ग्वालियर में मीटर चेक करने पहुंचे बिजली कर्मचारी को बंधक बनाकर कुत्तों से कटवाया, बंदूक दिखाकर धमकाया; 17 जगह जख्म
ग्वालियर में बिजली मीटर जांचने गए कर्मचारी को बंधक बनाकर पालतू कुत्तों से कटवाया गया, जिससे उसे 17 जगह चोटें आईं। आरोपी ने मशीन तोड़ी, बंदूक दिखाकर धमकाया।

HighLights
ऊर्जा मंत्री प्रद्युमन सिंह तोमर के विधानसभा क्षेत्र की घटना।
आरोपित ने मीटर चेकिंग मशीन तोड़ी, बंदूक दिखाकर धमकाया।
ऊर्जा मंत्री की बहन के हस्तक्षेप से कर्मचारी को बचाया गया।
डिजिटल डेस्क, ग्वालियर। शहर के हजीरा थाना क्षेत्र में बिजली मीटर की जांच करने पहुंचे एक निजी कर्मचारी के साथ झूमाझटकी, बंधक बनाने और पालतू कुत्तों से हमला करवाने का मामला सामने आया है। कर्मचारी का आरोप है कि मकान मालिक ने पहले मीटर चेकिंग की मशीन छीनकर तोड़ दी और इसके बाद उसे जबरन घर के अंदर ले जाकर एक कमरे में बंद कर दिया। आरोप है कि वहां पिटबुल, रॉटवीलर और जर्मन शेफर्ड कुत्तों को उसके ऊपर छोड़ दिया गया। कुत्तों के हमले में कर्मचारी के शरीर पर करीब 17 जगह काटने के निशान आए हैं।
घटना 13 अगस्त की शाम करीब 4:30 बजे इंदिरा नगर इलाके की बताई जा रही है। घायल कर्मचारी की शिकायत पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
मशीन छीनकर पटकी, बैटरी-सिम निकालकर फेंकीं
शताब्दीपुरम निवासी रविंद्र सिंह राजावत (40) हजीरा जोन में बिजली विभाग के लिए निजी कर्मचारी के तौर पर काम करते हैं। पुलिस को दी शिकायत में उन्होंने बताया कि 13 अगस्त को वह अपने साथी आदित्य भदौरिया के साथ डिब्बा वाली गली के पीछे इंदिरा नगर में बिजली मीटरों की जांच कर रहे थे।
इसी दौरान मकान मालिक वीरू तोमर स्कूटी से मौके पर पहुंचा और दोनों से पूछताछ करने लगा। रविंद्र के मुताबिक, बिजली विभाग के लिए काम करने की जानकारी देने के बाद वीरू ने गाली-गलौज शुरू कर दी और आदित्य के हाथ से मीटर जांचने वाली मशीन छीन ली। आरोप है कि उसने मशीन से बैटरी, सिम और रील निकालकर फेंक दिए और फिर मशीन को सड़क पर पटककर तोड़ दिया।
कमरे में बंद कर कुत्तों को छोड़ने का आरोप
रविंद्र का आरोप है कि मशीन तोड़ने के बाद आरोपित ने उसके साथ मारपीट की और उसे जबरन घर के अंदर ले जाकर एक कमरे में बंद कर दिया। इसके बाद पालतू कुत्तों को उसके ऊपर छोड़ दिया गया। कर्मचारी के अनुसार कुत्तों ने उसके शरीर पर करीब 17 जगह काट लिया, जिससे वह घायल हो गया। उसने यह भी आरोप लगाया कि आरोपी ने बंदूक दिखाकर जान से मारने की धमकी दी और उसके साथ मारपीट की।
ऊर्जा मंत्री की बहन ने हस्तक्षेप कर बचाया
रविंद्र ने पुलिस को बताया कि विवाद के दौरान इलाके में रहने वाली ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर की बहन भी मौके पर पहुंचीं। कर्मचारी का दावा है कि उनके हस्तक्षेप के बाद उसे कथित तौर पर आरोपित के चंगुल से बाहर निकाला गया। घटना ऊर्जा मंत्री के विधानसभा क्षेत्र में सामने आने के कारण मामला चर्चा में है।
