बहादुरगढ़: टीकरी बॉर्डर पर 200 मीटर सड़क बदहाल, बारिश ने बढ़ाई आफत; उद्योगों पर भी पड़ रहा असर
टीकरी बॉर्डर पर दिल्ली-रोहतक मार्ग की 200 मीटर सड़क बारिश के कारण बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई है, जिससे बड़े गड्ढे बन गए हैं। इस बदहाल सड़क से वाहन चाल ...और पढ़ें

दिल्ली-रोहतक मार्ग पर टीकरी बार्डर के पास बनी बदहाल स्थिति। दोनों तरफ गहरे गड्ढे हैं। जागरण
HighLights
टीकरी बॉर्डर पर दिल्ली-रोहतक मार्ग की 200 मीटर सड़क बदहाल।
बारिश से गड्ढों में पानी, वाहन चालकों को भारी परेशानी।
बदहाल सड़क से बहादुरगढ़ के उद्योगों की लागत बढ़ी।
जागरण संवाददाता, बहादुरगढ़। दिल्ली-रोहतक मार्ग पर टीकरी बार्डर पार करना इन दिनों आसान नहीं है। बार्डर के दोनों तरफ सड़क की हालत बेहद खराब हो चुकी है। बड़े-बड़े गड्ढे बने हुए हैं और करीब 200 मीटर का हिस्सा ऐसा है, जहां सड़क लगभग पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी है।
बारिश के बाद इन गड्ढों में पानी जमा है। जिससे इनका आकार बढ़ रहा है। यहां का सफर वाहन चालकों के लिए दुश्वार हो गया है। इसका असर अब आम वाहन चालकों के साथ-साथ बहादुरगढ़ के हजारों उद्योगों तक पहुंच रहा है।
सड़क की बदहाल स्थिति पर जताई चिंता
जिले के उद्योगों का प्रतिनिधित्व करने वाली औद्योगिक संस्था कान्फेडरेशन आफ बहादुरगढ़ इंडस्ट्रीज (कोबी) ने टीकरी बार्डर से बहादुरगढ़ तथा दिल्ली की ओर जाने वाली सड़क की बदहाल स्थिति पर चिंता जताई है। कोबी अध्यक्ष प्रवीण गर्ग ने संबंधित विभागों से तत्काल व स्थायी मरम्मत करवाने की मांग की है।
उनका कहना है कि इस मार्ग से प्रतिदिन हजारों औद्योगिक वाहन, कर्मचारी, श्रमिक और आम नागरिक आवागमन करते हैं। सड़क की खराब हालत के कारण वाहनों की गति प्रभावित हो रही है। यातायात जाम की स्थिति भी बन रही है।
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सड़क की बदहाली से परिवहन लागत और वाहनों के रखरखाव का खर्च बढ़ रहा है। इसका सीधा असर उद्योगों और व्यापारिक गतिविधियों पर पड़ रहा है। बरसात के बाद समस्या गहरा गई है।
गड्ढों में पानी भरसे उनकी गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बना है। दोपहिया वाहन चालकों के लिए स्थिति कहीं ज्यादा जोखिमपूर्ण है।
रीकार्पेटिंग की मांग
कोबी ने दिल्ली की मुख्यमंत्री, हरियाणा के मुख्यमंत्री, केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री तथा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआइ) को पत्र लिखकर समस्या से अवगत कराया है। दिल्ली मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से कोबी की शिकायत संबंधित विभाग को भेजे जाने की जानकारी दी गई है।
संस्था ने मांग की है कि केवल गड्ढों की अस्थायी मरम्मत के बजाय सड़क का स्थायी और गुणवत्तापूर्ण पुनर्निर्माण या रीकार्पेटिंग कराई जाए। बहादुरगढ़ दिल्ली-एनसीआर की औद्योगिक अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
ऐसे में दिल्ली से जोड़ने वाले प्रमुख मार्ग की बेहतर कनेक्टिविटी उद्योगों के सुचारू संचालन के लिए जरूरी है।
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