Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    योगी सरकार की बड़ी पहल, कौशल प्रशिक्षण में दिव्यांगजनों को 5% आरक्षण, एसिड अटैक पीड़ित महिलाओं को प्राथमिकता

    Updated: Mon, 18 May 2026 08:26 PM (IST)

    योगी सरकार ने उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन के तहत अल्पकालीन प्रशिक्षण कार्यक्रमों में दिव्यांगजनों के लिए 5% सीटें आरक्षित की हैं। इसमें एसिड अटैक पीड ...और पढ़ें

    News Article Hero Image

    HighLights

    1. दिव्यांगजनों के लिए 5% सीटें आरक्षित।

    2. एसिड अटैक पीड़ितों को प्रशिक्षण में प्राथमिकता।

    3. आत्मविश्वास और सम्मान लौटाने का सशक्त जरिया।

    डि‍जिटल डेस्‍क, लखनऊ। उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन द्वारा समाज के वंचित एवं विशेष जरूरत वाले वर्गों को मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। योगी सरकार की इस पहल के तहत प्रदेश में संचालित सभी अल्पकालीन कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रमों के प्रत्येक बैच में दिव्यांगजनों के लिए 5 प्रतिशत सीटें अनिवार्य रूप से आरक्षित की गई हैं।

    प्रदेश के व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल ने बताया कि भारत सरकार के दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम, 2016 के प्रावधानों के अनुरूप एसिड अटैक पीड़ितों को दिव्यांगजन की श्रेणी में शामिल किए जाने के दृष्टिगत उन्हें कौशल प्रशिक्षण में विशेष प्राथमिकता प्रदान की जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि कोई एसिड अटैक पीड़ित महिला प्रशिक्षण प्राप्त करने की इच्छुक एवं पात्र है, तो उन्हें प्राथमिकता के आधार पर पंजीकृत किया जाना सुनिश्चित किया जाए।

    कौशल विकास केवल रोजगार का माध्यम नहीं, बल्कि आत्मविश्वास और सम्मान लौटाने का सशक्त जरिया है। उन्होंने कहा कि मिशन का लक्ष्य है कि प्रशिक्षण एवं रोजगार के माध्यम से इन महिलाओं को समाज में समान अवसर एवं नई पहचान मिल सके।

    मिशन निदेशक पुलकित खरे की पहल पर प्रदेश के सभी जनपदों की जिला कार्यक्रम प्रबंधन इकाइयों (डीपीएमयू) को निर्देशित किया गया है कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में गठित होने वाले प्रशिक्षण बैचों में आरक्षित सीटों पर पात्र लाभार्थियों का चयन सुनिश्चित किया जाए।

    खबरें और भी

    इसके साथ ही इस योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए महिला कल्याण तथा बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग के जिला प्रोबेशन अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि जनपदवार एसिड अटैक पीड़ित महिलाओं का विवरण तैयार कर अधिक से अधिक पात्र लाभार्थियों को इस योजना से जोड़ा जा सके। उन्होंने सभी संबंधित विभागों एवं अधिकारियों से निर्देशों का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित करने का आह्वान किया, ताकि अधिक से अधिक जरूरतमंद महिलाएं इस योजना का लाभ प्राप्त कर सकें।