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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 23, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    किराना स्टोर चलाने वाले का बेटा बना अफसर… PCS परीक्षा में किया यूपी टॉप, पिता की एक बात सुनकर बांध ली थी गांठ

    Updated: Tue, 23 Jan 2024 11:20 PM (IST)

    Topper Success Story - किराना व्यापारी राजेश गुप्ता के बेटे सिद्धार्थ गुप्ता ने पीसीएस परीक्षा में यूपी टॉप किया है। सिद्धार्थ वर्तमान में बिजनौर में ...और पढ़ें

    किराना स्टोर चलाने वाले का बेटा बना अफसर… PCS परीक्षा में किया यूपी टॉप।
    किराना स्टोर चलाने वाले का बेटा बना अफसर… PCS परीक्षा में किया यूपी टॉप।

    संवाद सहयोगी, देवबंद। नगर के किराना व्यापारी राजेश गुप्ता के होनहार बेटे सिद्धार्थ गुप्ता ने उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग में पीसीएस परीक्षा में यूपी टॉप किया है। सिद्धार्थ वर्तमान में बिजनौर में नायब तहसीलदार के पद पर तैनात हैं। इससे परिवार में खुशी की लहर है।

    पढ़िए टॉपर की सक्सेस स्टोरी

    मंगलवार को यूपीपीएससी के घोषित रिजल्ट में देवबंद के सिद्धार्थ गुप्ता टॉपर बने हैं। सिद्धार्थ किराना एसोसिएशन देवबंद के अध्यक्ष एवं प्रसिद्ध व्यापारी राजेश गुप्ता के इकलौते बेटे हैं। सिद्धार्थ गुप्ता ने कड़ी मेहनत व लगन को सफलता का आधार बताया। उन्होंने बताया कि तीन प्रयासों के बाद पहले साक्षात्कार में ही उन्हें सफलता मिल गई। 

    सिद्धार्थ ने बताया कि वर्ष 2023 में वह नायब तहसीलदार बने और फिलहाल उनकी तैनाती जनपद बिजनौर के लेखपाल ट्रेनिंग सेंटर में थी। उन्होंने बताया कि इंटरमीडिएट तक की पढ़ाई उन्होंने देवबंद के दून वैली स्कूल में की है। इसके बाद उन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी संबद्ध हंसराज कॉलेज से बीएससी ऑनर्स किया। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता को दिया है। 

    जब पिता के कहने पर अफसर बनने की ठानी

    सिद्धार्थ गुप्ता पहले आईआईटी करना चाहते थे और उनका चयन आईआईटी खड़गपुर के लिए हो गया था, लेकिन उनके पिता राजेश गुप्ता उन्हें अफसर बनाना चाहते थे। एक दिन उन्होंने बेटे से कहा कि अफसर बन ताकि मैं साहब का पिता कहलाऊं। इसके बाद सिद्धार्थ ने अपने पिता का सपना पूरा करने की ठान ली। अफसर बनने की तैयारी शुरू कर दी।

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    बेटे की उपलब्धि से गदगद पिता राजेश गुप्ता और माता अंजना गुप्ता ने बताया कि उनका बेटा बचपन से ही पढ़ाई में होनहार था। सिद्धार्थ ने अपने माता पिता का सपना पूरा किया है। सिद्धार्थ ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता व परिवार के लोगों को दिया है।

    घर पर बधाइयां देने वालों का तांता

    मंगलवार को जैसे ही यूपीपीएससी की सूची में सिद्धार्थ गुप्ता का नाम पहले नंबर पर आया तो परिवार समेत पूरे नगर में खुशी की लहर दौड़ गई और उनके घर पर बधाई देने वालों का तांता लग गया।

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