यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 10, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
'यहां भूलकर भी मत घुसना...', इजरायल की फलस्तीनियों को चेतावनी; अब क्यों मचा बवाल
इजरायल ने फलस्तीनियों को प्रतिबंधित क्षेत्रों में न घुसने की चेतावनी दी है। इजरायली पुलिस ने पूर्वी यरुशलम में लंबे ...और पढ़ें

HighLights
- नेटजारिम कारिडोर से पीछे हटने के बाद फलस्तीनी नागरिकों से सहयोग का आग्रह।
- पूर्वी यरुशलम में हिंसा को बढ़ावा देने वाली किताबों की दुकानों पर छापेमारी।
एएनआई, रामल्ला। इजरायली सेना द्वारा गाजा के नेटजारिम कारिडोर से पीछे हटने के एक दिन बाद सोमवार को इजरायली सेना ने फलस्तीनियों को चेतावनी दी है कि वे प्रतिबंधित क्षेत्रों में न घुसें।
इजरायली सेना ने कहा कि इस क्षेत्र के जरिये हथियारबंद लोगों की आवाजाही पर रोक के साथ उत्तरी गाजा पट्टी में हथियार स्थानांतरित करना सख्त मना है। कहा, हम आम फलस्तीनियों से सहयोग का आग्रह करते हैं। इस बीच, इजरायली पुलिस ने पूर्वी यरुशलम में हिंसा को बढ़ावा देने वाली किताबों की दुकानों पर छापेमारी की है।
किताबों से बढ़ी हिंसा?
एपी एजेंसी के अनुसार, इजरायली पुलिस ने पूर्वी यरुशलम में लंबे समय से स्थापित फलस्तीनी स्वामित्व वाली किताबों की दुकानों पर छापा मारकर मालिकों को हिरासत में ले लिया है। ये किताबें दशकों से चल रहे फलस्तीनी संघर्ष के बारे में है। पुलिस ने कहा कि किताबों में हिंसा को बढ़ावा दिया गया है।
40 साल पहले स्थापित द एजुकेशनल बुकशाप, पूर्वी यरुशलम में बौद्धिक जीवन का केंद्र है, जिसे इजरायल ने 1967 के पश्चिम एशिया युद्ध में कब्जा कर लिया था और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त नहीं होने वाले कदम में अपनी राजधानी में शामिल कर लिया था।
शहर की अधिकतर फलस्तीनी आबादी पूर्वी यरुशलम में रहती है और फलस्तीनी इसे भविष्य के राज्य की राजधानी बनाना चाहते हैं। वहीं, स्वास्थ्य अधिकारियों ने दावा किया है कि इजरायली सेना के हमले में चार फलस्तीनियों की जान चली गई।
इजरायली अवरोधों से जाम में फंसे हैं फलस्तीनी
युद्धविराम के बाद फलस्तीनी नागरिक सालेह-अ-दिन के रास्ते उत्तरी गाजा लौट रहे हैं। लेकिन इस दौरान उन्हें काफी अवरोधों का सामना करना पड़ रहा है। रास्ते में जाम की स्थिति बनी हुई है, इससे लोगों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
एपी न्यूज एजेंसी के अनुसार, उत्तरी वेस्ट बैंक सिटी नेबलस के बैंकर अब्दुल्ला फौजी कहते हैं वह सुबह आठ बजे आफिस पहुंचने के लिए घर से सुबह चार बजे निकले थे। लेकिन समय से नहीं पहुंच पाए।
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