लोनी में सीवर लाइन बिछाने के बाद सड़कें बदहाल, बारिश में बढ़ी मुसीबत
लोनी की अंकुर विहार डीएलएफ कॉलोनी में सीवर लाइन बिछाने के बाद सड़कों की मरम्मत नहीं की गई है, जिससे बारिश में कीचड़ और जलभराव से लोगों को भारी परेशानी ...और पढ़ें

डीएलएफ अंकुर विहार में बदहाल पड़ा मार्ग।जागरण
HighLights
अंकुर विहार में सीवर लाइन के बाद सड़कें जर्जर छोड़ी गईं।
बारिश में कीचड़ और जलभराव से आवागमन मुश्किल हुआ।
उपजिलाधिकारी ने सड़क मरम्मत का आश्वासन दिया है।
हरिशंकर शर्मा, लोनी। अंकुर विहार डीएलएफ कॉलोनी की कई गलियों में सीवर लाइन बिछाने के नाम पर सड़कों को खोदकर उन्हें बदहाल छोड़ दिया गया है।
खोदाई कर सीवर लाइन तो डाली गई, पर काम पूरा होने के बाद भी आज तक सीवर लाइन डालने के लिए खोदी गई सड़क की मरम्मत नहीं की गई है। वर्षा ने इन रास्तों की स्थिति और जर्जर कर दी है।
मार्ग पर मिट्टी, कीचड के कारण पैदल निकलना भी मुश्किल है। बच्चे स्कूल जाते समय फिसलकर गिर रहे हैं तो बुजुर्ग और महिलाएं संभल-संभलकर रास्ता पार करने को मजबूर हैं।
सीवर लाइन बिछाने का काम जारी
सबसे गंभीर स्थिति उन परिवारों की है, जिनके घरों के सामने जलभराव और गड्ढे हैं। ऐसे में अचानक तबीयत बिगड़ने पर मरीज को अस्पताल पहुंचाना भी मुश्किल हो रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि शिकायत के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हो रही है।
सीवर लाइन परियोजना द्वारा लोनी की अंकुर विहार डीएलएफ कॉलोनी में में करीब 60 करोड़ रुपये की लागत से लगभग 59 किलोमीटर सीवर लाइन बिछाई जा रही है। कॉलोनी में पिछले कई माह से काम चल रहा है।
कार्यदायी संस्था के कर्मचारी सीसी और इंटरलाकिंग सड़कों को खोदकर पाइप डाल रहे हैं। सीवर बिछाने के बाद सड़क तोड़ने से जो मलबा मिट्टी थी उसे ही सड़क पर भर दिया गया।
लेकिन काम पूरा होने के बाद रास्तों को सुधारने की जिम्मेदारी जैसे भूल गए हैं। खोदाई के बाद सड़कों को बनाया नहीं गया। नतीजा यह है कि वर्षा होते ही सड़कें तालाब में बदल गई।
सीवर लाइन जरूरी है, लेकिन सड़क खोदकर छोड़ देना विकास नहीं है। बच्चे जोखिम उठाकर निकल रहे है। मरीज को अस्पताल पहुंचाना मुश्किल हो रहा है।
-रामायण यादव, स्थानीय निवासी
मार्ग बदहाल होने से मेहमानों को बुलाने में भी शर्म आती है। कोई आना भी चाहता है तो बहाना बनाकर मना करना पड़ता है। कोई सुनने वाला नहीं है।
-अशोक बृजवासी, स्थानीय निवासी
घर के सामने इतना कीचड़ और दलदल है कि वाहन बाहर नहीं निकलता। वर्षा में बच्चों को स्कूल भेजना डरावना हो गया है। जिम्मेदारों को पहले रास्ता चलने लायक बनाना चाहिए।
-विद्या सागर, स्थानीय निवासी
सीवर लाइन बिछाने के बाद गली न बनने का मामला संज्ञान में आया है। नियमानुसार सिविल लाइन बिछाने के बाद तुरंत मार्ग को समतल कराया जाना चाहिए था। संबंधित विभाग से बात कर मार्ग निर्माण कराया जाएगा।
-दीपक सिंघनवाल,उपजिलाधिकारी लोनी