विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 02, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

इजरायल में हिंदी को बढ़ावा देने को आगे आए भारतीय व्यवसायी

By Edited By:
Published: Mon, 02 Jun 2014 04:43 PM (IST)Updated: Mon, 02 Jun 2014 05:48 PM (IST)

इजरायल में हिंदी को बढ़ावा देने की दिशा में भारतीय व्यापारियों ने कदम बढ़ाया है। उन्होंने हिंदी सीख रहे छात्रों ...और पढ़ें

News Article Hero Image

तेल अवीव। इजरायल में हिंदी को बढ़ावा देने की दिशा में भारतीय व्यापारियों ने कदम बढ़ाया है। उन्होंने हिंदी सीख रहे छात्रों के लिए 33 हजार डॉलर (करीब 20 लाख रुपये) के अनुदान की घोषणा की है। इसकी घोषणा तेल अवीव यूनिवर्सिटी में आयोजित विश्व हिंदी दिवस समारोह के दौरान की गई।

इस अनुदान से यूनिवर्सिटी में हिंदी भाषा सीख रहे छात्रों को आगामी पांच सालों के दौरान मदद मिलेगी। वो भारत जाकर हिंदी भाषा को बेहतर तरीके से सीख सकेंगे। इसके लिए छात्रों का चयन लोकप्रिय टेलीविजन शो 'कौन बनेगा करोड़पति' की तर्ज पर 'कौन भारत जाएगा' के माध्यम से किया जाएगा। यह अनुदान भारतीय हीरा विनिमय व्यापारियों द्वारा दिया जाएगा। भारतीय हीरा समुदाय के प्रमुख रंजीत बारमेजा ने कहा कि यह हमारे लिए गर्व की बात है कि इजरायल में बहुत लोग हमारी राष्ट्र भाषा सीख रहे हैं। भारतीय संस्कृति के प्रति इस तरह का उत्साह देखना खुशी की बात है। उन्होंने कहा कि इजरायल में उभरते हुए भारत को बढ़ावा देने का यह एक प्रयास है।

पढ़े: हिंदी में है शब्दकोष की कमी

हिंदी के संयुक्त राष्ट्र की भाषा बनने पर खर्च होंगे 82 करोड़