ओडिशा में दफनाने के 45 दिन बाद कब्र से निकाली गई प्रभुदयाल की लाश, पत्नी ने जताई हत्या की आशंका
प्रभुदयाल टोप्पो की संदिग्ध मौत के डेढ़ महीने बाद उनकी पत्नी की शिकायत पर शव को कब्र से निकालकर जांच के लिए भेजा गया है। ...और पढ़ें
-1786286000104_m.webp)
कब्र से निकाला गया शव। (जागरण)
HighLights
प्रभुदयाल टोप्पो की संदिग्ध मौत के बाद डेढ़ महीने से जांच लंबित।
पत्नी की शिकायत पर शव कब्र से निकालकर फोरेंसिक जांच हेतु भेजा।
पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर गहन छानबीन शुरू की है।
संवाद सूत्र, बीरमित्रपुर। रायबोगा थाना अंतर्गत बड़माल गांव निवासी 33 वर्षीय प्रभुदयाल टोप्पो की 21 जून को संदिग्ध परिस्थिति में मौत हो गई थी।
लाश का पोस्टमार्टम किए बगैर गांव वालों के साथ उसे कब्रिस्तान में दफना दिया गया था। डेढ़ महीने बाद पत्नी ने हत्या की आशंका व्यक्त की एवं लिखित शिकायत के बाद रविवार को मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में लाश को कब्र से बाहर निकाला गया एवं नमूना संग्रह कर जांच के लिए भेजा गया है।
पुलिस के द्वारा हत्या का मामला दर्ज कर इसकी जांच शुरु की गई है। प्रभुदयाल की पत्नी सुषमा टोप्पो ने थाने में लिखित शिकायत की है कि 2018 में प्रभुदयाल की शादी हुई थी एवं छह साल की बेटी है।
वह बच्चे की पढ़ाई के लिए सास, ससुर एवं देवर के साथ हमीरपुर झरियागाड़ा में रहती है जबकि पति प्रभुदयाल गांव में रहता था।
गर्मी छुट्टी में वह गांव आयी थी एवं 22 जून को स्कूल खुलने के कारण 21 जून को राउरकेला चली आई थी। पति से उस दिन रात को मोबाइल पर बातचीत हुई।
सुबह कॉल करने पर रिसीव नहीं हुआ। तब पड़ोस में रहने वाली गीतिका से संपर्क कर प्रभुदयाल को देख कर आने को कहा। गीतिका उसके घर जाकर देखा कि प्रभुदयाल धूप में सोया था एवं शरीर से खून निकल रहा है।
इस संबंध में परिवार के लोगों को जानकारी दी एवं तुरंत गांव लौटे तब देखा कि वह बाहर खाट पर पड़ा था। 23 जून को गांववालों की सहायता से लाश को दफना दिया था।
तब पुलिस को सूचित नहीं कया गया था पर अब पता चल रहा है कि पति की हत्या की गई है। उसने इसकी जांच कर न्याय की गुहार लगाई है।
हत्या का मामला दर्ज
इसकी लिखित शिकायत के बाद रायबोगा पुलिस के द्वारा कांड संख्या- 151/2026 में हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरु की गई है।
रविवार को सुंदरगढ़ से फोरेंसिक टीम डॉ. रश्मिता सामल, प्रकाश त्रिपाठी, मजिस्ट्रेट चंदना महापात्र, हाथीबाड़ी आइआइसी गीतांजलि मीर्द्धा, जांच अधिकारी सुशांत कुमार जेना की मौजूदगी में घर के पास स्थित कब्रिस्तन से लाश को कब्र से बाहर निकाला गया एवं जांच के लिए सुंदरगढ़ भेजा गया।
खबरें और भी
उसके घर में जाकर भी छानबीन की गई। प्रभु दयाल की बहन प्रतिभा टोप्पाे कंधमाल जिले में पुलिस इंस्पेक्टर हैं, पिता आइजीएच के निदेशक पद से सेवानिवृत्त हुए हैं एवं भाई का उच्च शिक्षित हैं इसके बाद भी लाश का पोस्टमार्टम नहीं कराया गया था अब नए सिरे से जांच शुरु होने पर कई सवाल उठ रहे हैं।