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    बांदा में उफान पर चंद्रावल नदी, जलमग्न हुए गौरी-अमरा और पड़ोहरा रपटा; 35 गांवों का टूटा संपर्क

    Updated: Sun, 09 Aug 2026 12:07 PM (IST)

    महोबा व हमीरपुर में हुई बारिश के कारण चंद्रावल नदी बांदा के पैलानी क्षेत्र में उफान पर है, जिससे गौरी-अमरा और पड़ोहरा रपटे जलमग्न हो गए हैं। इसके चलते ...और पढ़ें

    बांदा में उफान पर चंद्रावल नदी।

    बांदा में उफान पर चंद्रावल नदी।

    HighLights

    1. महोबा-हमीरपुर बारिश से चंद्रावल नदी बांदा में उफान पर।

    2. गौरी-अमरा और पड़ोहरा रपटे जलमग्न, 35 गांवों का संपर्क टूटा।

    3. एसडीएम ने निरीक्षण कर होमगार्ड, गोताखोर व पुलिस बल लगाया।

    जागरण संवाददाता, बांदा। महोबा व हमीरपुर में बीते दिनों हुई बारिश का पानी चंद्रावल नदी में आने से पैलानी क्षेत्र में नदी उफान पर आ गई। जलस्तर बढ़ने से गौरी-अमरा और पड़ोहरा रपटा पूरी तरह जलमग्न हो गए हैं। दोनों रपटों पर आवागमन बंद होने से बरेहटा, अमारा, पड़ोहरा, भाथा, नादादेव, सिंधनकला, अमचौली, मड़ौलीखुर्द, गड़ौला समेत करीब 35 गांवों की ब्लॉक, तहसील और जिला मुख्यालय से राह प्रभावित हो गई है।

    चंद्रावल नदी महोबा से निकलकर हमीरपुर होते हुए बांदा के पैलानी क्षेत्र में पहुंचती है और यहां केन नदी में मिल जाती है। महोबा और हमीरपुर में हुई बारिश का पानी नदी के रास्ते पैलानी पहुंचने से जलस्तर बढ़ा है। रपटों के ऊपर कई फिट पानी बह रहा है। इससे ग्रामीणों की दिनचर्या प्रभावित होने के साथ किसान अपनी उपज बाजार तक नहीं पहुंचा पा रहे हैं।

    मरीजों, स्कूली बच्चों, नौकरीपेशा लोगों और रोजमर्रा के काम से आने-जाने वालों को भी परेशानी हो रही है। कई ग्रामीण जरूरी काम के लिए नाव का सहारा लेने को मजबूर हैं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पैलानी एसडीएम भूपेंद्र सिंह ने दोनों जलमग्न रपटों का निरीक्षण किया।

    उन्होंने बताया कि चार होमगार्ड और कई गोताखोर लाइफ जैकेट व नाव के साथ लगाए गए हैं। पुलिस बल भी तैनात किया गया है। उन्होंने निर्देश दिया कि नदी पार करने के लिए नाव का इस्तेमाल करने वाले लोग लाइफ जैकेट जरूर पहनें। ग्रामीणों से पानी में डूबे रपटों और तेज बहाव वाले स्थानों को पार न करने की अपील की गई है।

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    केन घट रही, यमुना में बढ़ाव

    शुक्रवार शाम चार बजे भूरागढ़ में केन नदी का जलस्तर 93.62 मीटर दर्ज किया गया, जो घट रहा है। चिल्लाघाट में यमुना का जलस्तर 86.15 मीटर रहा और इसमें बढ़ाव जारी है। केन का चेतावनी स्तर 103 और खतरे का स्तर 104 मीटर है। यमुना का चेतावनी स्तर 99 और खतरे का स्तर 100 मीटर निर्धारित है।

    उमस से परेशान रहे लोग 

    बांदा में जिले में शनिवार को दिनभर उमस भरी गर्मी ने लोगों को परेशान किया। अधिकतम तापमान 33 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हवा की गति करीब चार किलोमीटर प्रति घंटा रही। वातावरण में नमी 68 प्रतिशत से अधिक रही, जिससे गर्मी का असर बना रहा। आसमान में बादलों की आवाजाही के बावजूद बारिश नहीं हुई।

    मौसम विज्ञानी डॉ. दिनेश शाहा के अनुसार शनिवार को वर्षा 0.0 मिलीमीटर दर्ज की गई। बारिश न होने और हवा की धीमी गति के कारण लोगों को उमस से राहत नहीं मिल सकी।

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