'वह हमारे प्रधान रहे हैं, अच्छे प्लेयर हैं', राजा वड़िंग को लेकर पंजाब कांग्रेस के नए चीफ परगट सिंह की प्रतिक्रिया
परगट सिंह को पंजाब कांग्रेस का नया अध्यक्ष नियुक्त किया गया है, जिन्होंने अपनी पहली प्रतिक्रिया में पंजाब के हकों की आवाज बनने का संकल्प लिया।

पद मिलने के बाद परगट सिंह का आया पहला बयान।
HighLights
परगट सिंह पंजाब कांग्रेस के नए अध्यक्ष नियुक्त
कहा, 'पंजाब के हकों की आवाज बनूंगा'
पार्टी को मजबूत करने और एकजुटता का आह्वान
डॉ सुमित सिंह श्योराण, चंडीगढ़। पंजाब की सियासत में अचानक से बड़ा फेरबदल हुआ है। अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग की जगह अब पूर्व हॉकी कप्तान एवं जालंधर कैंट से विधायक परगट सिंह को पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के नए अध्यक्ष के पद पर नियुक्त किया गया है।
परगट ने हाल ही में जिम्मेदारी मिलने के बाद अपनी पहली प्रतिक्रिया सोशल मीडिया के माध्यम से दी। एक बार फिर से जानकारी के लिए बता दें कि कांग्रेस ने शुक्रवार को अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग की जगह परगट सिंह को प्रदेश कांग्रेस की कमान सौंपी थी।
ये एक बड़ी जिम्मेदारी है
परगट सिंह ने फेसबुक पोस्ट के जरिए कांग्रेस हाईकमान का आभार जताते हुए कहा कि पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष की जिम्मेदारी उनके लिए केवल एक पद नहीं, बल्कि पंजाब के लोगों और पार्टी के प्रत्येक कार्यकर्ता के प्रति बड़ी जिम्मेदारी है।
उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, सोनिया गांधी, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, केसी वेणुगोपाल, पंजाब कांग्रेस प्रभारी सचिन पायलट और सभी वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं का उन पर भरोसा जताने के लिए दिल से धन्यवाद किया।
पूरी ईमानदारी से करेंगे काम
परगट सिंह ने कहा कि वह पूरी ईमानदारी, समर्पण और दृढ़ता के साथ पंजाब में कांग्रेस को मजबूत करने के लिए काम करेंगे। उन्होंने कहा कि उनकी कोशिश पंजाब के लोगों की आवाज बनने की होगी।
नवनियुक्त प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं से एकजुट होकर काम करने का आह्वान करते हुए कहा कि सभी मिलकर पंजाब के हकों, तरक्की और बेहतर भविष्य के लिए काम करें।
परगट सिंह की नियुक्ति 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले पंजाब कांग्रेस में हुए बड़े संगठनात्मक बदलाव के तौर पर देखी जा रही है।
राजा वडिंग को बताया टीम का अहम सदस्य
पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष परगट सिंह कहते हैं, "राजा वडिंग ने लगभग चार-पांच साल तक हमारे अध्यक्ष के तौर पर कड़ी मेहनत की और अच्छा काम किया, लेकिन संगठन में भूमिकाएं बदलना एक लगातार चलने वाली प्रक्रिया है—कल मैं सेक्रेटरी या जनरल सेक्रेटरी के तौर पर काम कर रहा था, और आज हम एक सामूहिक इकाई के रूप में काम करते हैं।
राजा जी हमारी टीम के एक अहम सदस्य हैं, और हमारे बीच किसी भी तरह के मतभेद या बंटवारे का कोई सवाल ही नहीं है; मैं सभी वरिष्ठ नेताओं का सम्मान करता हूं, वे मेरा सम्मान करते हैं, और हमारी एकमात्र प्राथमिकता और ध्यान पंजाब पर ही है..."
