मुरादाबाद का नया 'नंबर गेम': 31.26 लाख से बढ़कर 38.88 लाख हुई जिले की आबादी, देहात में बंपर उछाल
मुरादाबाद की आबादी 2011 से 7.62 लाख बढ़कर 38.88 लाख हुई है, जिसमें ग्रामीण क्षेत्रों में सर्वाधिक वृद्धि दर्ज की गई है। जनगणना 2027 के पहले चरण के संभ ...और पढ़ें

जनगणना प्रक्रिया में हिस्सा लेते पुलिसकर्मी। फ़ाइल फ़ोटो
HighLights
जनगणना-2027 के पहले चरण में सामने आए संभावित आंकड़े
मकानों के सूचीकरण और गणना का कार्य सौ प्रतिशत पूरा
अनुज मिश्र, मुरादाबाद। जनगणना-2027 के पहले चरण में चल रहे मकानों के सूचीकरण और गणना का कार्य सौ प्रतिशत पूरा हो गया है। जिसके बाद सामने आए आंकड़े पर गौर करें तो बीते 15 साल में जिले की कुल आबादी 7 लाख 62 हजार 358 बढ़ी है। वर्तमान में संभावित कुल आबादी 38 लाख 88 हजार 865 है। इसमें देहात क्षेत्र की जनसंख्या 24 लाख 28 हजार 227 व नगरीय क्षेत्र की जनसंख्या 14 लाख 60 हजार 638 है।
साल 2011 में हुई अंतिम बार जनगणना के समय जिले की कुल आबादी 31 लाख 26 हजार 507 थी जिसमें देहात क्षेत्र की जनसंख्या 19 लाख 69 हजार 982 व नगरीय क्षेत्र की जनसंख्या 11 लाख 56 हजार 525 थी। फिलहाल, वास्तविक स्थिति फरवरी 2027 में प्रस्तावित दूसरे चरण की जनगणना के बाद सामने आएगी।
अफसरों ने बताया कि 20 जून तक चलने वाले मकानों के सूचीकरण और गणना का कार्य जिले में समय से पहले ही सौ प्रतिशत पूरा कर लिया गया जिसके बाद यह संभावित आंकड़े सामने आए हैं। जनगणना-2027 की शुरुआत मई से हुई थी। 7 मई से 21 मई तक स्व-गणना का काम हुआ।
उसके बाद 22 मई से 20 जून तक मकानों के सूचीकरण और गणना का कार्य शुरू किया गया। प्रत्येक प्रगणक को 120 से 180 घरों का ब्योरा दर्ज करने का लक्ष्य दिया गया।
इन प्रगणकों ने परिवारों से सदस्यों की संख्या, संपत्तियों, मूलभूत सुविधाओं जैसे बाथरूम, किचन की उपलब्धता, परिसंपत्तियां जैसे कार, टीवी, मोबाइल, अन्य सामाजिक-आर्थिक समेत 33 बिंदुओं पर जानकारी जुटाई।
उसका ब्यौरा दर्ज किया। जिले की सभी 643 ग्राम पंचायतों, नगर पालिका परिषद, नगर पंचायत, ब्लाक व निगम क्षेत्र हर घर प्रगणक पहुंचे। प्रगणकों द्वारा एकत्र किए गए डेटा की निगरानी और सत्यापन का कार्य पर्यवेक्षकों ने पूरा किया। जिसके बाद प्राथमिक आंकड़े सामने आए।
खबरें और भी
फरवरी 2027 में प्रस्तावित है जनगणना का दूसरा चरण
जनगणना-2027 का दूसरा चरण एक फरवरी 2027 से प्रस्तावित है। इसमें प्रत्येक व्यक्ति की गणना की जाएगी। इस बार पहली बार व्यापक स्तर पर जातिगत आंकड़े भी संकलित किए जाएंगे। जनसंख्या, सामाजिक संरचना व आर्थिक स्थिति से जुड़े आंकड़े एक मार्च 2027 तक एकत्र किए जाएंगे। इसके बाद ही जिले की वास्तविक आबादी व सामाजिक स्वरूप की स्पष्ट तस्वीर सामने आएगी।
1 लाख 16 हजार परिवारों ने की स्व-गणना
2027 की जनगणना पहली डिजिटल जनगणना है। इस बार की जनगणना में आम नागरिकों की सुविधा के लिए स्व-गणना पोर्टल की व्यवस्था भी थी। यह पोर्टल 7 से 21 मई के बीच कार्यरत था जिसमें मुरादाबाद के लगभग 1 लाख 16 हजार परिवारों ने अपनी सूचना इस पोर्टल के माध्यम से भरी थी।
इसके बाद घर-घर पहुंचे प्रगणकों ने मोबाइल आधारित एप्लीकेशन के जरिए सीधे पोर्टल पर आंकड़े फीड किये। इससे आंकड़ों की सटीकता व पारदर्शिता बढ़ी। अधिकारियों का मानना है कि डिजिटल व्यवस्था के कारण आंकड़ों का संकलन व विश्लेषण पहले की तुलना में अधिक तेज और प्रभावी होगा।
देहात क्षेत्र में बढ़ी सर्वाधिक आबादी
जनगणना-2027 के सामने आए संभावित आंकड़ों के अनुसार, देहात में सर्वाधिक आबादी बढ़ी है। 2011 में जहां देहात क्षेत्र में कुल आबादी 19 लाख 69 हजार 962 थी, वही अब यह आंकड़ा 24 लाख 28 हजार 227 है।
मतलब 15 साल में देहात क्षेत्र में कुल आबादी 4 लाख 58 हजार 245 बढ़ी। वहीं, शहर क्षेत्र की स्थिति देखें तो 3 लाख 4 हजार 113 बढ़ोत्तरी दर्ज की गई। 2011 में शहर में आबादी 11 लाख 56 हजार 525 थी जो अब 14 लाख 60 हजार 638 दर्ज की गई है।
2011 में मुरादाबाद का ही हिस्सा था संभल
साल 2011 में जब अंतिम बार जनगणना हुई थी तब संभल जिला मुरादाबाद जनपद का ही हिस्सा था। उस समय हुई जनगणना में कुल जनसंख्या 47 लाख 73 हजार छह दर्ज की गई थी। जिसमें ग्रामीण क्षेत्र की जनसंख्या 31 लाख 98 हजार 383 व नगरीय क्षेत्र की जनसंख्या 15 लाख 73 हजार 623 दर्ज की गई थी।
इसमें पुरुष जनसंख्या 25 लाख 3 हजार 186 थी, वहीं स्त्री की संख्या 22 हजार 68 हजार 820 थी। संभल के अलग जनपद बनने के बाद आंकड़े प्रथक किये गए तब जनपद की कुल आबादी 31 लाख 26 हजार 507 रह गई थी जिसमें ग्रामीण की जनसंख्या 19 लाख 69 हजार 982 और शहर की आबादी 11 लाख 56 हजार 525 दर्ज की गई।