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    दिल्ली में NHAI का बड़ा फैसला, राष्ट्रीय राजमार्गों से हटेंगे MCD के यूनिपोल

    Updated: Fri, 20 Feb 2026 10:29 PM (IST)

    राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने दिल्ली में राष्ट्रीय राजमार्गों से सभी यूनिपोल हटाने का आदेश दिया है, जिससे नगर निगम (MCD) को बड़ा झटका लगा है। ...और पढ़ें

    NHAI ने दिल्ली में राष्ट्रीय राजमार्गों से सभी यूनिपोल हटाने का आदेश दिया है। इमेज एआई

    NHAI ने दिल्ली में राष्ट्रीय राजमार्गों से सभी यूनिपोल हटाने का आदेश दिया है। इमेज एआई

    निहाल सिंह, नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली में कॉर्पोरेशन की कमाई का एक बड़ा ज़रिया यूनिपोल को लेकर म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन ऑफ़ इंडिया (MCD) को बड़ा झटका लगा है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया (NHAI) ने अपने नेशनल हाईवे से सभी यूनिपोल हटाने का आदेश दिया है।

    साथ ही, MCD को यह भी निर्देश दिया है कि वह अपनी ज़मीन पर ऐसे कोई यूनिपोल न लगाए जो नेशनल हाईवे पर लगे हों। NHAI ने यूनिपोल पर लगे विज्ञापनों को ध्यान भटकाने वाला और सुरक्षा के लिए खतरा बताया है। अगर MCD और NHAI जल्द ही इस मुद्दे पर कोई समझौता नहीं करते हैं, तो कॉर्पोरेशन को सालाना ₹100 करोड़ तक का नुकसान हो सकता है। हालांकि, MCD के अधिकारी फिलहाल इस मामले पर कुछ भी कहने से बच रहे हैं।

    अगर यह मुद्दा नहीं सुलझा, तो MCD को सालाना लगभग ₹100 करोड़ का नुकसान हो सकता है। क्योंकि दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे (NH 9) जैसे बड़े नेशनल हाईवे सराय काले खां से गाज़ीपुर तक, NH 148A (अंधेरिया मोड़ से हरियाणा बॉर्डर तक), NH 48 (आश्रम से बदरपुर तक), और GT रोड पर MCD के ऑथराइज़्ड यूनिपोल होर्डिंग्स की बड़ी संख्या है, जो कॉर्पोरेशन के रेवेन्यू में योगदान देते हैं। कॉर्पोरेशन के ₹400 करोड़ के एडवरटाइजिंग रेवेन्यू में से ₹100 करोड़ इन यूनिपोल साइट्स से आते हैं।

    NHAI का कहना है कि ये एडवरटाइज़मेंट ध्यान भटकाने वाले हैं और आने-जाने वालों के लिए सेफ्टी रिस्क पैदा करते हैं। इसके अलावा, मिनिस्ट्री की गाइडलाइंस के अनुसार, नेशनल हाईवे पर इन एडवरटाइज़मेंट की इजाज़त नहीं है। कॉर्पोरेशन सूत्रों के अनुसार, MCD ने इस बारे में NHAI से ज़ुबानी बातचीत भी की है, लेकिन NHAI अपने आदेश पर अड़ा हुआ है।

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    वह जल्द ही इस मामले में एक्शन ले सकता है और इन MCD यूनिपोल को हटा सकता है। गौरतलब है कि प्राइवेट एंटिटीज को नेशनल हाईवे पर लिमिटेड हद तक एडवरटाइजमेंट लगाने की इजाज़त है। इन पर सिर्फ़ कंपनी के नाम या लोगो (ब्रांड मार्क) ही दिखाए जा सकते हैं। जबकि MCD यूनिपोल पर विज्ञापन आम तौर पर अलग होते हैं।

    इन यूनिपोल की कीमत दोगुनी 

    MCD को इन यूनिपोल से ज्यादा रेवेन्यू मिलता है क्योंकि इनके लिए टेंडर ज़्यादा महंगे होते हैं। ज़्यादा ट्रैफिक वॉल्यूम के कारण, इन यूनिपोल पर विज्ञापन की कीमत नॉर्मल से दोगुनी या तीन गुना ज़्यादा होती है। एक आम MCD और PWD सड़क पर विज्ञापन की कीमत एक लाख रुपये प्रति महीना होती है, जबकि नेशनल हाईवे पर उसी यूनिपोल पर विज्ञापन की कीमत तीन से चार लाख रुपये प्रति महीना होती है।

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