BJP नेताओं में 'महाभारत': मीनाक्षी भराला बोलीं- बेटे और पोती को माला, बहू को क्यों नहीं? MLA नंदकिशोर गुर्जर का पलटवार
राज्य महिला आयोग की सदस्य व भाजपा नेता मीनाक्षी भराला ने भाजपा विधायक नंद किशोर गुर्जर पर पोती के जन्म ...और पढ़ें

राज्य महिला आयोग की सदस्य मीनाक्षी भराला और भाजपा विधायक नंद किशोर गुर्जर। सौ. सोशल मीडिया
HighLights
नंद किशोर गुर्जर ने भारतीय संस्कृति का हवाला देते हुए जवाब दिया।
विधायक ने मीनाक्षी भराला पर अनुशासनहीनता का आरोप लगाया।
जागरण संवाददाता, मेरठ। सोशल मीडिया पर दो वीडियो तेजी से वायरल हो रहे हैं। राज्य महिला आयोग की सदस्य व भाजपा नेता मीनाक्षी भराला ने भाजपा के लोनी विधायक नंद किशोर गुर्जर पर सवाल उठाया कि जब पोती के पैदा होने पर बेटे और पोती को नोटों की माला पहना सकते हैं तो अपनी पुत्र वधू को क्यों नहीं। इस पर विधायक का जवाब भी प्रसारित हो रहा है कि भारतीय संस्कृति में ससुर अपनी पुत्र वधू को माला नहीं पहनाते।
दरअसल हाल ही में चर्चित भाजपा विधायक नंदकिशोर गुर्जर के घर हाल में ही पोती पैदा हुई है। इस मौके पर उनके परिवार में एक सम्मान समारोह का आयोजन हुआ। इस दौरान विधायक ने अपने बेटे और पोती का माला पहनाकर स्वागत किया। विधायक ने इसकी रील बनाकर अपलोड की। उसे देखकर मीनाक्षी भराला ने सवाल उठा दिए।
मीनाक्षी भराला ने एक पत्रकार वार्ता में कहा कि अगर नोटों की माला नंदकिशोर गुर्जर ने अपने बेटे और पौत्री के गले में डाली तो अपनी पुत्रवधू के गले में क्यों नहीं डाली? क्या उस बच्ची के जन्म में उस महिला कोई रोल नहीं रहा होगा? उस मां का स्वागत ऐसे नहीं किया गया जैसे बेटे और पोती का किया गया।
कहा कि कब तक हमारा पढ़ा-लिखा और उच्च स्तर का समाज इसी मानसिकता का रहेगा कि हम पुत्रवधू का स्वागत वैसे नहीं कर सकते जितना वो डिजर्व करती है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि वह यह नहीं कह रही कि नंदकिशोर गुर्जर अपनी पुत्रवधू को सम्मान नहीं देते होंगे पर उनको उस समय भी यह सम्मान देना चाहिए था जब सोशल मीडिया पर लाखों लोग उन्हें देख रहे थे।
राज्य महिला आयोग की सदस्य का बयान जब वायरल हुआ तो उसके जवाब में नंद किशोर का भी बयान भी वायरल हो रहा है। नंद किशोर कहते हैं कि उन्होंने महिलाओं का सम्मान किया तभी तो लक्ष्मी के स्वागत में पोती को माला पहनाई। उनकी पुत्र वधू उनके लिए देवी के समान है। मीनाक्षी भराला को शायद यह नहीं पता कि भारतीय संस्कृति में पुत्र वधू को ससुर माला नहीं पहनाते।
उन्होंने मीनाक्षी पर सवाल उठाते कहा कि ये कैसी भाजपा कार्यकर्ता हैं, जो अपनी ही पार्टी के विधायक को महिला विरोधी ठहरा रही हैं। यह तो अनुशासनहीनता है।
