काली-पीली धारियां, बाघ सी दहाड़ और ढोल की थाप पर नाचते पुरुष! 'पुलिकली' के बिना अधूरा है ओणम का त्योहार
रंगोली और सद्या के साथ पुलिकली लोक नृत्य भी ओणम की खास पहचान है।

केरल का पुलिकली लोकनृत्य (Image Source: AI Generated)

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लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। ओणम सिर्फ फसल की कटाई का जश्न नहीं है, यह दक्षिण भारत की संस्कृति से खासतौर से जुड़ा हुआ है। इसी संस्कृति का हिस्सा है इस त्योहार में किया जाने वाला पुलिकली लोकनृत्य। गलियों में घूमते हुए ढोल ताशों की गूंज पर जब काली पीली-धारियों वाले इंसान दिखाई देते हैं तो जश्न का मजा डबल हो जाता है।
आइए आपको केरल के इसी खास पुलिकली लोकनृत्य के बारे में विस्तार से बताते हैं कि आखिर क्यों ओणम के दौरान बाघ के भेष में पुरुष नृत्य करते हैं।
केरल का पुलिकली लोकनृत्य
केरल में ओणम के त्योहार के चौथे दिन पुलिकली कहे जाना वाला बाघ नृत्य किए जाने की परंपरा है। बता दें कि मलयाली भाषा में पुलि का मतलब बाघ और कली का मतलब खेल होता है। इसे केरल में कहीं-कहीं पर कडुवाकली भी कहते है। यह नृत्य खासतौर से केरल के त्रिशूर और पालाघाट जिले में आयोजित होता है। इस खेल की थीम की बात करें तो यह पूरी तरह से बाघों के शिकार किए जाने पर आधारित होती है।
200 साल पुराना है पुलिकली का इतिहास
केरल की लोक संस्कृति का अहम हिस्सा कहलाने वाले पुलिकली नृत्य का इतिहास आज से लगभग 200 साल पुराना है। इसकी शुरुआत का श्रेय कोचीन के महाराजा रामा वर्मा शक्तन थंपूरन को दिया जाता है। ओणम के इस नृत्य को वीरता और आजादी का प्रतीक मानते हैं। इसमें भी त्रिशूर का पुलिकली सबसे पुराना है, जिसे आज वहां स्वराज ग्राउन्ड में आयोजित करते हैं।
कैसे किया जाता है यह नृत्य?
इसमें कलाकार बाघ जैसा रेडी होने के लिए सबसे पहले अपने शरीर से सारे बाल हटाकर एनेमल पेंट का एक बेस कोट लगाते हैं। इसके बाद पीली, लाल और काली धारियों से बाघ का पूरा डिजाइन तैयार होने में करीब 6-7 घंटे का समय लग जाता है। चेहरे पर हूबहू बाघ जैसा मेकअप और मास्क लगाते हैं। इस तरह कमर में घंटियां या घुंघरू वाले बेल्ट बांधकर कलाकार नृत्य के लिए तैयार हो जाते हैं।
वाद्य यंत्र और ताल
कलाकार 'पुलिमेलम' जैसी ताल पर थिरकते हैं, इसे आज से 70 साल पहले प्रसिद्ध कथकली कलाकार थोट्टुंगल रामनकुट्टी आसान नायर ने बनाया था। वहीं, इसमें ढोल, तकिल, उडुक्क और चेण्डा जैसे पारंपरिक वाद्य यंत्रों की धुन पर ये कलाकार नृत्य करते नजर आते हैं।
