Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 26, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    भारत में नक्सली हिंसा 81% घटी, सुरक्षा बलों की मौतों में 85% की कमी; गृह राज्य मंत्री ने बताए आंकड़े

    Updated: Wed, 26 Mar 2025 10:54 PM (IST)

    केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने बताया कि देश में नक्सली हिंसा में 81% और नागरिकों व सुरक्षा बलों की मौतों में 85% की कमी आई है। सरकार की बह ...और पढ़ें

    भारत में नक्सली हिंसा में ऐतिहासिक गिरावट, सुरक्षा बलों की बड़ी सफलता। (फाइल फोटो)
    भारत में नक्सली हिंसा में ऐतिहासिक गिरावट, सुरक्षा बलों की बड़ी सफलता। (फाइल फोटो)

    पीटीआई, नई दिल्ली। केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने बुधवार को राज्यसभा में कहा कि देश में नक्सली हिंसा में 81 प्रतिशत की कमी आई है, जबकि नागरिकों और सुरक्षा बलों की मौतों में 85 प्रतिशत की कमी आई है।

    उन्होंने कहा कि वामपंथी उग्रवाद के खतरे से समग्र रूप से निपटने के लिए सरकार ने वर्ष 2015 में राष्ट्रीय नीति और कार्य योजना को मंजूरी दी है। इसमें सुरक्षा संबंधी उपायों, विकास की पहल, स्थानीय समुदायों के अधिकारों को सुनिश्चित करने आदि को शामिल करते हुए एक बहुआयामी रणनीति की परिकल्पना की गई है।

    'हिंसा में लगातार कमी आई'

    नित्यानंद राय ने कहा कि नीति के दृढ़ कार्यान्वयन के परिणामस्वरूप हिंसा में लगातार कमी आई है और इसका भौगोलिक विस्तार सीमित हुआ है। वामपंथी उग्रवादियों द्वारा हिंसा की घटनाएं जो 2010 में अपने उच्चतम स्तर 1,936 पर पहुंच गई थीं, 2024 में घटकर 374 रह गई हैं, यानी 81 प्रतिशत की कमी आई है। इस अवधि के दौरान कुल मौतों (नागरिक एवं सुरक्षा बल) की संख्या भी 85 प्रतिशत घटकर 2010 में 1,005 से 2024 में 150 हो गई है।

    मंत्री ने कहा कि पिछले छह वर्षों के दौरान वामपंथी उग्रवादियों द्वारा हिंसा की घटनाएं जो 2019 में 501 थीं, 2024 में घटकर 374 रह गई हैं, यानी 25 प्रतिशत की कमी आई है। उन्होंने कहा कि इस अवधि के दौरान कुल मौतों (नागरिकों और सुरक्षा बलों) की संख्या भी 26 प्रतिशत घटकर 2019 में 202 से 2024 में 150 हो गई है।

    खबरें और भी

    सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं के लिए फीडिंग व चेंजिंग रूम

    महिला एवं बाल विकास राज्य मंत्री सावित्री ठाकुर ने बताया कि केंद्र ने राज्यों, केंद्र शासित प्रदेशों और कुछ केंद्रीय मंत्रालयों को सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं और बच्चों के लिए फी¨डग और चें¨जग रूम बनाने का निर्देश दिया है, ताकि माताओं की पहुंच और सुविधा में सुधार हो सके।

    महिला और बाल विकास मंत्रालय ने सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय, नागरिक उड्डयन मंत्रालय, रेलवे बोर्ड और राज्य सरकारों को पत्र लिखकर ऐसी सुविधाएं उपलब्ध कराने को कहा है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने बताया है कि विभिन्न हवाई अड्डों पर कुल 312 फीडिंग और चेंजिंग रूम बनाए गए हैं। इनमें भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (एएआइ) के तहत 164 और गैर-एएआइ हवाई अड्डों पर 148 हैं।

    6,37,221 सहकारी समितियां क्रियाशील: सहकारिता मंत्री

    अमित शाह ने कहा कि राष्ट्रीय सहकारी डाटाबेस के अनुसार देश में कुल 8.32 लाख सहकारी समितियां हैं। एक मार्च, 2025 तक कुल 8,32,103 सहकारी समितियों में से 6,37,221 क्रियाशील हैं और 45,811 परिसमापन चरण में हैं। 1.50 लाख से अधिक सहकारी समितियां गैर-कार्यात्मक हैं। परिसमापन का तात्पर्य किसी कंपनी को बंद करने और उसकी संपत्तियों को लेनदारों और मालिकों में बांटने से है।

    यह भी पढ़ें: गैर-NEP राज्यों का फंड रोकने पर संसदीय समिति ने बताया अनुचित, तमिलनाडु, केरल और बंगाल के आवंटन पर रोक