तेजस्वी के फैसले का भाई वीरेंद्र ने किया स्वागत; बोले- नए सिरे से मजबूत होगी RJD, नीतीश कुमार का भी किया जिक्र
बांकीपुर उपचुनाव में हार के बाद राजद ने अपनी सभी संगठनात्मक इकाइयों को भंग कर दिया है। प्रदेश अध्यक्ष मंगनी लाल मंडल ने आदेश जारी किया, जिसके बाद जल्द ...और पढ़ें

पत्रकारों से बात करते भाई वीरेंद्र। वीडियो ग्रैब
HighLights
बांकीपुर हार के बाद राजद ने अपनी सभी संगठनात्मक इकाइयां भंग कीं।
प्रदेश अध्यक्ष मंगनी लाल मंडल ने पुनर्गठन का आदेश जारी किया।
पार्टी का लक्ष्य मजबूत और सक्रिय संगठन तैयार करना है।
डिजिटल डेस्क, पटना। बांकीपुर उपचुनाव में मिली हार के बाद राष्ट्रीय जनता दल (RJD) में संगठन स्तर पर बड़ा बदलाव किया गया है। पार्टी की सभी इकाइयों को भंग कर दिया गया है।
प्रदेश अध्यक्ष मंगनी लाल मंडल ने गुरुवार को इस संबंध में आदेश जारी किया। उन्होंने कहा कि जल्द ही सभी स्तरों की समितियों का नए सिरे से पुनर्गठन किया जाएगा।
पार्टी के भीतर चल रही बयानबाजी के बीच यह फैसला सामने आया है। चर्चा है कि RJD प्रवक्ता शक्ति सिंह यादव ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है।
नेता के फैसले का स्वागत: भाई वीरेंद्र
इससे पहले पार्टी नेता भाई वीरेंद्र ने शक्ति सिंह यादव पर तीखा हमला किया था। उनपर कई आरोप लगाए थे, जिसके बाद दोनों नेताओं के बीच विवाद की स्थिति बनी थी।
हालांकि, भाई वीरेंद्र ने शुक्रवार को पत्रकारों से बातचीत में संगठन भंग करने के फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि अब पार्टी का मजबूत और सक्रिय संगठन तैयार किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों को संगठन में जगह नहीं दी जाएगी, जिनसे पार्टी को नुकसान पहुंचता है। हालांकि, उन्हें दूसरी जिम्मेदारी दी जा सकती है।
आने वाले समय में बनेगी राजद की सरकार
भाई वीरेंद्र ने कहा कि पार्टी के नेता लगातार जनता के बीच जा रहे हैं और आने वाले समय में RJD की सरकार बनेगी। नई जिम्मेदारी या पद मिलने के सवाल पर उन्होंने कहा कि वे किसी पद की अपेक्षा नहीं रखते और पार्टी के लिए हमेशा काम करते रहेंगे।
इस दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर भी निशाना साधा। भाई वीरेंद्र ने कहा कि अब नीतीश कुमार कोई बड़ा राजनीतिक फैक्टर नहीं रह गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा को मजबूत करने में नीतीश कुमार की भूमिका रही है और उनके शासन में भ्रष्टाचार बढ़ा है।
लालू प्रसाद जब सीएम बने तो कैसे सभी जाति धर्म के लोग ब्लॉक जाते थे, बिना पैसे लिए काम होता था। बीडीओ-सीओ यदि रिश्वत की मांग करता था तो लोग कहते थे कि लालू जी के यहां जा रहे हैं। डर से तुरंत काम करता था। अब तो कहता है कि जहां जाना है जाओ।