वाराणसी में गंगा में बाढ़ में कुछ आई कमी, लेकिन बढ़े जलस्तर की चिंता बरकरार, नौका संचालन ठप रहा
वाराणसी में गंगा का जलस्तर देर रात से घटने लगा है, 11 अगस्त को सुबह 8 बजे 63.71 मीटर दर्ज ...और पढ़ें

वाराणसी में गंगा का जलस्तर घटा पर बाढ़ का खतरा बरकरार, नौका संचालन ठप।
HighLights
गंगा का जलस्तर वाराणसी में धीरे-धीरे घट रहा है।
बाढ़ की स्थिति अभी भी बनी हुई, सतर्कता बरती जा रही है।
सुरक्षा के लिए नौका संचालन बंद, प्रशासन अलर्ट पर।
जागरण संवाददाता, वाराणसी। देर रात से काशी में गंगा का जलस्तर घटने लगा है। केंद्रीय जल आयोग की 11 अगस्त सुबह 8 बजे की रिपोर्ट के अनुसार गंगा का जलस्तर 63.71 मीटर रिकॉर्ड किया गया। आयोग के मुताबिक हर दो घंटे में करीब 1 सेंटीमीटर की कमी दर्ज की जा रही है।
जल पुलिस के प्रभारी सुधीर त्रिपाठी ने बताया कि सुबह से शाम तक लगभग 6 सेंटीमीटर पानी कम हुआ है, लेकिन जलस्तर अभी भी काफी ऊपर है। इसी वजह से एहतियात बरती जा रही है और बाढ़ की स्थिति अभी भी बनी हुई है।
गंगा के जलस्तर में कमी के बावजूद कई घाटों पर आपस में संपर्क टूट गया है। कुछ स्थानों पर आने-जाने के मार्गों पर पानी भरा हुआ है, जिससे लोगों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। प्रशासन ने तटवर्ती इलाकों में निगरानी बढ़ा दी है और नाव संचालन बंद कर दिया गया है।
स्थानीय प्रशासन ने बाढ़ की स्थिति को देखते हुए सभी आवश्यक कदम उठाने का निर्णय लिया है।गंगा का जलस्तर घटने और बढ़ने की प्रक्रिया जारी है, लेकिन इसके बावजूद बाढ़ की स्थिति को लेकर सतर्कता बरकरार है। जलस्तर में कमी आने के बावजूद, प्रशासन ने किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने का निर्देश दिया है।
मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों में बारिश की संभावना जताई है, जिससे जलस्तर में फिर से वृद्धि हो सकती है। ऐसे में प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को तैयार रहने के निर्देश दिए हैं।
गंगा नदी के किनारे बसे गांवों में बाढ़ के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ है। बाढ़ की स्थिति को देखते हुए स्थानीय लोगों को भी सतर्क रहने की सलाह दी गई है। उन्हें अपने आसपास के हालात पर नजर रखने और किसी भी आपात स्थिति में प्रशासन को सूचित करने के लिए कहा गया है।
