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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 04, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    आजम खां, अब्दुल्ला और तजीन फात्मा की अपील पर सात द‍िसंबर को होगी सुनवाई, दो जन्म प्रमाण पत्र मामले में हुई थी सात साल की सजा

    By Bhaskar SinghEdited By: Vinay Saxena
    Updated: Mon, 04 Dec 2023 08:03 PM (IST)

    आजम खां उनकी पत्नी और बेटे को 18 अक्टूबर को एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट (मजिस्ट्रेट ट्रायल) ने सात-सात साल कैद की सजा सुनाई थी। यह सजा अब्दुल्ला के दो जन् ...और पढ़ें

    आजम खां, उनकी पत्नी और बेटे को एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट (मजिस्ट्रेट ट्रायल) ने सात-सात साल कैद की सजा सुनाई थी।
    आजम खां, उनकी पत्नी और बेटे को एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट (मजिस्ट्रेट ट्रायल) ने सात-सात साल कैद की सजा सुनाई थी।

    जागरण संवाददाता, रामपुर। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव आजम खां, उनकी पत्नी पूर्व सांसद डा. तजीन फात्मा और बेटे पूर्व विधायक अब्दुल्ला द्वारा सजा के खिलाफ अपील पर सात दिसंबर को सुनवाई होगी। यह कोर्ट काफी समय से रिक्त चल रही थी। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता सीमा राणा ने बताया कि हाईकोर्ट से विशेष न्यायाधीश ईसी एक्ट विजय कुमार के नाम नोटिफिकेशन आया है। अब वही इस कोर्ट में चल रहे मामलों की सुनवाई करेंगे।

    आजम खां, उनकी पत्नी और बेटे को 18 अक्टूबर को एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट (मजिस्ट्रेट ट्रायल) ने सात-सात साल कैद की सजा सुनाई थी। यह सजा अब्दुल्ला के दो जन्म प्रमाण पत्र बनाने को लेकर हुई थी। दो जन्म प्रमाण पत्र का मुकदमा विधायक आकाश सक्सेना की ओर से दर्ज कराया गया था, जिसमें कहा था कि अब्दुल्ला के अलग-अलग जन्मतिथि से दो जन्म प्रमाण पत्र बनाए गए हैं।

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    एक जन्म प्रमाण पत्र नगर पालिका रामपुर से बनाया गया था, जबकि दूसरा लखनऊ से। अदालत ने तीनों को दोषी मानते हुए सजा सुनाई थी। सजा के बाद तीनों को पहले रामपुर जेल भेज दिया गया था। बाद में आजम खां को वहां से सीतापुर जेल स्थानांतरित कर दिया, जबकि अब्दुल्ला को हरदोई की जेल भेज दिया था। आजम खां की पत्नी रामपुर जेल में सजा काट रही हैं। तीनों की ओर से अलग-अलग अपील और जमानत याचिका दाखिल की गई, जिसकी सुनवाई एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट (सेशन ट्रायल) में होनी है।