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    बीती बातों को न भूलने की आदत पड़ जाएगी भारी! मेंटल हेल्थ के लिए सीखें 'लेट गो' करने के 5 तरीके

    By Niharika PandeyEdited By: Harshita Saxena
    Updated: Fri, 15 May 2026 08:00 PM (GMT+05:30)

    पुराने जख्म आसानी से नहीं भरते, लेकिन उन्हें भुलाने में ही सेहत की भलाई है। ...और पढ़ें

    मानसिक शांति के लिए 'लेट गो' क्यों है आवश्यक (Picture Credit- AI Generated)

    मानसिक शांति के लिए 'लेट गो' क्यों है आवश्यक (Picture Credit- AI Generated)

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    लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। जब कभी आप रिलेक्स करने के लिए सुकून के कुछ पल अपने लिए निकालते हैं, अचानक ही कोई भूला-बिसरा दुख या बात याद आ जाती है। भले ही जख्म पुराने हों लेकिन उसकी टीस आज भी ताजा महसूस होती है।

    जिन बातों या घटनाओं का बोझ आप लंबे समय तक लादकर चलते हैं वह धीरे-धीरे आपकी सेहत को भी नुकसान पहुंचाने लगता है। ऐसे में लेट गो कर देना ही बेहतर है। आइए जानते हैं ऐसा करने से आपको क्या फायदे हो सकते हैं और कैसे आप इसे प्रैक्टिकली कर सकते हैं।

    लेट गो कर देने के ये हो सकते हैं फायदे

    • स्ट्रेस कम हो जाता है
    • इमोशंस पर बेहतर नियंत्रण करना सीख जाते हैं
    • एंग्जाइटी का चक्र खत्म हो जाता है और आप ज्यादा एनर्जी महसूस करते हैं
    • मूड अच्छा रहने लगता है
    • नींद में सुधार होता है
    • आप अपने मौजूदा रिश्तों के साथ बेहतर तालमेल बिठा पाते हैं
    • खुलकर खुशियों को एंजॉय कर पाते हैं

    इन तरीकों से कर सकते हैं लेट गो

    • वर्तमान में लौट आएं: अगर कभी अचानक ही पुरानी बातें याद आने लगें तो मौजूदा चीजों की तरफ खुद को वापस लाने की कोशिश करें। अपने कपड़ों के फैब्रिक को फील करें, किसी साउंड की तरफ ध्यान लगाएं, कुछ ठंडा या गर्म छुएं। इसके साथ ही खुद से यह लगातार कहते रहें- ये तो बस यादें हैं।
    • माफ करना ही सेहतमंद है: ऐसा करना आसान नहीं, लेकिन कुछ रिश्ते जो आपके लिए तकलीफदेह रहे हैं उनको ढोना भी अनहेल्दी हो सकता है। इसका सबसे अच्छा तरीका है उस इंसान को लेटर लिखना, भले ही आप उसे पोस्ट ना करें। पोलैंड के जान कोचानोव्स्की यूनिवर्सिटी में हुई रिसर्च बताती है कि किसी को माफ कर देना और उसे दुआ देना सेहत पर पॉजिटिव असर डालता है।
    • अतीत को पीछे ही रहने दें: हमारे दिमाग की बनावट ही ऐसी होती है जो तकलीफदेह अनुभवों को सर्वाइवल मैकेनिज्म के रूप में इस्तेमाल करती है। ऐसे में उन बुरी यादों को भुला देना ही हमारी मेंटल हेल्थ के लिए अच्छा है।
    • खुद को सीमाओं में ना बांधें: यदि कभी आप कोई काम करने में असफल रहे हैं तो उसकी बुरी यादों में बंधकर ना रहें। इसकी जगह उन पॉइंट्स को नोट करें जिसकी वजह से असफलता हाथ लगी और फिर नए सिरे से उसे करने की कोशिश करें।
    • कुछ बहुत बड़ा करें जरूरी नहीं: लेट गो कर देने के लिए हर बार कोई बड़ा कदम ही उठाया जाए जरूरी नहीं। यादों के लूप से बाहर आने के लिए एक डीप ब्रीद ही काफी है। इससे आपके सीने में होने वाली जकड़न या भारीपन दूर होगा। आप अपने सीने या पेट पर हाथ रखकर भी खुद को शांत करने का प्रयास कर सकते हैं।

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