8th Pay Commission: 3.83 फिटमेंट फैक्टर से कितनी बढ़ जाएगी आपकी सैलरी? कैलकुलेशन से समझें पूरा गुणा-गणित
8th Pay Commission Fitment Factor: केंद्रीय कर्मचारियों के लिए 8वें वेतन आयोग की मांग तेज हो गई है। नेशनल काउंसिल (NC-JCM) ने सरकार को 3.833 फिटमेंट फ ...और पढ़ें

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
नई दिल्ली| केंद्र सरकार के कर्मचारियों की सैलरी में बड़ा उछाल आ सकता है। आठवें वेतन आयोग के लिए 3.833 फिटमेंट फैक्टर ( 8th pay commission fitment factor 3.83) की मांग ने हलचल बढ़ा दी है। नेशनल काउंसिल (NC-JCM) की स्टाफ साइड ने सरकार को 51 पेज का मेमोरेंडम भेजकर साफ कहा है कि महंगाई के हिसाब से वेतन बढ़ाना जरूरी है।
जेसीएम के सचिव शिव गोपाल मिश्रा (shiv gopal mishra 8th pay commission) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इसकी जानकारी दी। उन्होंने लिखा कि, "कर्मचारियों की जरूरतों और बढ़ती महंगाई को ध्यान में रखते हुए कई अहम प्रस्ताव दिए गए हैं।"
कॉमरेड्स,
— Shiva Gopal Mishra (@ShivaGopalMish1) April 14, 2026
आठवें वेतन आयोग से जुड़ी एक महत्वपूर्ण जानकारी साझा कर रहा हूं। नेशनल काउंसिल (JCM) के सेक्रेटरी के रूप में हमारी ओर से आठवें वेतन आयोग को तय समय सीमा से काफी पहले आज मेमोरेंडम भेज दिया गया है।
बढ़ती महंगाई और जीवन की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए कई अहम मांगें रखी…
फिटमेंट फैक्टर पर है सबसे बड़ा फोकस
सबसे बड़ा फोकस फिटमेंट फैक्टर पर है। 7वें वेतन आयोग में यह 2.57 था, लेकिन अब इसे 3.833 करने की मांग उठी है। इसका सीधा असर सैलरी पर पड़ेगा। उदाहरण के तौर पर, लेवल-1 की न्यूनतम बेसिक सैलरी ₹18,000 से बढ़कर करीब ₹69,000 तक पहुंच सकती है।
अब समझते हैं कि आखिर फिटमेंट फैक्टर बढ़ने से लेवल 1 से 18 तक कर्मचारियों की सैलरी में कितनी बढ़ोतरी होगी। चलिए इसका पूरा कैलकुलेशन समझते हैं।
फिटमेंट फैक्टर क्या होता है? (What is fitment factor?)
ऑल इंडिया एनपीएस इंप्लॉई फेडरेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. मंजीत पटेल ने बताया कि फिटमेंट फैक्टर एक मल्टीप्लायर होता है, जिससे मौजूदा बेसिक सैलरी को गुणा कर नई बेसिक सैलरी तय की जाती है। जितना ज्यादा फिटमेंट फैक्टर, उतनी ज्यादा सैलरी और पेंशन।
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फिटमेंट फैक्टर कैसे काम करता है? कैलकुलेशन से समझें (How will the fitment factor increase the salary?)
अगर किसी कर्मचारी की मौजूदा बेसिक सैलरी 18,000 रुपए है और फिटमेंट फैक्टर 3.83 तय होता है, तो:
₹18,000 × 3.833 = ₹68,994
यानी बेसिक सैलरी सीधे बढ़कर ₹68,994 हो जाएगी।
अगर मौजूदा बेसिक सैलरी ₹50,000 है तो:
₹50,000 × 3.833 = ₹1,91,650
मतलब नई बेसिक सैलरी ₹1,91,650 तक पहुंच सकती है।
3.833 फिटमेंट फैक्टर से लेवल 18 तक कितनी बढ़ जाएगी सैलरी?
| ग्रेड | वर्तमान बेसिक पे | अनुमानित बेसिक पे |
| Level 1 | 18,000 | 68,994 |
| Level 2 | 19,900 | 76,217 |
| Level 3 | 21,700 | 83,111 |
| Level 4 | 25,500 | 97,665 |
| Level 5 | 29,200 | 111,836 |
| Level 6 | 35,400 | 135,582 |
| Level 7 | 44,900 | 171,967 |
| Level 8 | 47,600 | 182,308 |
| Level 9 | 53,100 | 203,373 |
| Level 10 | 56,100 | 214,863 |
| Level 11 | 67,700 | 259,291 |
| Level 12 | 78,800 | 301,804 |
| Level 13 | 118,500 | 453,855 |
| Level 13 | 131,100 | 502,113 |
| Level 14 | 144,200 | 552,286 |
| Level 15 | 182,200 | 697,826 |
| Level 16 | 205,400 | 786,682 |
| Level 17 | 225,000 | 861,750 |
| Level 18 | 250,000 | 957,500 |
हालांकि यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि NC-JCM ने कई लेवल को मर्ज करने का भी प्रस्वात दिया है।
फिटमेंट फैक्टर किन फैक्टर्स पर निर्भर करता है? (On what factors does the fitment factor depend?)
- महंगाई और जीवन-यापन की लागत
- CPI और CPI-IW के आंकड़े
- सरकार की वित्तीय स्थिति और बजट
- कुल वेतन खर्च की सीमा
- प्राइवेट सेक्टर से सैलरी की तुलना
- इंडस्ट्री सैलरी सर्वे और मार्केट बेंचमार्क
बढ़ी हुई सैलरी कब से आएगी?
आठवां वेतन आयोग 1 जनवरी 2026 से ड्यू माना जा रहा है, यानी नियमों के हिसाब से बढ़ी हुई सैलरी (8th pay commission salary hike 2026) इसी तारीख से मिलनी चाहिए। लेकिन मंजीत पटेल का कहना है कि आयोग को रिपोर्ट देने, कैबिनेट मंजूरी और लागू होने में करीब 18 से 24 महीने लग सकते हैं। ऐसे में कर्मचारियों के हाथ में बढ़ी सैलरी 1 जुलाई 2027 या 1 जनवरी 2028 से आने की पूरी संभावना है।