राम मंदिर चढ़ावा चोरी: आरोपियों ने मांगे अभियाेजन के प्रपत्र, आरोप गठित करने की सुनवाई टली
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में आठों आरोपितों ने अभियोजन प्रपत्र मांगे, जिससे आरोप तय करने की सुनवाई टल गई।

राम मंदिर चढ़ावा चोरी के आरोपी।
HighLights
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में आरोपितों ने मांगे प्रपत्र।
अभियोजन प्रपत्रों की मांग से आरोप तय करने की सुनवाई टली।
न्यायालय ने 14 अक्टूबर को अगली सुनवाई निर्धारित की।
जागरण संवाददाता, अयोध्या। राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में अभियोजन की ओर से लगाए आरोपों से अपना बचाव करने के लिए आठों आरोपितों की ओर से उनके अधिवक्ता कुलशेखर सिंह ने अभियोजन प्रपत्र उपलब्ध कराये जाने की अर्जी न्यायालय में दी।
उन्होंने कहा कि प्रकरण में पुलिस ने बीती 23 सितंबर को आरोपपत्र प्रस्तुत कर दिया है। मामले में निष्पक्ष सुनवाई के लिए अभियोजन की ओर से विशेष न्यायाधीश भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम रजत वर्मा के न्यायालय में दाखिल प्रपत्र उन्हें मिले नहीं है।
आरोपितों का यह कानूनी अधिकार है कि उन्हें आरोपपत्र, केस डायरी एवं अभियोजन की ओर से भविष्य में साबित कराए जाने वाले प्रपत्र तथा अन्य आवश्यक प्रपत्र उपलब्ध कराये जाएं। इसके अभाव में वे अपना बचाव नहीं कर सकते हैं।
प्रकरण में न्यायालय ने बीती 23 सितंबर को ही आरोपपत्र पर संज्ञान लिया था और पत्रावली बुधवार को आरोप बनाए जाने हेतु नियत थी। हालांकि, आरोपितों की अर्जी से आरोप बनने की सुनवाई फिलहाल के लिए टल गई। न्यायालय ने आरोपित के अधिवक्ता को अभियोजन प्रपत्र दिलाए जाने के आदेश के साथ पत्रावली 14 अक्टूबर के लिए तय कर दी है।
