहां तृणमूल खाता तक नहीं खोल पाई है। इसके अलावा दक्षिण बंगाल के एक जिले पूर्व मेदिनीपुर और जंगलमंहल के दो जिले झाड़ग्राम और पुरुलिया शामिल हैं, जहां तृणमूल शून्य हो गई है।
इसमें पूर्व मेदिनीपुर विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु का गृह जिला व उनका गढ़ है। अधिकारी परिवार के गढ़ पूर्व मेदिनीपुर की 16 की 16 विधानसभा सीटों पर भाजपा ने शानदार जीत दर्ज की है। इसमें नंदीग्राम सीट भी शामिल हैं, जहां से सुवेंदु ने फिर जीत दर्ज की है। इसी तरह पुरुलिया की नौ की नौ और झाडग़्राम की चारों सीटों पर भाजपा ने बंपर जीत दर्ज की है।
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किन पांच जिलों में नहीं खुला TMC का खाता?
अपने मजबूत गढ़ उत्तर बंगाल में भाजपा ने दार्जिलिंग की पांचों सीटों, जलपाईगुड़ी की सात की सात, अलीपुरद्वार की पांच की पांच, कूचबिहार की नौ की नौ और कलिम्पोंग की एकमात्र सीट पर शानदार जीत दर्ज कर उन जिलों में तृणमूल को शून्य कर दिया है।
अपनी चुनावी रैलियों में पीएम मोदी ने कहा था-
बंगाल में इस बार टीएमसी के खिलाफ इतना गुस्सा है कि कईं जिलों में सत्तारूढ़ दल का खाता तक नहीं खुलेगा। तृणमूल की घुसपैठियों को समर्थन देने की नीति को खत्म करना जरूरी है, क्योंकि यह हमारी भूमि के लिए खतरा पैदा करती है। टीएमसी की हर दुकान को बंद करेंगे। 15 साल पहले वाममोर्चा के विरुद्ध जनता ने बिगुल फूंका था। आज टीएमसी के जंगलराज के विरुद्ध जनता हर गली मोहल्ले में शंख फूंक रही है। ये चुनाव न मोदी लड़ रहा है और न ही मेरे साथी। चुनाव जनता जनार्दन लड़ रही है। चुनावी नतीजे ने इसे सच साबित किया।
इसी तरह 23 अप्रैल को काकद्वीप की जनसभा में मोदी ने कहा था कि चार मई को बंगाल में केवल परिणाम नहीं, परिवर्तन आएगा, यह भविष्यवाणी भी सच साबित हुई।
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