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दुबई से वड़ोदरा और फिर भोपाल… क्लबों में MD ड्रग्स सप्लाई का खुलासा, 40 साल का तस्कर गिरफ्तार

Published: Tue, 08 Sep 2026 06:13 PM (IST)

भोपाल पुलिस नेएमडी ड्रग्स तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने वड़ोदरा से ड्रग्स लाकर भोपाल ...और पढ़ें

-प्रतीकात्मक चित्र। (इनसेट- आरोपित संदीप सिंह)

-प्रतीकात्मक चित्र। (इनसेट- आरोपित संदीप सिंह)

HighLights

  1. भोपाल पुलिस ने एमडी ड्रग्स तस्करी नेटवर्क का किया पर्दाफाश।

  2. वड़ोदरा से ड्रग्स लाकर भोपाल के क्लबों में युवाओं को बेचता था।

  3. आरोपी संदीप सिंह 10.83 ग्राम एमडी ड्रग्स के साथ गिरफ्तार।

डिजिटल डेस्क, भोपाल। नशे के खिलाफ चलाए जा रहे ‘नशे से दूरी, है जरूरी 2.0’ अभियान के तहत भोपाल पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करी के एक नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। अयोध्या नगर थाना पुलिस ने गुजरात के वड़ोदरा से एमडी (मेफेड्रोन) लाकर भोपाल के पॉश इलाकों, क्लब और बार में सप्लाई करने वाले 40 वर्षीय आरोपित संदीप सिंह को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके कब्जे से 10.83 ग्राम एमडी ड्रग्स, मोबाइल फोन और स्कूटी बरामद की है।

अयोध्या नगर थाना प्रभारी महेश लिल्हरे के अनुसार, प्रारंभिक पूछताछ में आरोपित के गुजरात कनेक्शन और भोपाल में सक्रिय ड्रग्स सप्लाई नेटवर्क से जुड़े अहम सुराग मिले हैं। पुलिस अब उसके मुख्य सप्लायरों और शहर में ड्रग्स खरीदने वालों तक पहुंचने में जुटी है।

वडोदरा से लाकर 5 गुना मुनाफे में बेचता था

मूल रूप से करनाल, हरियाणा निवासी संदीप सिंह वर्ष 2021 से 2025 तक दुबई में रहा। इसके बाद उसने गुजरात के वड़ोदरा स्थित शांति निकेतन सोसाइटी में किराए का मकान लिया और ट्रांसपोर्ट का काम शुरू किया।

2025 में ट्रांसपोर्ट कारोबार के सिलसिले में भोपाल आने के बाद वह बावड़िया कलां में रहने लगा और प्रॉपर्टी डीलिंग करने लगा। इसी दौरान उसके संपर्क नशे के कारोबार से जुड़े लोगों से हुए। पुलिस के मुताबिक, संदीप वड़ोदरा से एमडी करीब 2,000 रुपये प्रति ग्राम में खरीदकर भोपाल लाता था और यहां इसे करीब 10,000 रुपये प्रति ग्राम तक में बेचता था। इस तरह एक ही खेप पर कई गुना मुनाफा कमाने का खेल चल रहा था।

क्लब में बनी पहचान, फिर युवाओं तक पहुंचाया नशा

पुलिस पूछताछ में सामने आया कि संदीप को क्लबिंग का शौक था। नर्मदापुरम रोड स्थित एक क्लब में नियमित आवाजाही के दौरान उसकी पहचान नशा लेने वाले युवक-युवतियों से हुई। आरोप है कि इसी संपर्क को उसने ड्रग्स सप्लाई के नेटवर्क में बदल दिया।

पुलिस के अनुसार, आरोपित बावड़िया कलां, मिनाल रेसीडेंसी और इंद्रपुरी सहित शहर के अन्य इलाकों में युवाओं को एमडी सप्लाई करता था। इसके अलावा क्लब और बार भी उसके नेटवर्क का हिस्सा होने की आशंका है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि किन-किन क्लबों और बार में ड्रग्स की सप्लाई की जा रही थी।

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पुलिस से बचने महीनेभर पहले बदला था ठिकाना

पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तारी से करीब एक महीने पहले संदीप ने अपना ठिकाना बदल लिया था। उसने अयोध्या नगर के जी-सेक्टर में किराए का मकान ले लिया और वहीं से गतिविधियां संचालित कर रहा था।

मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने दशहरा मैदान के पास घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/22 के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है।

अब पुलिस वड़ोदरा में बैठे उसके मुख्य ड्रग्स सप्लायरों से लेकर भोपाल में एमडी खरीदने वाले ग्राहकों तक पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि आरोपित अब तक कितनी मात्रा में ड्रग्स भोपाल ला चुका था और उसके खरीदार कौन-कौन लोग थे।