मेरठ में संत नहीं, हमारे भीतर धर्म व संस्कार का आगमन : आचार्यश्री सौरभ सागर महाराज
मेरठ में आचार्यश्री सौरभ सागर महाराज का भव्य मंगल प्रवेश हुआ, जहां सकल जैन समाज ने उनका उत्साहपूर्वक स्वागत किया। महाराजश्री ने मंगल प्रवचन में धर्म, ...और पढ़ें

मेरठ में आचार्यश्री सौरभ सागर महाराज का के मंगल प्रवेश के मौके पर ब्रहमपुरी मेट्रो स्टेशन दिल्ली रोड पर उमड़े श्रद्धालु व अभिवादन स्वीकारते आचार्यश्री। जागरण
HighLights
आचार्यश्री सौरभ सागरजी महाराज का मेरठ में भव्य मंगल प्रवेश।
सकल जैन समाज ने 32 स्थानों पर महाराजश्री का स्वागत किया।
चातुर्मास के दौरान श्री सिद्धचक्र महामंडल विधान आयोजित होगा।
जागरण संवाददाता, मेरठ। संस्कार प्रणेता, ज्ञानयोगी जैनाचार्य आचार्यश्री सौरभ सागर महाराज का रविवार को शहर में भव्य मंगल प्रवेश हुआ। उनके मंगल प्रवेश का विशाल जुलूस निकाला गया। रविवार सुबह दिल्ली रोड स्थित श्रीराम पैलेस से सकल जैन समाज ने अगुवानी करते हुए महाराजश्री का स्वागत किया। रूट को तोरण द्वार से सजाया गया। ऊंट, घोड़ों के साथ नपीरी व बैंड-बाजे की धुनों पर भजनों से महाराजश्री के जय-जयकार की। श्रीराम पैलेस से शुरू होकर लगभग 32 स्थानों पर महाराजश्री के स्वागत में जैन समाज की विभिन्न शाखाओं व संस्थाओं ने नमन किया।

दिल्ली रोड, शारदा रोड, मेट्रो प्लाजा रेलवे रोड चौराहा होते हुए महाराजश्री का भव्य जुलूस रेलवे रोड स्थित जैन बोर्डिंग हाउस पहुंचा। जैन समाज से खचाखच भरा हुआ जैन बोर्डिंग हाउस सोसायटी का प्रांगण उत्साह व उमंग से सराबोर रहा। आचार्यश्री ने मंगल प्रवचन में कहा कि जैसे-जैसे उनका जूलूस आगे बढ़ता गया, वैसे-वैसे श्रावकों का उत्साह बढ़ता चला गया। उन्होंने कहा कि आचार्यश्री पुष्पदंत सागर महाराज ने मेरठ के प्रयास को प्रसाद में तब्दील कर दिया। उन्हीं के आशीर्वाद से 32वां पुष्प वर्षा योग करने का अवसर मिला।
मेरठ में 11 वर्षों बाद यह अवसर आया, जब चातुर्मास करने आए हैं। उन्होंने कहा कि मेरठ में चातुर्मास के लिए संत का आगमन नहीं, हमारे भीतर धर्म, संस्कार व समर्पण का आगमन होगा। उन्होंने मंगल आशीर्वाद देते हुए कहा कि चातुर्मास के बाद उदासीनता नहीं आती, जैन समाज उत्साह व उमंग से भर जाता है। चातुर्मास को सिर की पगड़ी मत समझो, इसे शरीर की चमड़ी समझ लो। उन्होंने कहा कि हमें मोमबत्ती की तरह एकदम पिघलना नहीं है, हमें अगरबत्ती धीरे-धीरे चहुंओर सुगंध फैलानी है।
एक समाज एक आवाज, मिल जाए हमको चौमास का सूत्र दिया। जैन समाज के अध्यक्ष व पुष्प वर्षा योग समिति के चेयरमैन सुरेश जैन ऋतुराज ने कार्यक्रम में घोषणा करते हुए कहा कि चार अगस्त से 11 अगस्त तक जैन बोर्डिंग हाउस में श्री सिद्धचक्र महामंडल विधान आयोजित होगा। इसमें सभी श्रद्धालुगण पूरे उत्साह के साथ भाग लें। 19 अगस्त को भगवान पार्श्वनाथ का मोक्ष कल्याणक मनाया जाएगा। विजय जैन एडवोकेट, सुरेंद्र कुमार जैन, अनिल जैन, सुनील जैन प्रवक्ता, योगेश चंद जैन अरिहंत व अन्य का विशेष सहयोग रहा।