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कान्हा जी की छठी: मेरठ के मंदिर में 5000 श्रद्धालुओं के लिए तैयार हो रहा प्रसाद, इसमें 25 प्रकार के मिष्ठान भी शामिल

By Vinay Kumar Edited By: Praveen Vashishtha
Published: Mon, 07 Sep 2026 04:26 PM (IST)

Meerut News: मेरठ के बेगमबाग स्थित शिव मंदिर में 9 सितंबर को कान्हा जी की छठी होने वाले आयोजन की ...और पढ़ें

बेगमबाग में स्थित शिव मंदिर में कान्हा जी की छठी पर होने वाले आयोजन की तैयारी।

बेगमबाग में स्थित शिव मंदिर में कान्हा जी की छठी पर होने वाले आयोजन की तैयारी।

HighLights

  1. 1930 में स्थापित बेगमबाग शिव मंदिर में होगा आयोजन।

  2. नौ सितंबर को दोपहर ढ़ाई बजे से प्रसाद वितरण होगा शुरू

जागरण संवाददाता, मेरठ। कान्हाजी की छठी पर शहर भर में भंडारे आयोजित होते हैं, लेकिन एक जगह ऐसी है जहां यह आयोजन वार्षिक कार्यक्रम के रूप में बड़े ही व्याप्क स्तर से मनाया जाता है। शहर के बेगमबाग इलाके में प्राचीन शिव मंदिर में कान्हा जी की छठी विशाल स्तर पर तैयारी की जा रही है। बेगमबाग में स्थापित इस मंदिर का इतिहास स्वतंत्रता मिलने से पूर्व का है। इस मंदिर की स्थापना 28 जून 1930 में हुई थी।

शिव मंदिर की व्यवस्था से जुड़े दवा व्यापारी विपिन बंसल कहते हैं कि मंदिर में कान्हा जी की छठी नौ सितंबर को मनाई जाएगी। यह कार्यक्रम मंदिर के वार्षिक आयोजन के रूप में सबसे विशाल व भव्यता से किया जाता है। छठी की तैयारी मंदिर में एक सप्ताह पूर्व ही शुरू हो जाती है। मंदिर में लगभग पांच हजार श्रद्धालुओं के लिए भंडारा व प्रसाद तैयार किया जा रहा है।

इसमें मुख्य रूप से 25 प्रकार के मिष्ठान, 11 प्रकार की नमकीन, पांच प्रकार के लड्डू, तीन तरह के हलुवा, चार सब्जी-कचौरी व अन्य व्यंजन तैयार किए जा रहे हैं। नौ सितंबर को मंदिर में दोपहर ढ़ाई बजे से प्रसाद वितरण शुरू होगा, जो देर रात तक जारी रहेगा।

स्वच्छता व पवित्रता का रखा जाता है विशेष ध्यान

शिव मंदिर बेगमबाग के पुजारी पंडित महेश चंद कहते हैं कि 11 प्रकार की नमकीन में मठरी, नमकीन पारे, समोसे व अन्य नमकीन व्यंजन शामिल होता है। मिष्ठान में पांच प्रकार की बंगाली, बर्फी, रसगुल्ला समेत 25 प्रकार की मिठाई तैयार की जा रही है। छुआरा, पंचमेवा, गोंद, धनिया व समोसा समेत पांच प्रकार के लड्डू तैयार हो रहे हैं। इसके अलावा छोले-कढ़ी चावल, मटर-पनीर, दम आलू, कचौरी और सूजी, मूंगदाल व बादाम समेत तीन प्रकार के हलवे भी प्रसाद में वितरण होंगे।

इस प्रसाद की संपूर्ण श्रृंखला में राशन के रूप में लगभग 800 किलो चीनी, 1200 किलो आटा, 800 किलो दही, 75 टिन देशी घी, 50 टिन रिफाइंड, 800 किलो चावल, 300 किलो मावा व अन्य मसाले का उपयोग किया जाता है। प्रसाद तैयार करने में स्वच्छता और पवित्रता का विशेष ध्यान रखा जाता है। इस व्यवस्था में सुशील पोम्पट, विक्रम त्यागी, रूपेश गुप्ता, संजय वर्मा, हरीश चौधरी, विपिन बंसल व अन्य शामिल हैं।