फतेहपुर में गोश्त की वजह से कर दी थी हत्या, दोषी को आजीवन कारावास
फतेहपुर के थरियांव में गोश्त खरीदने के दौरान हुए विवाद में शेर अली की चाकू मारकर हत्या करने वाले चमन को अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। यह घटन ...और पढ़ें

HighLights
गोश्त खरीदने के विवाद में शेर अली की हत्या हुई।
दोषी चमन को आजीवन कारावास और 25 हजार जुर्माना।
घटना 11 अप्रैल 2024 को थरियांव, फतेहपुर में हुई।
जागरण संवाददाता, फतेहपुर। कस्बा थरियांव स्थित राजू की गोश्त की दुकान पर हुए झगड़े के बाद शेर अली को चाकू घोंपकर मौत के घाट उतारने वाले चमन को अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुना दी। अदालत ने दोषी पर 25 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
यह घटना थरियांव थाना क्षेत्र अंतर्गत कस्बा स्थित राजू की गोश्त की दुकान की 11 अप्रैल 2024 की दोपहर साढ़े 12 बजे की है। गोश्त खरीदने के दौरान कस्बे के ही शेर अली व चमन के बीच झगड़ा हो गया, गुस्से में चमन ने गोश्त काटने वाले चाकू घोंपकर शेर अली की हत्या कर दी और फरार हो गया। घटना के बाद पुलिस ने दोषी को गिरफ्तार कर लिया और उसकी निशानदेही आलाकत्ल चाकू को बरामद घटना से थोड़ी दूर पर बरामद कर लिया था।
इस मामले की अंतिम सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट नंबर दो के पीठासीन अधिकारी अजय सिंह प्रथम ने की। गवाहों के बयान और साक्ष्यों के आधार पर दोषी चमन को सश्रम आजीवन कारावास की सजा सुना दी। अदालत ने दोषी पर 25 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अभियोजन पक्ष की ओर से शासकीय अधिवक्ता फौजदारी अजय कुमार सिंह व रणधीर सिंह ने तर्क रखे। अभियोजन की तरफ से सात गवाह परीक्षित कराए गए। दोषी घटना के बाद से जिला कारागार में ही था।
इधर, सीजेएम कोर्ट से मुकदमे का आदेश
सीजेएम आशुतोष द्वितीय की अदालत ने एक मुकदमे की सुनवाई कर कोतवाली पुलिस को मुकदमा के आदेश दिए। कांग्रेसी नेता पीड़ित राजेंद्र सिंह लोधी के अधिवक्ता आशीष गौड़ ने कोर्ट में साक्ष्य रखे । अधिवक्ता ने बताया कि राजेंद्र सिंह ने अपनी पत्नी सुनीता देवी के नाम नासिरपीर में जगह खरीदी थी। जिसमें सह खातेदार ने बाउंड्रीवाल बनाकर कब्जा कर रहा था। विरोध करने पर राजेंद्र को अपशब्द कहकर पीटा और मुकदमा भी दर्ज करा दिया। कोर्ट ने आरोपितों पर क्रास मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया है।