यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 06, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
ट्रंप शासन में QUAD का क्या होगा? एस जयशंकर के जवाब से पाकिस्तान-चीन की बढ़ेगी टेंशन
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा कि “क्वाड की शुरुआत ट्रंप प्रशासन के दौर में ही हुई थी। ट्रंप प्रशासन के पहले वर्ष में पहली बार क्वाड देशों के उप-विदेश ...और पढ़ें

HighLights
- क्वाड समूह में भारत, अमेरिका, जापान और आस्ट्रेलिया शामिल हैं।
- क्वाड को दोबारा शुरू करने का श्रेय ट्रंप को: जयशंकर
जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप जिस तरह से पारंपरिक नीतियों को तोड़ने की कोशिश में है उसे देखते हुए यह आशंका जताई जा रही है क्वाड संगठन को वह समर्थन देंगे या नहीं? भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर इन आशंकाओं को निर्मूल मानते हैं और कहते हैं कि ट्रंप जब पहली बार राष्ट्रपति बने थे तब क्वाड की शुरुआत विदेश मंत्रालय के अधिकारियों की बैठक के तौर पर हुई थी।
क्वाड को आगे बढ़ाने का श्रेय ट्रंप प्रशासन को ही दिया जाना चाहिए। जयशंकर यह भी जोर दे कर कहते हैं कि क्वाड एक गठबंधन नहीं है बल्कि यह अंतरसरकारी एजेंसियों के समन्वयन की व्यवस्था है। इसमें काफी तेजी से विस्तार हुआ है। जयशंकर शुक्रवार को भारत-जापान फोरम में एक चर्चा में हिस्सा लेते हुए क्वाड पर अपना मत रख रहे थे।

क्या है क्वाड?
क्वाड भारत, अमेरिका, जापान और आस्ट्रेलिया की सरकारों की तरफ से स्थापित एक कूटनीतिक साझेदारी है जिसकी शुरुआत हिंद प्रशांत क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय कानून व्यवस्था को बनाये रखने और इस क्षेत्र को पूरी दुनिया के लिए आजाद व स्वतंत्र तौर पर इस्तेमाल करने के लिए बनाने के तौर पर की गई थी।
माना जाता है कि इसके केंद्र में चीन है जो हिंद प्रशांत क्षेत्र में अपना वर्चस्व बनाने की ख्वाहिश रखता है। पिचले चार वर्षों में क्वाड ने सैन्य व रणनीतिक सहयोग से लेकर स्वास्थय व सप्लाई चेन क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने का एजेंडा बनाया है। इन चारों देशों के शीर्ष नेताओं की आगामी बैठक अगले वर्ष भारत में ही होनी है।
खबरें और भी
.jpg)
क्वाड के भविष्य को लेकर एस जयशंकर ने क्या कहा?
जयशंकर ने कहा कि, “क्वाड की शुरुआत ट्रंप प्रशासन के दौर में ही हुई थी। ट्रंप प्रशासन के पहले वर्ष में पहली बार क्वाड देशों के उप-विदेश मंत्रियों की बैठक हुई थी। बाद में ट्रंप के कार्यकाल में ही वर्ष 2019 में विदेश मंत्रियों की पहली बैठक हुई। रिकॉर्ड को देखते हुए मुझे लगता है कि क्वाड को नये सिर से आगे बढ़ाने में ट्रंप प्रशासन की काफी अहम भूमिका रही थी। उसके बाद क्वाड जिस तरह से आगे बढ़ा है वह उनके फैसले की सही साबित करता है।''
उन्होंने आगे कहा कि क्वाड के सारे सदस्य अपना अपना योगदान दे रहे हैं। ट्रंप की अमेरिका की पारंपरिक गठबंधनों को लेकर जो आग्रह है वह क्वाड को लेकर लागू नहीं होती हैं।
यह भी पढ़ें: सरकारी बैठक में बेटे लिल एक्स संग पहुंचे एलन मस्क, तस्वीरें सोशल मीडिया पर जमकर हो रही वायरल; लोग जमकर कर रहे तारीफ