विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 25, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

शेयर ट्रेडिंग की आड़ में चल रहा मैचों की ऑनलाइन बेटिंग का धंधा, पांच आरोपी गिरफ्तार; दो करोड़ बरामद

Updated: Thu, 25 Jan 2024 11:55 AM (IST)

शेयर ट्रेडिंग की आड़ में मैचों की ऑनलाइन बेटिंग करवाने वाले गिरोह का थाना डिवीजन नंबर आठ की पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इस मामले में लुधियाना ...और पढ़ें

शेयर ट्रेडिंग की आड़ में चल रहा मैचों की ऑनलाइन बेटिंग का धंधा
शेयर ट्रेडिंग की आड़ में चल रहा मैचों की ऑनलाइन बेटिंग का धंधा

HighLights

  1. शेयर ट्रेडिंग की आड़ में चल रहा मैचों की ऑनलाइन बेटिंग का धंधा
  2. मामले में पांच आरोपित गिरफ्तार
  3. आरोपियों से दो करोड़ बरामद

जागरण संवाददाता, लुधियाना। Ludhiana Crime News: शेयर ट्रेडिंग की आड़ में मैचों की ऑनलाइन बेटिंग करवाने वाले गिरोह का थाना डिवीजन नंबर आठ की पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इस मामले में लुधियाना के पांच आरोपितों को गिरफ्तार किया है। उनकी पहचान कुशल कुमार, संदीप सेठी, ओंकार उर्फ हनी, दिनेश कुमार और विवेक कुमार के रूप में हुई है।

94 लाख 37 हजार की नकदी बरामद

आरोपितों के कब्जे से एक करोड़ 94 लाख 37 हजार की नकदी, 19 मोबाइल, पांच लैपटाप, दो नोट गिनने वाली मशीनें और कम्प्यूटर सेट बरामद हुआ है। सभी आरोपितों को अदालत में पेश कर दो दिन के रिमांड पर लिया गया है और उनसे पूछताछ की जाएगी।

पुलिस को गिरोह के सरगना की तलाश है। ज्वाइंट सीपी सौम्या मिश्रा, एडीसीपी जसरूप कौर बाठ और थाना आठ के एसएचओ ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि ऑनलाइन शेयर ट्रेडिंग की आड़ में आरोपित लोगों से पैसे इन्वेस्ट करवाते हैं।

पैसा लिया भी कैश और कैश में ही करवाया इन्वेस्ट

सारा पैसा कैश लेकर और कैश में ही इन्वेस्ट करने वालों को देते थे। इसके साथ ही आरोपितों ने मैचों की ऑनलाइन बेटिंग का काम शुरू कर दिया है। आरोपितों को गिरोह का सरगना मैचों की आइडी देता है। फिर, उस आइडी में बेटिंग करने वालों को जोड़ना होता था। लोगों को वाट्सएप के जरिए लिंक भेजकर आरोपित अपने साथ जोड़ लेते थे।

लोगों को बैटिंग में फंसाया

वे कॉलिंग के जरिए भोले-भाले लोगों को शेयरों में पैसे लगाने के साथ-साथ बेटिंग करने के लिए बोलते थे। इसमें अगर पैसे लगाने वाला हार जाता था तो उसका फायदा इन ठगों को होता था। यही कारण है कि आरोपित ज्यादातर लोगों को हरा देते थे। वे करोड़ों रुपये का लेनदेन कैश में ही करते थे।

पुलिस ठगों का लिंक तलाशते हुए पहुंची बुकी तक

पुलिस ने फिरोज गांधी मार्केट में चल रहे फर्जी ट्रेडिंग के बारे में सूचना मिलने पर 11 फोन नंबरों को सर्विलांस पर लगाया हुआ था। इसके बाद पुलिस को ट्रेडिंग के फर्जीवाड़े का तो पता चला ही। साथ ही, इस फर्जीवाड़े में बुकियों के बड़े नेटवर्क के बारे में भी जानकारी मिली। आरोपित दो लाख रुपये लेकर आइडी खोलते हैं और रोजाना लाखों की कमाई करते हैं। फिलहाल इस मामले में पांच और लोगों की तलाश है। इनके लिंक दिल्ली तक हैं।

यह भी पढ़ें- पंजाब के 10.77 लाख लाभार्थियों को फिर मिलेगा राशन, पूर्व सैनिकों की विधवाओं के लिए CM भगवंत मान ने लिया ये खास फैसला

दुबई में बैठा किंगपिन

ऑनलाइन में बेटिंग करवा रहे ठग रोज सिर्फ लुधियाना में 10 करोड़ का कारोबार कर रहे हैं। किंगपिन बेशक दुबई में बैठा है, लेकिन इस नेटवर्क को दिल्ली से लेकर लुधियाना तक दो बड़े बुकी ऑपरेट कर रहे हैं। यही दोनों आइडी जनरेट करते हैं और मैचों पर लगने वाले पैसे को इधर से उधर सप्लाई करते हैं। इस नेटवर्क के किंगपिन ऑनलाइन ट्रेडिंग और बेटिंग एप्स को ऑपरेट करने के लिए ग्रेजुएट ठगों को हायर करते हैं।

कुशल के पास था ऑनलान बेटिंग का काम

आरोपित संदीप सेठी और दिनेश दोनों ही कॉमर्स में ग्रेजुएट हैं। वहीं कॉलिंग और पैसों की कलेक्शन के लिए 10वीं और 12वीं पास युवकों को रखते हैं। आरोपित ओंकार 12वीं पास है और कुशल और विवेक 10वीं पास हैं। इनमें से कुशल बड़ा खिलाड़ी है। ऑनलाइन बेटिंग का काम उसी के पास था। इन सभी को 50 हजार से दो लाख तक सैलरी मिलती थी।

यह भी पढ़ें- कोर्ट पहुंची जीजा-साले की 15 साल पुरानी लड़ाई, अमन अरोड़ा की सजा पर आज होगा फैसला; दो साल का मिला है कारावास