कानपुर में चौंकाने वाली घटना: घर के नीचे सुरंग का जाल, पलंग धंसा तो भूकंप समझ भागा परिवार
नवाबगंज में चूहों द्वारा नींव कमजोर करने और पानी की पाइपलाइन तोड़ने से एक मकान का फर्श धंस गया। चूहों ने सीवर, पेयजल लाइनें, सड़कें और फुटपाथ भी क्षति ...और पढ़ें

नवाबगंज में मकान की फर्श धंसने के बाद अंदर दिखते चूहे के बिल। जागरण
HighLights
चुहों ने कई इलाकों की सीवर व पेयजल लाइन, फुटपाथ व सड़क खोखली कर दी
रेलवे स्टेशन में भी चूहों का आतंक, विभागों में रखे दस्तावेज भी चूहों से अछूते नहीं
जागरण संवाददाता, कानपुर। कुत्तों व बंदरों के आतंक से लोग सड़क व छत पर जाने से कतराते है। अब चूहों के डर के कारण घरों के अंदर रहने में डरने लगे है। चूहें धीरे-धीरे शहर की नींव को खोखला करते जा रहे है। रेलवे स्टेशन में पहले ही चूहों का आतंक है। वहीं अब कई मुहल्लों में चूहों ने नाला, सीवर व पेयजल लाइन, सड़क व फुटपाथ खोद दिया है। अंदर अंदर खोखला करते जा रहे है कभी भी कोई हादसा हो सकता है।
इसी कड़ी में नवाबगंज में चूहों के दशहत से एक परिवार घर में नहीं सो पा रहा है। किस्सा यह है कि नवाबगंज में स्थित मकान नंबर 2/301 में चहूों ने नींव को खोखला करने के साथ ही पेयजल लाइन भी तोड़ दी थी। इसके चलते अंदर-अंदर पानी भरने और मिट्टी दरकने से बुधवार को रात करीब साढ़े 12 बजे फर्श धंस गया। मकान में रहने वाले आयुष श्रीवास्तव ने बताया कि पत्नी साधना श्रीवास्तव व बेटा विनायक श्रीवास्तव के साथ कमरे में सो रहे थे।
रात में करीब साढ़े 12 बजे लगा कि पलग का एक पाया जमीन में अंदर जा रहा है। पलंग भी एक तरफ झूक गया। नींद खुल गयी पहले लगा कि भूकंप आ रहा है। पत्नी व बेटे को जगाया और उठ गए। थोड़ी देर में पलंग जमीन में धंस गया। फर्श धंस गया और छह फीट से ज्यादा गड्ढा हो गया। इसके बाद वह परिवार के साथ बाहर आ गए और पड़ोसियों को बताया। पड़ोसी निकल आए। इसके बाद कोई घर में नहीं सोया। बगल के मकान की तरफ चूहों ने बिल बना रखा है। पड़ोसी के मकानों में भी दरार नजर आ रही है। छज्जे पर बांस बल्ली लगा दी गयी। आयुष ने बताया कि सुबह मजदूर बुलाकर खोदाई करायी है। पाइप टूटा है और कई चूहों के बिल है। आयुष ने बताया कि बगल में ताऊ का मकान है वहीं पर परिवार के साथ अभी रह रहे है और मकान ठीक कराया जाए।
नवाबगंज में यहां भी खोदी सड़क
नवाबगंज में चूहा की आतंक से जगह-जगह रोड धंस गई है जिसमें ब्रह्मपुरी गली,भूलेश्वर मंदिर वाली गली, अभिलाषा साड़ी सेंटर के बगल वाली गली एवं चंपी वाली गली समेत कई जगह, सड़क, फुटपाथ व नाली तोड़ दी है। इसके चलते रास्ता खतरनाक हो गया है।
खबरें और भी
अब तक यहां पर भी चूहों का आतंक
- चुहों ने 80 फीट चौराहा के सीवर लाइन तो़ड़ दी थी इसके चलते नाला बैठने से सड़क धंस गयी।
- दर्शनपुरवा में कई गलियों व सड़क पर चूहों ने सीवर व पेयजल लाइन तोड़ रखी है। चार साल पहले गुमटी नंबर पांच में फुटपाथ धंस गया था तब नगर निगम की टीम ने मलबा डालकर भराव कराया था।
- गांधीनगर में चूहों ने पार्क खोद रखे है कई जगह खोखले हो गए है। इसके चलते पेड़ भी गिर जाते है।
- श्यामनगर, विष्णुपुरी, रेलवे स्टेशन घंटाघर, गोविंद नगर, रतनलाल नगर समेत कई जगह कुत्तों ने सड़क व फुटपाथ खोद दी है।
फ्लाइट रोक चुके चूहे
चूहों ने कानपुर दिल्ली की फ्लाइट रोक दी थी। चकेरी एयरपोर्ट में हवाई जहाज को खड़ा करना पड़ा था।
केडीए में दस्तावेज सुरक्षित रखने को लगाए बिजली वाले पिंजरे
केडीए ने अपने दस्तावेज सुरक्षित रखने के लिए बिजली वाले पिंजरे लगाए थे। कई जगह चूहों ने दस्तावेज काट डाले है। कई विभाग पिंजरे रख रखे है।
दीवार में दरार आ गयी है। जमीन भी खोखली लग रही है। छज्जे को रोकने के लिए बांस बल्ली लगा दी है। पूरे घर में देख रहे है कि कहां पर बिल है उसको ठीक कराया जाएगा।
सौरभ श्रीवास्तव, पड़ोसी
नाली को खोद दिया है। मिट्टी निकलती रहती है। रास्ता खतरनाक हो गया है। कुत्तों से ज्यादा खतरनाक अब चूहे हो रहे है। इन पर अंकुश लगाया जाए।
उमांशकर पड़ोसी
फुटपाथ व सड़क को खोद दिया है। इशके चलते अब सड़क पर निकलने में डर लगता है। अब तो और दशहत हो गयी है। नींद नहीं आएगी।
राजेन्द्र सहाय,पड़ोसी
नवाबगंज, विष्णुपुरी आजाद नगर समेत कई जगह चूहों ने सड़क, फुटपाथ व नाली खोद दी है। सीवर व पेयजल लाइन भी तोड़ दी है। अंदर ही अंदर रास्ता खोखला हो रहा है। कभी भी सड़क व फुटपाथ धंस सकता है। अब सीसी नाली, सड़क व फुटपाथ का निर्माण कराया जाएगा।
राजकिशोर यादव, क्षेत्रीय पार्षद
घरों व दुकान में खुला अनाज न रखे। चूहों को पकड़ने के लिए पिंजरे रखे और पेस्ट लगाए जिसमें चूहों चिपक जाते है। साथ ही सचेत रहे कहीं भी बिल या खोखला दिखायी देता है तो उसको चेक जरूर करा ले ताकि ठीक कराया जा सके। गड्ढो़ को भर दे।
डा अनुराग सिंह, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी, नगर