विश्वनाथ गेट नंबर-1 के पास जर्जर इमारत का छज्जा गिरा, बड़ा हादसा टला
श्री काशी विश्वनाथ परिसर के गेट नंबर-1 के पास एक जर्जर दो मंजिला इमारत का छज्जा गिरने से बड़ा हादसा ...और पढ़ें

घटना में गनीमत यह रही कि उस समय नीचे कोई नहीं था।
जागरण संवाददाता, वाराणसी। श्री काशी विश्वनाथ परिसर के गेट नंबर-1 सिंह द्वार के निकट स्थित शंकराचार्य मंदिर की दो मंजिला इमारत का छज्जा चार दिन पहले गिर गया। इस घटना में गनीमत यह रही कि उस समय नीचे कोई नहीं था, अन्यथा बड़ा हादसा हो सकता था। यह मार्ग श्री काशी विश्वनाथ मंदिर की ओर जाता है, जहां प्रतिदिन लाखों श्रद्धालु और पर्यटक आते हैं।
स्थानीय निवासियों के अनुसार, यह इमारत काफी जर्जर अवस्था में है और इसका दूसरा हिस्सा भी कभी भी गिर सकता है। इस घटना के बाद, स्थानीय लोगों ने प्रशासन से जर्जर भवन की जांच कर मरम्मत या बैरिकेडिंग की मांग की है। श्रद्धालुओं का कहना है कि इस भीड़भाड़ वाले मार्ग पर तत्काल सुरक्षा व्यवस्था की आवश्यकता है, ताकि किसी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
इस घटना ने क्षेत्र में सुरक्षा के मुद्दे को एक बार फिर से उजागर किया है। श्रद्धालुओं और स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से अपील की है कि वे इस जर्जर इमारत की स्थिति को गंभीरता से लें और आवश्यक कदम उठाएं। यदि इस तरह की घटनाओं को समय रहते नहीं रोका गया, तो भविष्य में किसी बड़ी दुर्घटना का सामना करना पड़ सकता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस क्षेत्र में सुरक्षा उपायों को बढ़ाने की आवश्यकता है, ताकि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। प्रशासन को चाहिए कि वह इस मामले में त्वरित कार्रवाई करे और जर्जर इमारतों की स्थिति की जांच कराए। जबकि बारिश के दौरान नमी की वजह से पुराने मकानों के अधिक गिरने की संभावना है।
इस घटना ने यह स्पष्ट कर दिया है कि धार्मिक स्थलों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके। हालांकि निगम की ओर से ऐसे मकानों को चिन्हित कर नोटिस दिया जा रहा है।
