विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यूपी में सर्पदंश से मौत पर बवाल, NHRC ने देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को जारी किया नोटिस

Published: Wed, 09 Sep 2026 02:00 AM (IST)

राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने उत्तर प्रदेश में सर्पदंश से एक युवक की मौत हो जाने के बाद सभी राज्य सरकारों और केंद्र शासित प्रदेशों को नोटिस जारी किए हैं।

सर्पदंश से हुई मौत पर NHRC ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को भेजा नोटिस (सांकेतिक तस्वीर)

सर्पदंश से हुई मौत पर NHRC ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को भेजा नोटिस (सांकेतिक तस्वीर)

HighLights

  1. चित्रकूट जिले के अस्पताल में लापरवाही और जीवन रक्षक आपातकालीन सुविधाओं की कमी से हुई मौत

  2. शिकायतकर्ता ने की थी आयोग से हस्तक्षेप करने की मांग, ताकि जिम्मेदार चिकित्सकों पर हो सके कार्रवाई

पीटीआई, नई दिल्ली। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने उत्तर प्रदेश में सर्पदंश से एक युवक की मौत हो जाने के बाद सभी राज्य सरकारों और केंद्र शासित प्रदेशों को नोटिस जारी किए हैं।

आयोग ने यह कदम उत्तर प्रदेश में चित्रकूट जिले के एक अस्पताल में लापरवाही और जीवन रक्षक आपातकालीन सुविधाओं की कमी के कारण सर्पदंश से एक युवक की मौत हो जाने की शिकायत के बाद उठाया है।

शिकायतकर्ता का आरोप है कि सर्पदंश के तुरंत बाद पीड़ित को जिले के स्वास्थ्य केंद्र ले जाने के बावजूद उसे समय पर आपातकालीन उपचार नहीं मिला। इसमें ‘एंटी-स्नेक वेनम’ (सर्प विषरोधी दवा) और वेंटिलेटर या गहन चिकित्सा कक्ष में भर्ती करना शामिल है।

इसके बजाय उसे बिना आवश्यक आपातकालीन ट्रांजिट सहायता के प्रयागराज रेफर कर दिया गया, जिससे रास्ते में ही उसकी मौत हो गई।

अधिकारियों ने मंगलवार को बताया कि शिकायतकर्ता का आरोप है कि मुख्य जिला अस्पताल में जीवन रक्षक जरूरी मेडिकल आपूर्ति का न होना संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत स्वास्थ्य और जीवन के मौलिक अधिकार का उल्लंघन है।

शिकायतकर्ता ने आयोग से हस्तक्षेप करने की मांग की ताकि इसके लिए जिम्मेदार चिकित्सकों और अधिकारियों के खिलाफ निष्पक्ष जांच का आदेश दिया जा सके।

राज्य सरकार को सभी जिला अस्पतालों में एएसवी की अनिवार्य उपलब्धता और आपातकालीन सहायता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया जा सके और पीड़ित के परिवार को उचित आर्थिक मुआवजा दिलाया जा सके।