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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 18, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

हमास की कैद से शनिवार को रिहा होंगे इजरायल के छह बंधक, 4 के शव भी सौंपे जाएंगे

Published: Tue, 18 Feb 2025 11:30 PM (IST)

शनिवार को हमास इजरायल के छह जीवित बंधको को रिहा करेगा। इसके साथ ही चार बंधकों के शवों को भी ...और पढ़ें

इजरायल-हमास के बीच युद्ध विराम के दूसरे चरण पर होगी वार्ता। (फोटो- रॉयटर्स)
इजरायल-हमास के बीच युद्ध विराम के दूसरे चरण पर होगी वार्ता। (फोटो- रॉयटर्स)

HighLights

  1. हमास गुरुवार को चार बंधकों के शवों को इजरायल को सौंपेगा।
  2. इजरायल-हमास के बीच युद्ध विराम के दूसरे चरण पर होगी वार्ता।

एपी, काहिरा। आतंकी संगठन हमास शनिवार को इजरायल के छह जीवित बंधकों को रिहा करेगा। साथ ही हमास के एक शीर्ष नेता ने कहा है कि गुरुवार को चार बंधकों के शवों को भी इजरायल को सौंपा जाएगा, जिनमें बिबास परिवार का भी शामिल हैं।

शिरी बिबास और उनके दो छोटे बेटों, एरियल और केफिर सात अक्टूबर, 2023 के हमले के बाद दर्जनों बंधकों के साथ गाजा में रह गए थे।

इजरायल ने कहा है कि वह उनकी स्थिति को लेकर बेहद चिंतित है, लेकिन उसने उनकी मौत की पुष्टि नहीं की है। हमास नेता खलील अल-हय्या ने मंगलवार को केवल इतना कहा कि चार शवों को सौंपने में बिबास परिवार को भी शामिल किया जाएगा।

शनिवार को होगी छह लोगों की रिहाई

शनिवार को रिहा होने वाले छह लोग गाजा में युद्ध विराम के पहले चरण के तहत रिहा होने वाले अंतिम जीवित बंधक हैं। शनिवार को तीन बंधकों को रिहा किए जाने की उम्मीद थी। यह स्पष्ट नहीं है कि हमास ने योजना क्यों बदली। अधिकारियों ने बताया कि इजरायल और हमास गाजा युद्ध विराम समझौते के दूसरे चरण पर वार्ता शुरू करेंगे। जनवरी के मध्य में शुरू हुए युद्ध विराम ने इजरायल और हमास के बीच अब तक की सबसे घातक लड़ाई को रोक दिया है। इजरायली सेनाएं ज्यादातर क्षेत्र से वापस चली गई हैं। इसके साथ ही तबाह हो चुके गाजा में सहायता बढ़ा दी गई है।

हजारों फलस्तीनियों ने शरणार्थी शिविर छोड़ा

इस बीच फलस्तीनी अधिकारियों ने बताया कि इजरायल के कब्जे वाले पश्चिमी तट पर शरणार्थी शिविरों में रह रहे हजारों फलस्तीनियों को शिविर छोड़ने पड़े हैं, क्योंकि इजरायली हमले में भारी संख्या में घरों को ध्वस्त कर दिया गया है और महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को नष्ट कर दिया गया है।

इजरायली सेना ने 21 जनवरी को उत्तरी पश्चिमी तट के जेनिन शहर में शरणार्थी शिविर में अपना अभियान शुरू किया। इसके तहत सैकड़ों सैनिकों और बुलडोजरों को तैनात किया गया, जिन्होंने घरों को ध्वस्त कर दिया और सड़कें खोद दीं, जिससे शिविर के लगभग सभी निवासियों को बाहर निकाल दिया गया।

लेबनान से इजरायली सेना हटाने की मांग

वहीं, दक्षिणी लेबनान में सीमावर्ती शहर के निवासियों ने पुनर्निर्माण शुरू कर दिया है, जबकि हिजबुल्लाह नेता नईम कासेम ने कहा कि इजरायल को लेबनान से पूरी तरह से हट जाना चाहिए। इसके साथ ही मिस्त्र गाजा पट्टी से फलस्तीनियों को बाहर निकाले बिना, गाजा के पुनर्निर्माण की योजना विकसित कर रहा है।

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