Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    बिहार में नए सर्किल रेट पर जमीन की रजिस्ट्री शुरू, शहरी क्षेत्रों में दोगुनी; ग्रामीण में 1.6 गुना बढ़ीं दरें

    Updated: Thu, 25 Jun 2026 01:05 PM (IST)

    बाढ़ के अत्याधुनिक अवर निबंधन कार्यालय में नए सर्किल रेट के साथ जमीन की रजिस्ट्री शुरू हो गई है, जिसमें शहरी क्षेत्रों में दरें दोगुनी और ग्रामीण क्षे ...और पढ़ें

    सांकेतिक तस्वीर

    सांकेतिक तस्वीर

    HighLights

    1. बाढ़ में नए सर्किल रेट पर जमीन की रजिस्ट्री शुरू।

    2. शहरी क्षेत्रों में दरें दोगुनी, ग्रामीण में 1.6 गुना बढ़ीं।

    3. बिहार का पहला हाईटेक निबंधन कार्यालय, ऑनलाइन सुविधा।

    संवाद सहयोगी, बाढ़। बाढ़ में नवनिर्मित अत्याधुनिक और प्रदेश के पहले हाईटेक अवर निबंधन कार्यालय में अब नए सर्किल रेट के साथ जमीन की रजिस्ट्री (निबंधन) की प्रक्रिया सुचारू रूप से शुरू हो गई है। निबंधन पदाधिकारी रत्नामणी केसरी ने जानकारी देते हुए बताया कि सरकार द्वारा जमीन के सर्किल रेट में की गई बढ़ोतरी के बाद अब इसी नई दर पर निबंधन कार्य किया जा रहा है।

    सरकार द्वारा जारी नई अधिसूचना के अनुसार, शहरी क्षेत्रों में जमीन का सर्किल रेट दोगुना कर दिया गया है, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में यह दर 1.6 गुना बढ़ाई गई है। निबंधन कार्यालय में पहले दिन ही लगभग 20 रजिस्ट्री नई दरों के साथ संपन्न हुई।

    सामान्यतः बाढ़ निबंधन कार्यालय में प्रतिदिन 20 से 25 जमीनों की रजिस्ट्री होती है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वर्तमान में सभी रजिस्ट्री प्रक्रिया पूरी तरह से ऑनलाइन संचालित की जा रही है, जिससे पारदर्शिता बनी हुई है।

    बाढ़ का यह अवर निबंधन कार्यालय पूरे बिहार में अपनी तरह का पहला हाईटेक कार्यालय है, जिसका उद्घाटन हाल ही में मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग के मंत्री मदन सहनी ने किया था। इस आधुनिक भवन में आम जनता के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं।

    निबंधन, विवाह निबंधन (मैरिज रजिस्ट्रेशन) और अन्य कार्यों के लिए अलग-अलग काउंटर बनाए गए हैं। कार्यालय परिसर वातानुकूलित है, साथ ही बैठने की उत्कृष्ट व्यवस्था और स्वच्छता के लिए शौचालय की सुविधा उपलब्ध है।

    मदद के लिए हेल्प डेस्क के लिए परिसर में 'मे आई हेल्प यू' काउंटर की स्थापना की गई है। हर काउंटर के पास ऑनलाइन रजिस्ट्री और विवाह निबंधन से संबंधित जानकारी देने के लिए डिस्प्ले बोर्ड लगे हैं। साथ ही, अधिकारियों के संपर्क नंबर भी प्रदर्शित किए गए हैं।

    खबरें और भी

    दस्तावेजों के सुरक्षित संरक्षण के लिए आधुनिक ढंग से सुसज्जित रिकॉर्ड रूम बनाया गया है। निबंधन कार्यालय परिसर में ही बैंक के कर्मचारी उपस्थित रहते हैं, जिससे चालान काटने और भुगतान करने के लिए लोगों को बाहर नहीं भटकना पड़ता।

    इन आधुनिक सुविधाओं के जुड़ने से अब बाढ़ अनुमंडल के लोगों को जमीन से संबंधित अपने कार्यों के लिए न केवल सुविधा मिल रही है, बल्कि समय की भी भारी बचत हो रही है।

    यह भी पढ़ें- सर्किल रेट बढ़ते ही बदला जमीन कारोबार का गणित, पश्चिम चंपारण में खरीदार और डीलर दोनों उलझन में

    यह भी पढ़ें- बिहार में नया सर्किल रेट लागू: 16 साल में 60 गुना तक बढ़ी कीमतें, पटना में ₹80 लाख डिसमिल हुआ जमीन का भाव