आज का पंचांग 4 सितंबर 2026: जन्माष्टमी पर बन रहे शुभ संयोग, नोट करें मुहूर्त, राहुकाल का समय और देखें पंचांग
आज 04 सितंबर 2026, शुक्रवार को भाद्रपद कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि और जन्माष्टमी का शुभ अवसर है। इस दिन ...और पढ़ें
-1788431755594_m.webp)
कृष्ण जन्माष्टी 2026 का पंचांग
आनंद सागर पाठक, एस्ट्रोपत्री। आज 04 सितंबर 2026, शुक्रवार का दिन है। आज भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि है। इसके अलावा आज जन्माष्टमी का भी शुभ अवसर है। शास्त्रों के अनुसार जन्माष्टमी का व्रत रखने वाले जातकों को इस पावन दिन से एक दिन पहले केवल एक ही बार भोजन ग्रहण करना चाहिए। व्रत वाले दिन सुबह के दैनिक कार्यों से निवृत्त होकर पूरे दिन का उपवास रखने का संकल्प लिया जाता है।
देखा जाए तो इस पावन व्रत का पारण अगले दिन रोहिणी नक्षत्र और अष्टमी तिथि के समाप्त होने के बाद ही किया जाता है। हालांकि, कुछ श्रद्धालु रोहिणी नक्षत्र या अष्टमी तिथि में से किसी एक के समाप्त होने पर भी व्रत खोलते हैं। प्रात:काल संकल्प लेने के साथ ही इस पवित्र उपवास की शुरुआत होती है। यह पावन पर्व जीवन में भक्ति, शांति और आत्मबल बढ़ाने का एक सुंदर संकेत देता है। आज जन्माष्टमी पर निशिता काल का मुहूर्त रात 11 बजकर 57 मिनट से लेकर 12 बजकर 43 मिनट (5 सितंबर) तक है।
आज का दिन भगवान श्रीकृष्ण की पूजा के लिए अत्यंत खास और शुभ माना जाता है। आइए जानते हैं शुक्रवार के पंचांग को आसान भाषा में।
तिथि: कृष्ण पक्ष की अष्टमी – मध्यरात्रि 12 बजकर 13 मिनट (5 सितंबर) तक, फिर नवमी तिथि
योग: हर्षण – दोपहर 03 बजकर 44 मिनट तक, फिर वज्र
करण: बालव – दोपहर 01 बजकर 20 बजे तक
करण: कौलव – मध्यरात्रि 12 बजकर 13 मिनट (5 सितंबर) तक, फिर तैतिल
सूर्य और चंद्रमा की स्थिति
सूर्योदय का समय: प्रातः 06:00 बजे
सूर्यास्त का समय: सायं 06:39 बजे
चंद्रोदय का समय: रात्रि 11:29 बजे
चंद्रास्त का समय: दोपहर 01:05 बजे (5 सितंबर)
सूर्य और चंद्रमा की राशियां
सूर्य देव: सिंह राशि में स्थित हैं
चन्द्र देव: वृषभ राशि में स्थित हैं
आज के शुभ मुहूर्त
अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 11 बजकर 55 मिनट से दोपहर 12 बजकर 45 मिनट तक
अमृत काल: रात्रि 08 बजकर 03 मिनट से रात्रि 09 बजकर 33 मिनट तक
आज के अशुभ समय
राहुकाल: प्रातः 10 बजकर 45 मिनट से दोपहर 12 बजकर 20 मिनट तक
गुलिकाल: प्रातः 07 बजकर 35 मिनट से प्रातः 09 बजकर 10 मिनट तक
यमगण्ड: दोपहर 03 बजकर 30 मिनट से सायं 05 बजकर 04 मिनट तक
आज का नक्षत्र
आज चंद्रदेव रोहिणी नक्षत्र में विराजमान रहेंगे।
रोहिणी नक्षत्र: रात्रि 11 बजकर 04 मिनट तक, फिर मृगशिरा
स्थान: 10°00’ वृषभ राशि से 23°20’ वृषभ राशि तक
नक्षत्र स्वामी: चंद्रदेव
राशि स्वामी: शुक्रदेव
देवता: ब्रह्मा या प्रजापति
प्रतीक: बैलगाड़ी का पहिया
सामान्य विशेषताएं: कलात्मक, रोमांटिक, कुशल व्यापारी, विलासी, जिद्दी, प्रभावशाली आंखें, ईमानदार, सत्यवादी, बातचीत में माहिर, एकाग्र और शांत मन।
यह भी पढ़ें- श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर ग्रहों का महासंयोग: जानें मेष से कन्या राशि पर कैसा रहेगा धन और समृद्धि का प्रभाव
यह भी पढ़ें- जन्माष्टमी 2026 पर बन रहे दुर्लभ ग्रह-योग का आपकी जेब पर क्या पड़ेगा असर? पढ़ें तुला से मीन राशि का हाल
यह दैनिक पंचांग Astropatri.com की तरफ से प्रस्तुत किया गया है। सुझाव या प्रतिक्रिया के लिए कृपया [email protected] पर संपर्क करें।
