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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 07, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Haridwar: हरिद्वार में डेंगू का डंक हुआ बेकाबू, 500 तक पहुंचा आंकड़ा; शुक्रवार को 10 मरीजों में हुई पुष्टि

By Jagran NewsEdited By: riya.pandey
Updated: Sat, 07 Oct 2023 09:27 AM (IST)

Dengue In Haridwar हरिद्वार में डेंगू के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। शुक्रवार को एलाइजा जांच में 10 मरीजों में डेंगू की पुष्टि हुई है। नए मामले समेत जि ...और पढ़ें

Haridwar: हरिद्वार में डेंगू का डंक हुआ बेकाबू
Haridwar: हरिद्वार में डेंगू का डंक हुआ बेकाबू

HighLights

  1. हरिद्वार में डेंगू का डंक हुआ बेकाबू
  2. अब तक 500 तक पहुंचा आंकड़ा
  3. शुक्रवार को 10 मरीजों में हुई पुष्टि

जागरण संवाददाता, हरिद्वार। Dengue In Haridwar: हरिद्वार में डेंगू के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। शुक्रवार को एलाइजा जांच में 10 मरीजों में डेंगू की पुष्टि हुई है। नए मामले समेत जिले में डेंगू मरीजों का आंकड़ा 500 हो गया है। इनमें सर्वाधिक 147 मामले हरिद्वार नगर निगम क्षेत्र के हैं।

हरिद्वार नगर निगम क्षेत्र में लगातार डेंगू के बढ़ते मामलों ने नगर निगम प्रशासन के डेंगू के खात्मे को लेकर किए जा रहे दावों की पोल खोलकर रख दी है। वार्डों में कीटनाशक छिड़काव के नाम पर खानपूर्ति की जा रही है। इधर डेंगू से दो महिलाओं की मौत की भी खबर है।

हरिद्वार में डेंगू का डंक हुआ बेकाबू

बताया जा रहा है कि टिबड़ी निवासी 60 वर्षीय महिला कृष्णा और हरिपुर कलां निवासी 80 वर्षीय सूरजमुखी की डेंगू से मौत हुई है। हालांकि स्वास्थ्य विभाग ने ऐसी किसी जानकारी से इनकार किया है। डेंगू का डंक बेकाबू होता जा रहा है। लगातार डेंगू के नए मामले सामने आ रहे हैं। बीते साल के मुकाबले जिले में डेंगू के मरीज करीब दोगुने हो गए हैं। बावजूद इसके जिम्मेदार महकमा डेंगू के खात्मे को धरातल पर कार्य करने के बजाए कागजी खानपूर्ति में जुटा है।

हरिद्वार में अब तक डेंगू के सर्वाधिक 147 मामले

चौंकाने वाली बात यह कि जिले में अब तक डेंगू के सर्वाधिक 147 मामले हरिद्वार नगर निगम क्षेत्र में आए हैं, जो नगर निगम प्रशासन की कार्यशैली की पोल खोलने के लिए काफी है। हालांकि नगर निगम प्रशासन की ओर से जन-जागरूकता के साथ-साथ लगातार कीटनाशकों का छिड़काव और फागिंग का दावा किया जा रहा है। पांच स्प्रे टैंकर, पांच फागिंग मशीन तथा 10 फोंटाना मशीनें लगाने की भी बात कही जा रही है।

नगर आयुक्त दयानंद सरस्वती ने बताया कि नगर निगम को छह जोन में बांटकर 101 फागिंग मशीन तथा दो-दो फोंटाना स्प्रे मशीन से भी प्रत्येक जोन में कीटनाशक का छिड़काव कराया जा रहा है। बताया कि अभियान और तेज किया जाएगा। उन्होंने डेंगू को लेकर सतर्कता बरतने की हिदायत दी है।

डेंगू के कारण, लक्षण और बचाव के उपाय

डेंगू ठहरे हुए साफ पानी में पनपता है। ऐसे में कूलर, गमले, पुराने टायर, कबाड़ आदि में पानी जमा न होने दें। समय-समय पानी को बदलते रहे। घर और इसके आसपास साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें। अगर कहीं जलनिकासी संभव नहीं है तो वहां जला मोबिल, केरोसीन आदि डाल दें। फ्रिज के वेस्ट वाटर बाक्स की भी समय-समय सफाई करें। पूरी आस्तीन के कपड़े पहनें, मच्छरदानी का प्रयोग करें। पूरी आस्तीन का कपड़ा पहनें। बुखार की स्थिति में डाक्टर की सलाह लें।

जिले में साल दर साल डेंगू के मामले

वर्ष - डेंगू के मामले

2018 - 266

2019 - 715

2020 -069

2021 - 561

2022 - 285

2023 - 500

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हरिद्वार सीएमओ डा. मनीष दत्त के अनुसार, अब तक डेंगू को लेकर जिले में सतर्कता बरती जा रही है। डोर टू डोर लोगों को जागरूक करने के साथ बुखार पीड़ितों को चिह्नित करने में लगाया गया है। कीटनाशक का छिड़काव और फागिंग करायी जा रही है।

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