बिहार की तरह साफ होगी सपा! 2027 चुनाव पर बृजेश पाठक की बड़ी भविष्यवाणी, बताया- कैसे यूपी से खत्म होगा 'गुंडाराज'
उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने सपा पर गुंडाराज को बढ़ावा देने का आरोप लगाते हुए कहा कि यूपी की जनता अब ऐसी राजनीति खारिज कर चुकी है। उन्होंने भाजपा सरकार ...और पढ़ें

नि रीक्षण करते उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक
HighLights
बोले- बरेली जिला अस्पताल में हृदय रोग विशेषज्ञ की कमी दूर करने के लिए सरकार हेल्थ मिशन मोड में काम कर रही
जागरण संवाददाता, बरेली। उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने कहा कि सत्ता के संरक्षण में पले गुंडों को बढ़ावा देना समाजवादी पार्टी की पुरानी पहचान रही है, लेकिन अब उत्तर प्रदेश की जनता इस राजनीति को पूरी तरह खारिज कर चुकी है। जब-जब सपा सत्ता में रही, प्रदेश में गुंडाराज, अराजकता और भय का माहौल रहा।
इसके विपरीत आज उत्तर प्रदेश कानून-व्यवस्था, इंफ्रास्ट्रक्चर और निवेश के क्षेत्र में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल हो चुका है। आज यूपी को सुरक्षित प्रदेश–विकसित प्रदेश के रूप में पहचाना जा रहा है। सड़क, बिजली, पानी, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी मूलभूत सुविधाओं में भाजपा सरकार ने जनता का भरोसा जीता है। प्रदेश अब निवेशकों की पहली पसंद बनता जा रहा है।
पीरबहोड़ा अर्बन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के निरीक्षण के बाद डिप्टी सीएम बोले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गरीब कल्याण योजनाओं का लाभ सीधे जनता तक पहुंचा है। देश में 25 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर आए हैं और कोरोना काल से अब तक 80 करोड़ लोगों को निशुल्क राशन दिया जा रहा है।
यही वजह है कि आमजन का भरोसा भाजपा सरकार के साथ मजबूती से खड़ा है। सपा नेतृत्व को यह भली-भांति पता है कि उनकी राजनीति अब जमीन पर कमजोर पड़ चुकी है। इसी कारण वे जाति और भ्रम की राजनीति का सहारा लेकर चुनावी वैतरणी पार करना चाहते हैं, लेकिन यह वोट बैंक की राजनीति अब सफल नहीं होने वाली।
खबरें और भी

मतदाता सूची को लेकर लगाए जा रहे आरोपों को निराधार बताते हुए कहा गया कि भारत निर्वाचन आयोग पूरी पारदर्शिता के साथ प्रक्रिया पूरी कर रहा है। ड्राफ्ट मतदाता सूची उपलब्ध है और सभी राजनीतिक दल आयोग के निर्देशों का पालन कर रहे हैं। कहीं कोई गड़बड़ी नहीं है। जैसे बिहार की जनता ने जंगलराज को नकारा, वैसे ही उत्तर प्रदेश की जनता भी 2027 में सपा के गुंडाराज को सिरे से खारिज करेगी।

स्वास्थ्य सेवाओं पर बोलते हुए कहा गया कि सर्दी के मौसम में हृदय रोग के मामलों में वृद्धि होती है और बरेली जिला अस्पताल में हृदय रोग विशेषज्ञ की कमी है। इसे दूर करने के लिए सरकार हेल्थ मिशन मोड में काम कर रही है। उत्तर प्रदेश देश का पहला राज्य है, जहां विशेषज्ञ चिकित्सकों को पांच लाख रुपये तक वेतन देने की व्यवस्था की गई है।

2017 से पहले प्रदेश में केवल 17 सरकारी मेडिकल कालेज थे, जबकि आज यह संख्या बढ़कर 81 हो चुकी है। वन डिस्ट्रिक्ट, वन मेडिकल कालेज योजना से चिकित्सा सुविधाओं का तेजी से विस्तार हुआ है। चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग के लिए अलग आयोग के गठन को मंजूरी मिल चुकी है और जल्द ही भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाएगी।