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सहारा ग्रुप के 20 लाख लंबित दावों का जल्द होगा निपटारा, सहकारिता मंत्रालय ने दी जानकारी

Published: Wed, 09 Sep 2026 12:05 AM (IST)

सहारा समूह की चार सहकारी समितियों के वास्तविक जमाकर्ताओं के रिफंड दावों की प्रक्रिया फिर से शुरू हो गई है, जिसमें सीआरसीएस-सहारा रिफंड पोर्टल को दोबारा सक्रिय किया गया है।

सहारा ग्रुप के 20 लाख लंबित दावों का जल्द होगा निपटारा

सहारा ग्रुप के 20 लाख लंबित दावों का जल्द होगा निपटारा

HighLights

  1. सहारा रिफंड पोर्टल पुनः सक्रिय, लंबित दावों का निपटारा शुरू

  2. 20 लाख लंबित आवेदनों का सत्यापन, वास्तविक जमाकर्ताओं को लाभ

  3. अब तक 41 लाख जमाकर्ताओं को 9,267 करोड़ रुपये का रिफंड

जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। सहारा समूह की चार सहकारी समितियों के वास्तविक जमाकर्ताओं के रिफंड दावों की प्रक्रिया फिर शुरू हो गई है। सीआरसीएस-सहारा रिफंड पोर्टल को दोबारा चालू कर दिया गया है। पोर्टल पर करीब 20 लाख आवेदन अभी लंबित हैं, जिनका अब सत्यापन कर रिफंड की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।

20 लाख लंबित आवेदनों का सत्यापन

सहकारिता मंत्रालय के अनुसार, अब तक 41,56,711 जमाकर्ताओं को 9,267 करोड़ रुपये उनके आधार से जुड़े बैंक खातों में सीधे लौटाए जा चुके हैं। रिफंड की पूरी प्रक्रिया आनलाइन और सत्यापन के आधार पर की जा रही है, ताकि वास्तविक जमाकर्ताओं को ही उनकी पात्र राशि मिल सके।

सहारा सहकारी समितियों से जुड़ी कुछ प्रशासनिक और तकनीकी समस्याओं के कारण नवंबर 2025 से रिफंड दावों के सत्यापन की व्यवस्था पर असर पड़ रहा था। समितियों के कार्यालयों से जुड़ी दिक्कतों के अलावा आइटी ढांचे, जरूरी लाइसेंस, हार्डवेयर, रख-रखाव और कर्मचारियों से संबंधित समस्याएं भी सामने आई थीं।

41 लाख जमाकर्ताओं को मिला रिफंड

सहकारिता मंत्रालय और केंद्रीय सहकारी समितियों के पंजीयक (सीआरसीएस) ने संबंधित अधिकारियों के साथ समन्वय कर इन बाधाओं को दूर कर लिया है, जिसके बाद रिफंड की व्यवस्था फिर से शुरू हो सकी।

रिफंड के लिए जमाकर्ता के आधार ई-केवाईसी, सदस्यता और खाते से जुड़े विवरणों का संबंधित सहकारी समितियों के उपलब्ध रिकार्ड से मिलान किया जाएगा। जमा प्रमाण-पत्र, रसीद और जरूरी दस्तावेजों की भी जांच होगी।

सत्यापन पूरा होने के बाद पात्र राशि सीधे जमाकर्ता के आधार से जुड़े बैंक खाते में भेजी जाएगी। व्यवस्था कागज-रहित और पूरी तरह डिजिटल है। सरकार ने 18 जुलाई 2023 को सीआरसीएस-सहारा रिफंड पोर्टल शुरू किया था। मंत्रालय ने अनधिकृत माध्यमों से बचने और निर्धारित दस्तावेजों के साथ ही दावा प्रस्तुत करने को कहा है।