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ताहिर हुसैन समेत सभी दोषियों की याचिका पर एकसाथ होगी सुनवाई, अंकित शर्मा हत्याकांड में दिल्ली HC का फैसला

Published: Wed, 02 Sep 2026 07:13 PM (IST)

दिल्ली हाई कोर्ट दिल्ली दंगों के दौरान आईबी कर्मचारी अंकित शर्मा की हत्या मामले में दोषी ठहराए गए पूर्व आप ...और पढ़ें

सभी आरोपियों की अपील पर एक साथ होगी सुनवाई। फोटो: आर्काइव

सभी आरोपियों की अपील पर एक साथ होगी सुनवाई। फोटो: आर्काइव

HighLights

  1. ताहिर हुसैन ने अंकित शर्मा हत्याकांड में दोषसिद्धि को चुनौती दी

  2. दिल्ली हाई कोर्ट ने ताहिर की अपील पर पुलिस से जवाब मांगा

  3. अंकित शर्मा हत्याकांड के सभी दोषियों की अपील पर एक साथ सुनवाई

जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। दिल्ली दंगा के दौरान आईबी कर्मचारी अंकित शर्मा की हत्या के मामले में दोषी करार देने के ट्रायल कोर्ट के निर्णय को चुनौती देने वाली आम आदमी पार्टी के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन सहित अन्य दोषियों की अपील याचिकाओं पर दिल्ली हाई कोर्ट एक साथ सुनवाई करेगी।

दोषसिद्धि व उम्रकैद की सजा सुनाने को चुनौती देने वाली ताहिर हुसैन की अपील याचिका पर न्यायमूर्ति प्रतिबा एम. सिंह व न्यायमूर्ति विकास महाजन की पीठ ने कहा कि अदालत को हर किसी की भूमिका का आकलन करना होगा। पीठ ने कहा कि सबकी भूमिका का आकलन अलग-अलग किया जाएगा, लेकिन सभी मामलों की सुनवाई एक साथ की जाएगी। इससे अदालत का समय बचेगा।

सभी दोषियों की भूमिका का अलग-अलग आकलन

इसके साथ ही अदालत ने ताहिर की अपील याचिका पर दिल्ली पुलिस को नोटिस जारी कर हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया। पीठ ने जेल अधिकारियों को ताहिर का जेल विवरण पेश करने का निर्देश दिया।

मामले में अगली सुनवाई दो दिसंबर को होगी। इसी तारीख पर मामले में दो अन्य दोषियों की अपील याचिका पर सुनवाई होनी है। इस दौरान दिल्ली पुलिस ने कहा कि ताहिर हुसैन की अपील समेत सभी अपीलों पर एक साथ बहस करेगी।

ताहिर का फंसाने और गवाहों से हेरफेर का आरोप

ताहिर हुसैन ने अपील याचिका में कहा कि जांच का मकसद जनता के गुस्से को शांत करने के लिए उन्हें फंसाना था। ताहिर ने कहा है कि प्राथमिकी की तारीख और समय पहले का दिखाया गया है यानी जब तक उनको किसी दूसरे मामले में गिरफ्तार नहीं किया गया, तब तक कोई ठोस जांच नहीं की गई।

ताहिर ने यह भी आरोप लगाया कि मामले में गवाहों को मनगढ़ंत तरीके से शामिल किया गया और असली चश्मदीदों के बयानों में हेरफेर की गई, जबकि असली दोषियों को सजा नहीं दिलाई गई। ताहिर ने ट्रायल कोर्ट के 13 जुलाई के दोषी ठहराने और 31 जुलाई के सजा सुनाने के आदेश को रद करने की मांग की है।

अंकित शर्मा के शरीर पर मिली थीं 51 चोटें

अभियोजन पक्ष के अनुसार 26 फरवरी 2020 को अंकित के पिता रविंदर कुमार ने दयालपुर पुलिस स्टेशन में शिकायत दी थी कि उनका बेटा 25 फरवरी से लापता है। बाद में अंकित का शव चांद बाग पुलिया की मस्जिद से खजूरी खास नाले से बरामद हुआ था।

उनके शरीर पर 51 चोटें थीं। ट्रायल कोर्ट ने 31 जुलाई को अंकित की हत्या के लिए ताहिर हुसैन के साथ नाजिम, कासिम, जावेद और अनस को उम्रकैद की सजा सुनाई थी। दिल्ली दंगा में 53 लोगों की मौत हो गई थी और कई लोग घायल हो गए थे।

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